रियल एस्टेट

कार से कंक्रीट तक: मर्सिडीज, BMW की नजर भारत के रियल एस्टेट पर, लग्जरी हाउसिंग में शुरू होगी नई रेस

मामले से अवगत सूत्रों के अनुसार मर्सिडीज बेंज गुरुग्राम में एक लक्जरी ब्रांडेड रिहायशी परियोजना के लिए पहले से ही कई डेवलपरों से बातचीत कर रही है

Published by
रोशिनी शेखर   
शाइन जेकब   
Last Updated- December 30, 2025 | 10:08 PM IST

लक्जरी वाहन कंपनी मर्सिडीज बेंज और बीएमडब्ल्यू की नजरें भारतीय रियल एस्टेट क्षेत्र पर टिकी हुई हैं और वे प्रमुख जगहों पर कई डेवलपरों के साथ बातचीत कर रही हैं। उद्योग के अंदरूनी सूत्रों ने कहा कि लैम्बोर्गिनी परिवार की भारतीय रियल एस्टेट बाजार में दिलचस्पी के बाद से यह रुझान बढ़ा है। संकेत मिलता है कि 2026 में इस तरह के सौदों में तेजी दिख सकती है।

मामले से अवगत सूत्रों के अनुसार मर्सिडीज बेंज गुरुग्राम में एक लक्जरी ब्रांडेड रिहायशी परियोजना के लिए पहले से ही कई डेवलपरों से बातचीत कर रही है। एक सूत्र ने कहा कि बीएमडब्ल्यू भी भारतीय समूहों के साथ बातचीत कर रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है वह किसी ब्रांडेड परियोजना के लिए बातचीत कर रही है अथवा अपनी क्रिएटिव डिजाइन सलाहकार फर्म डिजाइनवर्क्स के लिए। डिजाइनवर्क्स रियल एस्टेट क्षेत्र को भी अपनी सेवाएं देती है।

बिज़नेस स्टैंडर्ड ने पिछले महीने खबर दी थी कि टोनिनो लैम्बोर्गिनी स्पा की मुंबई और चेन्नई में दो रियल एस्टेट डेवलपरों के साथ बातचीत अंतिम चरण में है। इसकी स्थापना फेरुसियो लैम्बोर्गिनी (कार कंपनी के संस्थापक) के बेटे टोनिनो लैम्बोर्गिनी ने की थी। मर्सिडीज बेंज की वैश्विक स्तर पर ऐसी दो परियोजनाएं हैं जिनमें से एक दुबई में और दूसरी फ्लोरिडा के मियामी में है। बीएमडब्ल्यू ने वैश्विक स्तर पर फिलहाल कोई ब्रांडेड रिहायशी परियोजना शुरू नहीं की है।

नोएसिस कैपिटल एडवाइजर्स के मुख्य कार्याधिकारी नंदीवर्धन जैन ने कहा, ‘लैम्बोर्गिनी परिवार द्वारा भारत में संभावनाएं तलाशे जाने से निश्चित तौर पर बातचीत में तेजी आई है। मैं आधिकारिक तौर पर किसी खास ब्रांड के बारे में कुछ नहीं कह सकता, मगर इतना बता सकता हूं कि कुछ लक्जरी वाहन फर्मों की प्रीमियम वेलनेस ब्रांड कूट्योर लेबल और यूरोपीय डिजाइन स्टूडियो में दिलचस्पी बढ़ी है। उनमें से कई प्रमुख ब्रांडेड रिहायशी परियोजनाओं के लिए भारतीय डेवलपरों के साथ शुरुआती बातचीत पहले से ही कर रहे हैं।’

बीएमडब्ल्यू और मर्सिडीज बेंज को भेजे गए सवालों का खबर लिखे जाने तक कोई जवाब नहीं आया।

ब्रांडेड रिहायशी परियोजनाओं की संख्या के लिहाज से भारत फिलहाल दुनिया में छठे स्थान पर है। कुल वैश्विक आपूर्ति में भारत का योगदान करीब एक चौथाई है और वह वैश्विक संभावित परियोजनाओं के लिहाज से दसवें पायदान पर है। भारत में इस क्षेत्र में मौजूद प्रमुख कंपनियों में फोर सीजन्स, द रिट्ज कार्लटन, मैरियट, अरमानी कासा, वर्साचे होम, ट्रंप परिवार, हयात, पुलमैन, आईटीसी और हिल्टन शामिल हैं।

भारती मेराकी के संस्थापक और प्रबंध निदेशक अरुण भारती अरुणाचलम ने कहा, ‘डेवलपरों की नजर अब ब्रांडों पर है क्योंकि इससे लक्जरी श्रेणी के ग्राहकों के सामने नई पहचान दिखती है। साथ ही इससे सेवा में भी एक खास गुणवत्ता सुनिश्चित होती है।’

विशेषज्ञों के अनुसार भारत अब अमेरिका, यूएई, थाईलैंड और वियतनाम जैसे देशों की जमात में शामिल हो गया है जो पारंपरिक तौर पर ब्रांडेड रिहायशी बाजार हैं। सैविल्स ब्रांडेड रेजिडेंसेस 2025-26 रिपोर्ट में कहा गया है कि एशिया प्रशांत क्षेत्र में ब्रांडेड रेजिडेंसी की आपूर्ति पिछले पांच वर्षों में 55 फीसदी बढ़ी है। इसमें भारत को वियतनाम और थाईलैंड के साथ प्रमुख योगदानकर्ताओं में से शामिल किया गया है। हाल में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड (आईएचसीएल) ने चेन्नई में ताज ब्रांडेड रेजिडेंसी की भी घोषणा की है।

नोएसिस कैपिटल एडवाइजर्स के अनुसार, मुंबई, दिल्ली एनसीआर, बेंगलूरु, हैदराबाद और चेन्नई जैसे महानगर बाजारों में डेवलपर अपनी शुरुआती रफ्तार बढ़ा रहे हैं। भुवनेश्वर, चंडीगढ़, अहमदाबाद, गोवा और सूरत जैसे बड़े शहरों अथवा प्रमुख महानगरों से 2 घंटे की ड्राइव वाली जगह ब्रांडेड रेजीडेंसी के लिए लोकप्रिय हो रही हैं।

नाइट फ्रैंक की एक रिपोर्ट में ब्रांडेड रेजिडेंसी परियोजनाओं की संख्या 2011 में 169 से बढ़कर 2025 में 611 होने का हवाला दिया गया है। उसमें कहा गया है कि 2030 तक यह आंकड़ा 1,000 के पार पहुंचने की उम्मीद है।

First Published : December 30, 2025 | 10:08 PM IST