facebookmetapixel
Budget 2026: कैपेक्स और रोजगार पर जोर, टैक्स कलेक्शन व विनिवेश बने रहेंगे चुनौतीदेश की अर्थव्यवस्था का रिपोर्ट कार्ड! Budget से पहले आएगा इकोनॉमिक सर्वे, जानें क्या है इसकी अहमियतBudget 2026: अहम तारीखें, इकोनॉमिक सर्वे और लाइव कवरेज; बजट से जुड़ी हर जरूरी जानकारीMarket This Week: FIIs की बिकवाली और सुस्त नतीजों से सहमा बाजार, सेंसेक्स-निफ्टी 2.5% टूट; निवेशकों के ₹16 लाख करोड़ डूबेJSW Steel Q3 Results: मुनाफा तीन गुना से ज्यादा बढ़कर ₹2,400 करोड़ के पार, कुल आय ₹46,264 करोड़ परसुकन्या समृद्धि योजना के 11 साल पूरे! कैसे इसकी मदद से आप अपनी बेटी के लिए ₹72 लाख का फंड बना सकते हैं?Budget 2026: मैन्युफैक्चरिंग, डिफेंस से लेकर MSME तक; उद्योग जगत इस साल के बजट से क्या चाहता है?Cipla Q3FY26 Results: मुनाफा 57% घटकर ₹676 करोड़, अमेरिकी कारोबार में कमजोरी से झटका; शेयर 3.7% फिसलेZerodha के इस म्युचुअल फंड से अब मिनटों में निकाल सकेंगे पैसा, शुरू हुई 24×7 इंस्टेंट विदड्रॉल सुविधाअदाणी स्टॉक्स में बड़ी गिरावट, अमेरिका से आई खबर ने मचाई खलबली; 9% तक लुढ़के

Tata Motors-JLR की तमिलनाडु परियोजना; 2 महीने के भीतर होगी शुरू, बनेंगे प्रीमियम वाहन

करीब 9,000 करोड़ रुपये की इस परियोजना की आधार​शिला सितंबर तक रखे जाने की उम्मीद है।

Last Updated- July 28, 2024 | 9:38 PM IST
Tata Motors-JLR की तमिलनाडु परियोजना; 2 महीने के भीतर होगी शुरू, बनेंगे प्रीमियम वाहन, Tata Motors-JLR Tamil Nadu project to get a move within two months

जगुआर लैंड रोवर (जेएलआर) के इले​​क्ट्रिक वाहनों के लिए तमिलनाडु निर्यात केंद्र बनेगा। इसे बनाने की टाटा मोटर्स की कार्य योजना पटरी पर आ रही है। करीब 9,000 करोड़ रुपये की इस परियोजना की आधार​शिला सितंबर तक रखे जाने की उम्मीद है। पहली बार किसी प्रीमियम वाहन को असेंबल किए जाने के बजाय पूरी तरह से भारत में ही बनाया जाएगा। नई इकाई 12 से 18 महीने के भीतर चालू हो जाएगी।

कंपनी और राज्य पहले ही रानीपेट जिले में पनपक्कम के पास 400 एकड़ से ज्यादा की जमीन तय कर चुके हैं। यह परियोजना चेन्नई-बेंगलूरु औद्योगिक गलियारे को जोड़ेगी और होसुर और चेन्नई के बीच कड़ी के रूप में काम करेगी। चेन्नई से करीब 90 किलोमीटर दूर इस जगह का फायदा यह है कि संयंत्र स्थल चेन्नई और एन्नोर बंदरगाहों के निकट होगा। कई सूत्रों के अनुसार इसका शिलान्यास समारोह अगले दो महीनों के भीतर होने की उम्मीद है।

एक सूत्र ने बताया कि इस क्षेत्र में किसी सामान्य नई परियोजना को चालू होने में आम तौर पर 12 से 18 महीने लगते हैं। इस तरह यह प्रतिष्ठित परियोजना साल 2025 के अंत या साल 2026 की शुरुआत में पूरी होने की संभावना है। उम्मीद है कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन इसकी आधारशिला रखेंगे। टाटा मोटर्स के अधिकारी ने बताया कि कंपनी को अभी यह तय करना है कि इस इकाई में क्या बनाया जाएगा।

पिछले महीने बिजनेस स्टैंडर्ड ने खबर दी थी कि टाटा मोटर्स निर्यात के लिए जेएलआर से इलेक्ट्रिफाइड मॉड्यूलर आर्किटेक्चर (ईएमए) पर आधारित भारत में निर्मित मॉडल के साथ-साथ ईएमए आर्किटेक्चर पर आधारित टाटा ईवी के वाहन लेकर आएगी। इन मॉडलों की विस्तृत जानकारियों का अब भी पता नहीं हैं। हाल ही में फ्रांस की वाहन विनिर्माता सित्रां ने भी भारत में निर्मित ईवी का अंतरराष्ट्रीय बाजारों में निर्यात
किया है।

तेल-गैस इंजन वाले वाहनों के लिहाज से पुणे में जेएलआर का संयंत्र पहले से ही रेंज रोवर वेलार, इवोक, जगुआर एफ-पेस और डिस्कवरी स्पोर्ट के कंपलीटली नॉक-डाउन (सीकेडी) वाहनों का विनिर्माण कर रहा है। किसी वाहन को असेंबल किए जाने में वाले हिस्सों को सीकेडी कहा जाता है। इस संयंत्र ने अब रेंज रोवर और रेंज रोवर स्पोर्ट को भी अपनी उत्पादन लाइन में जोड़ा है।

उद्योग के विशेषज्ञों का मानना ​​​​है कि टाटा मोटर्स अपने खुद के आपूर्तिकर्ताओं को लाने के अलावा ह्युंडै मोटर इंडिया और रेनॉ निसान ऑटोमोटिव इंडिया के मौजूदा तंत्र पर निर्भर रह सकती है।

First Published - July 28, 2024 | 9:34 PM IST

संबंधित पोस्ट