facebookmetapixel
Advertisement
विकास के अगले चरण के लिए भूमि व कारोबारी माहौल में सुधार जरूरी: प्रधानमंत्री मोदी तमिलनाडु में सरकार के 100 दिन, एमजीआर की याद दिला रहे विजयपश्चिम बंगाल में कारोबार को बढ़ावा, नई सरकार के पहले 100 दिन में निवेश पर जोर1991 के आ​र्थिक सुधारों से उद्योग को मिला प्रतिस्पर्धा का भरोसा, औद्योगिक और व्यापार नीति में तालमेल बिठाना जरूरीऑफर फॉर सेल के जरिये जुटाई गई रकम में उफान, LIC का अहम योगदानQ1 Results: लिस्टेड कंपनियों के मुनाफे में 16% की तेज बढ़त, BFSI और मेटल सेक्टर का बड़ा योगदानRBI के फैसले से बैंकों में हलचल, FCNR(B) जमा जुटाने की रफ्तार बढ़ीबाजार हलचल: प्री-आईपीओ शेयर, नया SLB कॉन्ट्रैक्ट और UPI नियम पर नजरजुलाई में बायोकॉन बनी MF की पसंदीदा स्मॉल-कैप खरीद, ₹3,300 करोड़ का निवेशराजस्व और मार्जिन के मोर्चे पर अपोलो से आगे मैक्स, मरीजों की बढ़ती संख्या से ग्रोथ को सहारा

आईपीएल की पिच पर बॉलीवुड चित

Advertisement
Last Updated- December 10, 2022 | 10:15 PM IST

मंदी से परेशान बॉलीवुड के लिए नया खतरा सामने आ गया है।
18 अप्रैल से शुरू हो रहे इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) ट्वेंटी-20 टूर्नामेंट की वजह से फिल्मों का प्रदर्शन टाला जा रहा है। खतरा भांपकर बड़े बैनर की फिल्मों के प्रदर्शन की तारीख तो पहले ही बदल दी गई थी, अब मझोले और कम बजट की 25 फिल्में भी उन्हीं के रास्ते पर कदम बढ़ाने जा रही हैं।
तकरीबन 150 से 180 करोड़ रुपये की कुल लागत से बन रही ये फिल्में अब अप्रैल या मई में नहीं बल्कि जून में ही थियेटरों में नजर आएंगी। दरअसल इन फिल्मों के निर्माताओं को डर सता रहा है कि आईपीएल की वजह से इनकी फिल्मों को अपेक्षित दर्शक नहीं मिल पाएंगे। ऐसे में छोटे बजट की फिल्मों के प्रचार पर 4 से 6 करोड़ रुपये का दाव लगाने के लिए सही वक्त नहीं है।
मझोले बजट की फिल्म बनाने वाली कंपनी परसेप्ट के प्रबंध निदेशक शैलेंद्र सिंह कहते हैं, ‘बाजार की हालात पहले ही अनिश्चित बनी हुई है। इसके चलते हमें अपनी योजनाएं फिर से बनानी पड़ रही हैं। इस वक्त फिल्म बनाने के लिए पैसा जुटाना मुश्किल हो गया है।’
लेकिन प्रीतीश नंदी की दूसरी फिल्म कंपनी गुरिल्ला फ्लिक्स से जुड़े फिल्मकार अरिंदम मित्रा कहते हैं, ‘यह सही है कि इस वक्त फिल्मों के प्रचार से कदम पीछे खींचे जा रहे हैं लेकिन आगे ऐसा नहीं रहने वाला है।’
यह बजट आम तौर पर छोटे बजट की फिल्में बनाने के लिए ही जाना जाता है और इनकी फिल्मों की रिलीज भी अब मई-जून के बाद ही ही होगी। कुछ निर्माता सीधे डीवीडी के जरिये ही फिल्म रिलीज करने पर भी गंभीरता से सोच रहे हैं।
‘भेजा फ्राई’ जैसी फिल्म बनाने वाले निर्माता सुनील दोषी कहते हैं, ‘पिछले आठ महीनों में फिल्मों के सैटेलाइट अधिकार अच्छी कीमत पर नहीं बिक पा रहे हैं। डीटीएच से भी मनमाफिक मुनाफा नहीं मिल रहा है। ऐसे में डीवीडी पर रिलीज करना बेहतर विकल्प साबित हो सकता है क्योंकि देश भर में 5 करोड़ से भी ज्यादा डीवीडी प्लेयर हैं।’
दोषी मनमोहन शेट्टी के बैनर वॉक वाटर के साथ मिलकर पांच फिल्में बना रहे हैं। लेकिन परसेप्ट के शैलेंद्र सिंह कहते हैं, ’35 करोड़ रुपये के बजट से बनने वाली हमारी फिल्म ‘8 बाय 10 तस्वीर’ पर काफी कुछ दांव पर लगा है। यह जरूर है कि मंदी की मार अब बॉलीवुड को अपनी चपेट में ले रही है।’
पर्दे पर अंधेरा
मंदी के बाद आईपीएल डरा रहा है बॉलीवुड को
150 से 170 करोड़ रुपये के बजट की 25 फिल्में अटकीं
प्रचार पर पैसा खर्च करने से कतरा रहे हैं प्रोडक्शन हाउस
डीवीडी पर फिल्म रिलीज करने की सोच रहे हैं कुछ निर्माता

Advertisement
First Published - March 31, 2009 | 8:11 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement