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नए एसएमएस नियम नहीं मानने वालों पर नजर

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Last Updated- December 12, 2022 | 6:41 AM IST

भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) अनचाही कॉल और टेक्स्ट मैसेज पर लगाम लगाने के लिए जल्द ही उन डिफॉल्टरों की सूची जारी कर सकता है, जिन्होंने नए नियमों का पालन नहीं किया। यह माना जा रहा है कि ट्राई लागू नए एसएमएस नियमों की निगरानी कर रहा है। इसके जल्द ही उन कंपनियों की सूची प्रकाशित करने की संभावना है, जिन्होंने नियमों का पालन नहीं किया है।
अनचाही कॉल का मुद्दा करीब एक पखवाड़े पहले 9 मार्च को सुर्खियों में आया था। उस समय ट्राई ने बैंकिंग, भुगतान एवं अन्य लेनदेन में एसएमएस और वन-टाइम पासवर्ड में बड़ी दिक्कत पैदा होने के बाद वाणिज्यिक टेक्स्ट मैसेज के लिए लागू नए नियम एक सप्ताह के लिए टाल दिए थे।
इसने 12 मार्च को बैंकों, ई-कॉमर्स कंपनियों और अन्य को टेलीमार्केटिंग के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए तीन दिन का समय दिया। ऐसा नहीं करने पर उनके ग्राहकों को वाणिज्यिक मैसेज भेजने पर रोक लगा दी जाएगी। इस बीच ट्राई ने दूरसंचार ऑपरेटरों को अंकुश की प्रक्रिया शुरू करने और उन मैसेज का डेटाबेस तैयार करने को कहा है, जो नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं।
ट्राई ने एक बयान में कहा था, ‘उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा के लिए यह फैसला लिया गया है कि दूरसंचार सेवा प्रदाताओं के अनचाहे एसएमएस पर अंकुश की प्रक्रिया को सात दिन के लिए अस्थायी रूप से स्थगित रखा जाएगा।’ हाल के नियम ब्लॉकचेन तकनीक पर आधारित हैं, जिनका मकसद अनचाहे और फर्जी मैसेज पर रोक लगाना है। इन नियमों के तहत वाणिज्यिक टेक्स्ट मैसेज भेजने वाली वास्तविक कंपनियों को मैसेज का हेडर एवं टैंपलेट दूरसंचार ऑपरेटरों के पास पंजीकृत कराना होगा। जब उपयोगकर्ता कंपनियां (बैंक, भुगतान कंपनियां) एसएमएस या ओटीपी भेजेंगी तो उनकी ब्लॉकचेन प्लेटफॉर्म पर पंजीकृत टेंपलेट से तुलना कर जांच की जाएगी। इस प्रक्रिया को एसएमएस स्क्रबिंग नाम दिया गया है। दूरसंचार ऑपरेटरों ने कहा था कि भुगतान एवं अन्य कंपनियों ने नियम लागू होने के बाद भी आवश्यक कदम नहीं उठाए।
ट्राई ने कहा था, ‘यह पाया गया है कि कुछ मुख्य कंपनियों ने दूरसंचार वाणिज्यिक संचार ग्राहक प्राथमिकता नियमन, 2018 की अनिवार्यताओं का पालन नहीं किया है। इसके नतीजतन दूरसंचार सेवा प्रदाताओं के एसएमएस की छंटनी को लागू करने से एमएसएस बंद हो गए।’ इस प्रक्रिया का प्रकाशन ट्राई ने दूरसंचार वाणिज्यिक संचार ग्राहक प्राथमिकता नियमन, 2018 के तहत 19 जुलाई, 2018 को किया था और ये नियमन 28 फरवरी, 2019 को लागू हुए थे। जब 8 मार्च को छंटनी के नियम को लागू किया गया तो बहुत सी कंपनियों ने ट्रैफिक में गिरावट को लेकर शिकायत की, जिसके बाद ट्राई ने प्रक्रिया एक सप्ताह आगे बढ़ा दी।
नियामक ने कहा, ‘ट्राई एक बार फिर सभी प्रेषक या उद्यम, निजी एवं सरकारी संस्थाओं से आग्रह करता है कि जो अपने ग्राहकों को बड़ी तादाद में मैसेज भेजने के लिए दूरसंचार संसाधनों का इस्तेमाल कर रहे हैं, वे तत्काल नियामकीय जरूरतों का पालन करें।’

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First Published - March 23, 2021 | 11:21 PM IST

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