facebookmetapixel
अमेरिका का सख्त कदम, 13 देशों के लिए $15,000 तक का वीजा बॉन्ड जरूरीवेनेजुएला के तेल उद्योग पर अमेरिका की नजर: ट्रंप बोले- अमेरिकी कंपनियों को मिल सकती है सब्सिडीस्टॉक स्प्लिट का ऐलान: इस रियल्टी कंपनी के शेयर 15 जनवरी से होंगे स्प्लिट, जानें डिटेलStock Market Today: वेनेजुएला संकट के बीच एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख, जानें कैसी होगी शेयर बाजार की शुरुआतStocks To Watch Today: ONGC से Adani Power तक, आज बाजार में इन स्टॉक्स पर रहेगी नजरमजबूत फंडामेंटल के साथ शेयर बाजार में बढ़त की उम्मीद, BFSI क्षेत्र सबसे आगे: रमेश मंत्रीअमेरिकी प्रतिबंधों से वेनेजुएला की तेल अर्थव्यवस्था झुलसी, निर्यात पर गहरा असर; भारत का आयात भी घटाबांग्लादेश ने IPL के प्रसारण पर लगाया प्रतिबंध, एक्सपर्ट बोले: इस फैसले से कुछ ज्यादा फर्क नहीं पड़ेगादिल्ली दंगा साजिश केस में उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत देने से सुप्रीम कोर्ट ने किया इनकारGrok विवाद में X को सरकार ने दी 72 घंटे की और मोहलत, महिलाओं व बच्चों की तस्वीरों पर केंद्र सख्त

Johnson & Johnson को बेबी पाउडर बनाने और बेचने की मिली इजाजत, HC ने महाराष्ट्र सरकार के आदेश को किया रद्द

Last Updated- January 11, 2023 | 1:57 PM IST
Johnson & Johnson
Shutter Stock

बॉम्बे हाईकोर्ट ने जॉनसन एंड जॉनसन (Johnson & Johnson) कंपनी को अपना बेबी पाउडर बनाने, उसका वितरण करने और बेचने की अनुमति देते हुए बुधवार को, कंपनी का लाइसेंस रद्द करने के महाराष्ट्र सरकार के आदेश को सख्त बताया तथा उसे खारिज कर दिया।

न्यायमूर्ति गौतम पटेल और न्यायमूर्ति एस जी दिगे की पीठ ने कंपनी को बेबी पाउडर का उत्पादन करने, उसका वितरण करने तथा उसे बेचने की अनुमति दे दी।

पीठ ने कंपनी की राज्य सरकार के दो आदेशों को चुनौती देने वाली एक याचिका पर यह आदेश पारित किया। राज्य सरकार के दो आदेशों में से एक, एक 15 सितंबर, 2022 को कंपनी का लाइसेंस रद्द करना और दूसरा 20 सितंबर, 2022 को बेबी पाउडर के निर्माण और बिक्री को तुरंत रोकने का आदेश था।

व्यवस्था देते हुए पीठ ने कहा कि कॉस्मेटिक उत्पादों के लिए गुणवत्ता और सुरक्षा संबंधी मानकों को बनाए रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है, लेकिन किसी एक उत्पाद में इनका मामूली विचलन होने पर पूरी उत्पादन प्रक्रिया को बंद करना उचित नहीं लगता।

अदालत ने आदेश में कहा ‘‘कार्यकारी एक चींटी को मारने के लिए हथौड़े का इस्तेमाल नहीं कर सकता। क्या यह हमेशा अपरिहार्य है कि जब किसी उत्पाद का, (निर्धारित मानदंडों से) विचलन या गैर-अनुपालन का एक मामला हो, तो नियामक प्राधिकरण के पास एकमात्र विकल्प, उत्पादन करने वाली कंपनी का लाइसेंस रद्द कर देना होता है ? पीठ ने कहा ‘‘यह हमें सख्त प्रतीत होता है। ऐसा लगता है कि कार्यकारी कार्रवाई में खामी अथवा अतार्किकता है।

ऐसा कुछ भी नहीं है जिससे पता चले कि एफडीए (राज्य खाद्य एवं औषधि प्रशासन) ने याचिकाकर्ता कंपनी के किसी अन्य उत्पाद के लिए या किसी अन्य कंपनी के लिए इस तरह का कड़ा रुख अपनाया है। उच्च न्यायालय ने अपनी व्यवस्था में सरकारी आदेशों को रद्द कर दिया और कंपनी को बेबी पाउडर उत्पादों के निर्माण, वितरण और बिक्री की अनुमति दे दी।

First Published - January 11, 2023 | 1:51 PM IST

संबंधित पोस्ट