facebookmetapixel
Stock Market Crash: बजट में निर्मला सीतारमण ने ऐसा क्या किया, जो लुढ़क गया बाजार ?6 साल में आधे से भी कम हुआ बजट भाषण का समय, जानें बीते सालों में हर साल कितने घंटे की रही स्पीचBudget 2026: ‘SHE मार्ट्स’ से लेकर लाखपति दीदी तक, बजट में महिलाओं के लिए क्या-क्या हुआ ऐलान?Budget 2026: फल और मसालों पर सरकार का जोर, आत्मनिर्भरता व निर्यात से बढ़ेगी किसानों की आयबजट 2026 में AI को लेकर कई बड़े ऐलान- जानें क्या है खासBudget 2026: कैंसर की दवा सस्ती, नया ‘बायोफार्मा शक्ति’ मिशन!, हेल्थ केयर को लेकर बजट में और क्या-क्या?Defence Budget 2026: डिफेंस बजट बढ़कर ₹7.84 लाख करोड़, एयरोस्पेस सेक्टर को बड़ी राहतBudget 2026: विदेश पढ़ाई और इलाज वालों को बड़ी राहत, बजट में TCS 5% से घटकर 2%Budget 2026: शेयर बायबैक पर अब कैपिटल गेन, छोटे निवेशकों को होगा ज्यादा फायदा; समझेंBudget 2026: क्या सस्ता हुआ और क्या महंगा? विदेशी यात्रा से लेकर शेयर ट्रेडिंग तक जानें सब कुछ

TRAI ने 2022 में 32 हजार स्पैम कॉलरों पर जड़ा ताला, मिली 9.04 लाख शिकायतें

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार कोविड महामारी के बाद अनचाही कॉल आने का सिलसिला बढ़ गया था।

Last Updated- July 26, 2023 | 10:30 PM IST
spam calls

सरकार ने 2022 में लगभग 32,032 गैर-पंजीकृत टेलीमार्केटर्स (UTM) पर ताला जड़ दिया। इससे पहले सरकार ने 2021 में 15,382 यूटीएम को बंद कर दिया था। बुधवार को संसद में यह जानकारी दी गई।

भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) उन व्यावसायिक संवादों को यूटीएम मानता है जो एक्सेस प्रोवाइडर्स जैसे रिलांयस जियो, भारती एयरटेल, वोडाफोन आइडिया और बीएसएनएल में टेलीमार्केटिंग इकाई के रूप में पंजीकृत नहीं हैं।

अनचाही कॉल आने की शिकायतों के बाद दूरसंचार कंपनियों को ट्राई के अवांछित व्यावसायिक संवाद (UCC) पर जारी दिशानिर्देशों के अनुसार यूटीएम के खिलाफ कार्रवाई करना जरूरी है।

टेलीकॉम कमर्शियल कम्युनिकेशन कस्टमर प्रेफरेंस रेग्यूलेशन, 2018 (टीसीसीसीपीआर-2018) के अंतर्गत तीसरी बार दिशानिर्देशों के उल्लंघन के बाद टेलीमार्केटिंग कनेक्शन दो से तीन वर्षों के लिए काट दिया जाएगा और संबंधित यूटीएम को काली सूची में डाल दिया जाएगा।

2022 में ट्राई को यूटीएम के खिलाफ मिली थीं 9.04 लाख शिकायतें

2022 में ट्राई को यूटीएम के खिलाफ 9.04 लाख शिकायतें मिली थीं। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार कोविड महामारी के बाद अनचाही कॉल आने का सिलसिला बढ़ गया था। 2020 में ट्राई को केवल 3.02 ऐसी शिकायतें मिली थीं।

दूरसंचार कंपनियां या एक्सेस प्रोवाइडर को शिकायतें मिलने के बाद यूटीएम को चेतावनी देनी पड़ती है और कॉल एवं मेसेज भेजने की सीमा (यूजेज कैप) तय करनी होती है। नियमों का बार-बार उल्लंघन होने की स्थिति में यूटीएम की सेवाएं बंद कर दी जाती हैं। यूजेज कैप का मतलब है कि यूटीएम को एक दिन में किसी टेलिफोन नंबर से अधिकतम 20 कॉल और 20 टेक्स्ट मेसेज भेजने की ही इजाजत होती है।

साल 2022 में दूरसंचार कंपनियों ने 77,213 टेलीमार्केटर्स पर यूजेज कैप लगा दी थी और उन्हें एक दिन में केवल 20 कॉल करने की ही इजाजत दी गई। इसकी तुलना में 2021 में 54,865 और 2020 में 15,112 टेलीमार्केटर पर यूजेज कैप लगाई गई थी।

तय किए गए हैं प्रावधान

टेलीमार्केटिंग इकाइयों को दूरसंचार कंपनियों द्वारा संचालित डिस्ट्रीब्यूटेड लेजर टेक्नोलॉजी (डीएलटी) प्लेटफॉर्म पर स्वयं को पंजीकृत करना पड़ता है। ये प्लेटफॉर्म कॉल करने वाली इकाइयों की पहचान एवं प्रारूप (टेमप्लेट) रखने एवं उनके प्रबंधन से जुड़ी डिजिटल प्रणाली से लैस होते हैं।

कारोबारी प्रतिष्ठान की विशेष हेडर एवं मेसेज टेमप्लेट्स- तक पहुंच हो सकती है। हेडर एवं मेसेज टेमप्लेट्स कीवर्ड होते हैं जो किसी कारोबार या ब्रांड की पहचान होते हैं। ये हेडर एवं मेसेज टेमप्लेट्स तब स्क्रीन पर आते हैं जब फोन उपभोक्ता मेसेज प्राप्त करता है।

समस्या तब शुरू होती है जब कानूनी तौर पर प्रिंसिपल एंटिटीज के तौर पर वर्गीकृत ये कारोबारी इकाइयां ग्राहकों आदि को एसएमएस भेजने के लिए किसी टेलीमार्केटर से एकमुश्त शॉर्ट मेसेजिंग सर्विस (एसएमएस) खरीद लेती हैं।

इस साल के शुरू में ट्राई ने टेलीमार्केटिंग कंपनियों एवं अनचाहे संदेश भेजने वाले लोगों के खिलाफ मुहिम तेज कर दी थी। ट्राई ने टीएसपी को अपने डीएलटी प्लेटफॉर्म को दुरुस्त करने और सभी गैर-सत्यापित टेलीमार्केटर खातों को ब्लॉक करने के लिए कहा था।

First Published - July 26, 2023 | 10:30 PM IST

संबंधित पोस्ट