भारतीय IT कंपनियों ने हर ₹1 निवेश पर निवेशकों को ₹5 लौटाए, मुनाफे का बड़ा हिस्सा शेयरधारकों को बांटा
भारत का आईटी उद्योग नकदी के ढेर पर बैठा है मगर अपनी कमाई को नई परियोजनाओं या अधिग्रहण में लगाने का बहुत इच्छुक नहीं रहा है। वह मुनाफे का बड़ा हिस्सा लाभांश और शेयर पुनर्खरीद के जरिये शेयरधारकों को वितरित करता रहा है। पिछले दस वर्षों में भारत की शीर्ष आईटी कंपनियों ने अपने परिचालन […]
Q1Results: कंपनियों का मुनाफा बढ़ा, लेकिन मुख्य आय कमजोर; अन्य आय और एकमुश्त लाभ बना सहारा
चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के शुरुआती नतीजों से अर्थव्यवस्था में कमजोर मांग का पता चलता है। इसके साथ ही यह भी संकेत मिलता है कि कंपनी जगत लाभप्रदता बढ़ाने के लिए अन्य और गैर-मुख्य आय पर अधिक निर्भर है। शुरुआती नतीजों में शामिल कंपनियों की शुद्ध बिक्री (बैंकों के मामले में सकल […]
RIL Q1FY26 results: रिलायंस ने कमाया रिकॉर्ड मुनाफा, जियो और रिटेल कारोबार से मिला मजबूत सपोर्ट
रिलायंस इंडस्ट्रीज (आरआईएल) ने चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में उम्मीद से बेहतर मुनाफा कमाया। वित्त वर्ष 2026 की पहली तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 78.3 फीसदी बढ़ा। एशियन पेंट्स में हिस्सेदारी बेचने से करीब 9,000 करोड़ रुपये की एकमुश्त कमाई होने से कंपनी का मुनाफा बढ़ा है। हालांकि वित्त वर्ष 2026 […]
बाजार एकीकरण से कंपनियों का मुनाफा बढ़ा, मूल्य निर्धारण में मिली मजबूती
हाल के वर्षों में कंपनी जगत ने मूल्य निर्धारण में अपनी ताकत का प्रदर्शन किया है जिसके परिणामस्वरूप कच्चे माल और ईंधन की कीमतों में उतार-चढ़ाव और आय वृद्धि में मंदी के बावजूद कई क्षेत्रों में मुनाफा मार्जिन में वृद्धि हुई है। महामारी के बाद की अवधि में मार्जिन विस्तार सबसे अधिक स्पष्ट रहा है। […]
डिविडेंड से कमाई के मामले में अदाणी-अंबानी नहीं, यह परिवार हैं टॉप पर; 1 साल में कमाए ₹9,906 करोड़
वित्त वर्ष 2025 में सूचीबद्ध कंपनियों से सबसे ज्यादा लाभांश कमाने वाले प्रवर्तकों में एचसीएल टेक्नॉलजीज के प्रवर्तक शिव नादर शीर्ष पर रहे। इस दौरान नादर परिवार ने 9,906 करोड़ रुपये की कमाई के साथ विप्रो के अजीम प्रेमजी को पीछे छोड़ दिया। एक साल पहले नादर को लाभांश से 8,585 करोड़ रुपये की आय […]
निर्माण में बूम के बावजूद सीमेंट कंपनियों के राजस्व में कमी, बिक्री में 6.9% की गिरावट; 20 साल में पहली बार मंदी
भारत के सीमेंट उद्योग को निर्माण क्षेत्र में शानदार विस्तार के बावजूद अपनी बिक्री और राजस्व बढ़ाने के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। सूचीबद्ध और गैर-सूचीबद्ध सीमेंट निर्माताओं, जिनके वित्त वर्ष 2025 के आंकड़े उपलब्ध हैं, का संयुक्त राजस्व सालाना आधार पर 6.9 फीसदी घटा है। यह पिछले साल की 8.7 फीसदी वृद्धि के […]
भारत-अमेरिका बॉन्ड यील्ड में फासला घटा, रुपये पर बढ़ा दबाव
हाल के वर्षों में भारत में ब्याज दरें नीचे रहने से रुपये की सेहत पर असर पड़ा है। पिछले कुछ वर्षों में अमेरिका और भारत में ब्याज दरों में अंतर लगातार घटता गया जिसकी वजह से डॉलर की तुलना में रुपये में निरंतर गिरावट आई है। पिछले एक साल के दौरान भारत और अमेरिका के […]
GDP के मुकाबले कमजोर पड़ी कंपनियों की ग्रोथ: क्यों घट रहा है कॉरपोरेट इंडिया का दबदबा?
वित्त वर्ष 2025 में लगातार दूसरे साल कंपनी जगत की आय में बढ़ोतरी की रफ्तार सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि के मुकाबले काफी सुस्त रही है। इस दौरान बीएस1000 कंपनियों की संयुक्त आय में 6.4 फीसदी की वृद्धि हुई जो 9.8 फीसदी की नॉमिनल जीडीपी वृद्धि के मुकाबले करीब एक तिहाई कम है। इसी […]
Grasim Industries की पेंट व्यवसाय की तेजी से इंडियन पेंट कंपनियों की चमक फीकी
एवी बिड़ला समूह की प्रमुख कंपनी ग्रासिम इंडस्ट्रीज की घरेलू डेकोरेटिव पेंट व्यवसाय में दस्तक इस उद्योग की मौजूदा कंपनियों की चमक फीकी कर रही है। उसकी वजह से पिछले चार साल में सूचीबद्ध पेंट कंपनियों के बाजार पूंजीकरण और इक्विटी मूल्यांकन में बड़ी गिरावट आई है। यह अलग बात है कि मौजूदा कंपनियों का […]
Dividend Income: FY25 में कंपनियों ने जमकर दिया डिविडेंड, मुनाफे में कमी के बावजूद निवेशकों में बांट दिये ₹5 लाख करोड़
Dividend Income: पिछले वित्त वर्ष में आय और मुनाफा नरम रहने के बावजूद भारतीय कंपनी जगत ने अपने शेयरधारकों को ज्यादा डिविडेंड (Dividend) का भुगतान किया है। देश की प्रमुख सूचीबद्ध कंपनियों का कुल डिविडेंड भुगतान वित्त वर्ष 2025 में 5 लाख करोड़ रुपये रहा जो वित्त वर्ष 2024 के 4.52 लाख करोड़ रुपये से […]









