facebookmetapixel
स्वच्छ ऊर्जा से बढ़ी उपज, कोल्ड स्टोरेज ने बदला खेलBharat Coking Coal IPO: 9 जनवरी से खुलेगा 2026 का पहल आईपीओ, प्राइस बैंड तय; फटाफट चेक करें डिटेल्सउत्तर प्रदेश की चीनी मिलें एथनॉल, बायोगैस और विमानन ईंधन उत्पादन में आगे₹1,550 तक का टारगेट! PSU stock समेत इन दो शेयरों पर BUY की सलाहRBI MPC की नजर आर्थिक आंकड़ों पर, ब्याज दर में आगे की रणनीति पर फैसलाAdani Green के Q3 रिजल्ट की तारीख-समय तय, जानें बोर्ड मीटिंग और निवेशक कॉल की पूरी डिटेलStock Market Update: आईटी शेयरों पर दबाव से बाजार में कमजोरी, सेंसेक्स 110 अंक टूटा; निफ्टी 26300 के नीचे फिसलाTata Technologies Q3 रिजल्ट 2026: तारीख आ गई, इस दिन आएंगे तिमाही नतीजे2026 में भारतीय बैंकिंग पर आशावादी नजर, विदेशी निवेश और ऋण वृद्धि के संकेत2025 में म्युचुअल फंडों ने तोड़ा रिकॉर्ड, शुद्ध इक्विटी खरीद 4.9 लाख करोड़ तक पहुंची

भारत हरित विकास और ऊर्जा क्षेत्र में परिवर्तन के लिए बड़ी कोशिश कर रहा : पीएम मोदी

गोवा में जी-20 देशों के ऊर्जा मंत्रियों की बैठक में पीएम मोदी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन को रोकने की दिशा में भारत ने अपनी नेतृत्व क्षमता का प्रदर्शन किया है।

Last Updated- July 22, 2023 | 11:57 AM IST
Prime Minister Narendra Modi

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि भारत हरित विकास और ऊर्जा क्षेत्र में परिवर्तन की दिशा में उल्लेखनीय प्रयास कर रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश मजबूती के साथ अपनी जलवायु प्राथमिकताओं को पूरा करने की दिशा में बढ़ रहा है।

गोवा में जी-20 देशों के ऊर्जा मंत्रियों की बैठक को वीडियो कांफ्रेंस के जरिए संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन को रोकने की दिशा में भारत ने अपनी नेतृत्व क्षमता का प्रदर्शन किया है।

उन्होंने कहा, ‘‘भारत हरित विकास और ऊर्जा क्षेत्र में परिवर्तन की दिशा में उल्लेखनीय प्रयास कर रहा है। भारत सबसे अधिक आबादी वाला देश और सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था है। फिर भी हम अपनी जलवायु प्रतिबद्धताओं को पूरा करने की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ रहे हैं।’’

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘हमने गैर-जीवाश्म आधारित विद्युत क्षमता लक्ष्य नौ साल पहले ही हासिल कर लिया। हमने बड़ा लक्ष्य निर्धारित कर रखा है। हमारी योजना 2030 तक गैर-जीवाश्म स्रोत से 50 प्रतिशत बिजली पैदा करने की क्षमता हासिल करना है।’’ उन्होंने कहा कि दुनिया उन्नत, टिकाऊ, किफायती, समावेशी और स्वच्छ ऊर्जा परिवर्तन के लिए जी20 देशों की तरफ देख रही है।

मोदी ने कहा, ‘‘ऐसा करते समय, यह महत्वपूर्ण है कि ‘ग्लोबल साउथ’ (दक्षिणी गोलार्ध के विकासशील देश) में हमारे भाई-बहन पीछे न रहें। हमें विकासशील देशों के लिए कम लागत वाली वित्तीय सहायता सुनिश्चित करनी चाहिए।’’

प्रधानमंत्री ने कहा, “हमें प्रौद्योगिकी के अंतर को पाटने के तरीके खोजने चाहिए, ऊर्जा सुरक्षा को बढ़ावा देना चाहिए और आपूर्ति श्रृंखलाओं में विविधता लाने पर काम करना चाहिए।” उन्होंने भविष्य में ईंधन के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत करने का आह्वान किया।

First Published - July 22, 2023 | 11:57 AM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट