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वैट राशि की जल्द वापसी की पहल

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Last Updated- December 09, 2022 | 9:26 PM IST

पश्चिम बंगाल में वैट वापसी की प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए राज्य सरकार द्वारा अपनाए जा रहे दोहरे प्रयासों के बावजूद विभिन्न संवर्धन निकायों ने दावा किया है कि राज्य के उत्पाद शुल्क विभाग में अभी तक जमा वापसी राशि लंबित पड़ी हुई है जबकि विभिन्न क्षेत्रों से एकत्र किए गए आंकड़े करीब 400 करोड़ रुपये है।
उदाहरण के लिए चमड़ा क्षेत्र में कुल बकाया वैट वापसी राशि 2005-06 से लेकर अभी तक सलाना 80 करोड़ रुपये के आसपास है। जबकि इंजीनियरिंग क्षेत्र में कुल बकाया वैट वापसी राशि 2005-06 से लेकर 2007-08 तक करीब 200 करोड़ रुपये है और जूट निर्यात इकाई में करीब 10 करोड़ रुपये है।
भारतीय निर्यात संगठन संघ (एफआईईओ) द्वारा हाल में ही आयोजित एक इंटरैक्टिव सत्र के दौरान पश्चिम बंगाल सरकार के उत्पाद और वित्त राजस्व सचिव सी एम बचावट ने बताया, ‘हम वैट वापसी की प्रक्रिया में तेजी लाने और उपयुक्त आवेदकों को पूरी राशि प्रदान करने के लिए प्रतिबध्द हैं। हालांकि हम लोगों ने इस दिशा में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं जैसे- वैट वापसी के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रणाली शुरू की गई है और एक केंद्रीय वैट वापसी प्रकोष्ठ स्थापित की गई है।’
उल्लेखनीय है कि इस प्रक्रिया को गति प्रदान करने के लिए तीन महीने पहले ही राज्य उत्पाद शुल्क विभाग में केंद्रीय वैट वापसी प्रकोष्ठ की स्थापना की गई है और साथ ही ऑनलाइन आवेदन प्रणाली को शुरू किया गया है।

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First Published - January 13, 2009 | 3:03 PM IST

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