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त्योहारी मांग और नीतिगत समर्थन से ऑटो सेक्टर रिकॉर्ड पर, यात्री वाहन बिक्री ने बनाया नया इतिहास

अक्टूबर-दिसंबर 2025 में यात्री वाहनों की घरेलू थोक बिक्री बढ़कर 12.7 लाख वाहन हो गई। यह पिछले वर्ष की इसी तिमाही की तुलना में 20.6 प्रतिशत की वृद्धि है

Last Updated- January 13, 2026 | 11:05 PM IST
Auto Sales

भारत के यात्री वाहन (पीवी) उद्योग ने वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में अब तक का सबसे मजबूत तिमाही और कैलेंडर वर्ष का प्रदर्शन दर्ज किया है। इसकी वजह नीतिगत समर्थन, बेहतर खरीद क्षमता और त्योहारी खरीद की मजबूत रफ्तार के बल पर उपभोक्ता मांग में सुधार रही।

सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सायम) के आंकड़ों के अनुसार अक्टूबर-दिसंबर 2025 में यात्री वाहनों की घरेलू थोक बिक्री बढ़कर 12.7 लाख वाहन हो गई। यह पिछले वर्ष की इसी तिमाही की तुलना में 20.6 प्रतिशत की वृद्धि है। इस वजह से तीसरी तिमाही इस खंड के लिए अब तक की सबसे अधिक बिक्री वाली बन गई। इस दौरान त्योहारी मौसम के कारण यूटिलिटी वाहन, यात्री कार और वैन का आकर्षण मजबूत बना रहा।

कैलेंडर वर्ष 2025 के प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए सायम के अध्यक्ष शैलेश चंद्रा ने कहा कि पहली छमाही धीमी रहने और आपूर्ति पक्ष की चुनौतियों के बावजूद यह वर्ष ‘भारतीय ऑटोमोबाइल उद्योग के लिए उल्लेखनीय वर्ष’ साबित हुआ। उन्होंने कहा कि आयकर राहत, रीपो दर में लगातार कटौती और जीएसटी 2.0 की पेशकश सहित कई संरचनात्मक नीतिगत उपायों ने अनुकूल मांग का माहौल बनाने में मदद की।’

चंद्रा ने कहा, ’जीएसटी दरों में कमी से वाहन अधिक सस्ते हुए और इस क्षेत्र को नई गति मिली।’ उन्होंने कहा कि वर्ष के दौरान बढ़ोतरी चौतरफा रही। यात्री वाहन बिक्री 5.0 प्रतिशत बढ़कर लगभग 45 लाख हो गई, वाणिज्यिक वाहन 7.7 प्रतिशत बढ़कर 10 लाख और तिपहिया की बिक्री 8.2 प्रतिशत बढ़कर 7,88,000 पर पहुंच गई। दोपहिया वाहनों की बिक्री दूसरी बार 2 करोड़ के आंकड़े को पार कर गई और यह 2.050 करोड़ वाहन रही। इसमें सालाना आधार पर 4.9 प्रतिशत की वृद्धि हुई।

उन्होंने यह भी कहा कि वर्ष 2025 में सभी वाहन खंडों में निर्यात ने दो अंक में वृद्धि दर्ज की। उद्योग को उम्मीद है कि आपूर्ति श्रृंखलाओं और निर्यात को प्रभावित करने वाले भू-राजनीतिक घटनाक्रमों पर करीब से नजर रखते हुए, स्थिर वृहद आर्थिक स्थितियों, बेहतर खरीद क्षमता और निरंतर नीतिगत समर्थन से 2026 में भी यह रफ्तार जारी रहेगी।

2025-26 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही पर टिप्पणी करते हुए सायम के महानिदेशक राजेश मेनन ने कहा कि सभी वाहन खंडों ने अपनी श्रेणियों में दो अंक की वृद्धि के बल पर तीसरी तिमाही की अब तक की सबसे अधिक बिक्री दर्ज की।

मजबूत तीसरी तिमाही के प्रदर्शन ने संपूर्ण कैलेंडर वर्ष की बिक्री को भी नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया। जनवरी-दिसंबर 2025 के दौरान यात्री वाहनों की ढुलाई 44,90,000 वाहन रही, जो सालाना आधार पर 5 प्रतिशत अधिक है। इसमें तीसरी तिमाही का वार्षिक उठान में बड़ा हिस्सा है। यूटिलिटी वाहन इस वृद्धिका मुख्य इंजन बने जबकि बेहतर फाइनैंस स्थिति से यात्री कार खंड में भी तेजी से सुधार देखा गया।

अन्य ऑटोमोटिव सेगमेंटों ने भी तिमाही में मजबूत वृद्धि दर्ज की। स्कूटर की मजबूत मांग और एंट्री-लेवल मोटरसाइकलों में धीरे-धीरे सुधार के कारण अक्टूबर-दिसंबर 2025 के दौरान दोपहिया की घरेलू बिक्री बढ़कर 5,696,238 वाहन हो गई जो एक साल पहले के मुकाबले 16.9 प्रतिशत अधिक है।

First Published - January 13, 2026 | 10:58 PM IST

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