facebookmetapixel
सुकन्या समृद्धि योजना के 11 साल पूरे! कैसे इसकी मदद से आप अपनी बेटी के लिए ₹72 लाख का फंड बना सकते हैं?Budget 2026: मैन्युफैक्चरिंग, डिफेंस से लेकर MSME तक; उद्योग जगत इस साल के बजट से क्या चाहता है?Cipla Q3FY26 Results: मुनाफा 57% घटकर ₹676 करोड़, अमेरिकी कारोबार में कमजोरी से झटका; शेयर 3.7% फिसलेZerodha के इस म्युचुअल फंड से अब मिनटों में निकाल सकेंगे पैसा, शुरू हुई 24×7 इंस्टेंट विदड्रॉल सुविधाअदाणी स्टॉक्स में बड़ी गिरावट, अमेरिका से आई खबर ने मचाई खलबली; 9% तक लुढ़केगौतम अदाणी पर अमेरिकी शिकंजा: समन न पहुंचा तो SEC ने अदालत से मांगी वैकल्पिक अनुमतिगोल्ड सिल्वर रेशियो ने दिया संकेत, क्या चांदी की तेजी अब थकने वाली है? एक्सपर्ट्स से समझिए42% चढ़ सकता है महारत्न कंपनी का शेयर, ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट; Q3 में ₹4011 करोड़ का हुआ मुनाफाईरान की ओर बढ़ रहा है ‘विशाल सैन्य बेड़ा’, ट्रंप ने तेहरान को फिर दी चेतावनीदुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत

अमेरिकी अदालत ने बैजू के खिलाफ 1 अरब डॉलर हर्जाने का आदेश पलटा

बताया जा रहा है कि बैजू रवींद्रन अब इस आचरण के खिलाफ ग्लास ट्रस्ट और अन्य के खिलाफ आगे की कार्रवाई करने पर विचार कर रहे हैं।

Last Updated- December 11, 2025 | 8:57 AM IST
Byju's

विभिन्न संकटों का सामना कर रही एडटेक फर्म बैजूस के संस्थापक बैजू रवींद्रन की कानूनी टीम ने बताया है कि डेलावेयर अदालत ने इस साल 20 नवंबर को दिए गए फैसले को पलट दिया है। अदालत ने रवींद्रन की याचिका पर सुनवाई करते हुए उनके द्वारा प्रस्तुत नए आवेदनों को ध्यान में रखकर 1 अरब डॉलर के हर्जाने के फैसले को पलट दिया है।

उनकी टीम ने कहा कि अदालत इस बात से सहमत है कि हर्जाने का निर्धारण नहीं किया गया था और रवींद्रन के खिलाफ दावों से संबंधित किसी भी हर्जाने का निर्धारण करने के लिए जनवरी 2026 की शुरुआत में एक नया चरण शुरू करने का आदेश दिया है।

कानूनी टीम ने आरोप लगाया कि ग्लास ट्रस्ट और ऋणदाताओं ने जानकारी छिपाई अथवा उसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया। उन्होंने अदालत और आमलोगों को गुमराह किया, जिससे एडटेक फर्म के कारोबार पर प्रतिकूल असर पड़ा। नतीजतन, करीब 85,000 लोगों की नौकरियां चली गईं, जिसका असर सीधे 25 करोड़ विद्यार्थियों पर पड़ा और अरबों डॉलर का उद्यम मूल्य बरबाद हो गया। बताया जा रहा है कि बैजू रवींद्रन अब इस आचरण के खिलाफ ग्लास ट्रस्ट और अन्य के खिलाफ आगे की कार्रवाई करने पर विचार कर रहे हैं।

बैजू रवींद्रन के मुकदमा सलाहकार माइकल मैकनट ने कहा, ‘न्यायालय के फैसला पलटने को कम करके नहीं आंका जा सकता है। बैजू रवींद्रन को वादी (ग्लास ट्रस्ट कंपनी एलएलसी) को एक भी डॉलर का हर्जाना देने के लिए उत्तरदायी नहीं पाया गया है।’

First Published - December 11, 2025 | 8:57 AM IST

संबंधित पोस्ट