facebookmetapixel
Advertisement
देश में घटी बेरोजगारी: जुलाई में घटकर 5.1% पर पहुंची, ग्रामीण इलाकों में रोजगार में सुधारगोल्ड-सिल्वर में कर सकते निवेश! ITI म्युचुअल फंड का नया मल्टी एसेट NFO लॉन्च, ₹500 से शुरू SIPFY27 की धमाकेदार शुरुआत! निफ्टी कंपनियों की PAT ग्रोथ 10 तिमाहियों में सबसे ज्यादा, कहां करें फोकस?टाटा संस की AGM पर गहराया संकट, सर रतन टाटा ट्रस्ट के बोर्ड का पेंच नहीं सुलझा तो टल सकती है बैठकएयरटेल पेमेंट्स बैंक के नेतृत्व में बड़ा बदलाव, सुनील मित्तल की जगह शबनम सिन्हा होंगी नई चेयरपर्सनये 3 PSU स्टॉक्स चमकाएंगे पोर्टफोलियो! करीब 60% तक रिटर्न संभव, ब्रोकरेज ने कहा- BUY8वें वेतन आयोग में करना चाहते हैं काम? कंसल्टेंट भर्ती के बदले नियम, जानें उम्र और अनुभव की पूरी डिटेलFOF कैटेगरी में क्वांट-निप्पॉन के नए फंड, आर्बिट्राज और डेट स्कीम पर फोकस; ₹500 से निवेश का मौकासरकार ने ECMS के तहत 31 नए प्रस्तावों को दी मंजूरी, कुल ₹7,877 करोड़ का होगा निवेश2027 में दौड़ेगी भारत की पहली बुलेट ट्रेन, 2029 तक मुंबई से जुड़ेगा गुजरात

SEBI का बड़ा एक्शन, इन इन्फ्लुएंसर्स को लौटानी होगी अवैध कमाई

Advertisement

यह कदम इन आरोपों के बाद उठाया गया है कि ये इकाइयां पंजीकरण के बगैर निवेश सलाहकार और शोध विश्लेषक कारोबार चला रही थीं।

Last Updated- February 07, 2025 | 10:22 PM IST
SEBI

बाजार नियामक सेबी ने अस्मिता पटेल ग्लोबल स्कूल ऑफ ट्रेडिंग और पांच अन्य को करीब 54 करोड़ रुपये की अवैध कमाई लौटाने का आदेश दिया है। यह कदम इन आरोपों के बाद उठाया गया है कि ये इकाइयां पंजीकरण के बगैर निवेश सलाहकार और शोध विश्लेषक कारोबार चला रही थीं।

कारण बताओ नोटिस सह अंतरिम आदेश के मुताबिक मामला पूरा होने के बाद ब्याज समेत यह रकम बढ़कर 105 करोड़ रुपये हो सकती है। इसमें फर्म की तरफ से विभिन्न ट्रेडिंग कोर्स के लिए वसूली गई रकम शामिल है।

खुद को ऑप्शंस क्वीन बताने वाली अस्मिता पटेल की ऑनलाइन में खासी मौजूदगी है और यूट्यूब पर उसके करीब 5.26 लाख सबस्क्राइबर हैं और इंस्टाग्राम पर 2.9 लाख। उसने टेलीग्राम चैनलों के जरिये भी ट्रेडिंग की सिफारिशें साझा की हैं, जिन्हें कोर्स करने वालों ने सबस्क्राइब किया।

सेबी ने अस्मिता पटेल और उनके पति जितेश पटेल पर अगले आदेश तक प्रतिभूति बाजार में प्रतिबंध लगा दिया है। जितेश पटेल फर्म का निदेशक था। उसके अलावा तीन प्रोप्राइटरी फर्मों और उनके प्रोप्राइटरों का भी बाजार में प्रवेश प्रतिबंधित किया गया है।

पटेल एक स्टॉकब्रोकर का अधिकृत शख्स था और उसने अपने स्कूल के जरिये कई ट्रेडिंग कोर्स चलाए। इन कोर्सों के 42 प्रतिभागियों की शिकायत के बाद नियामकीय कार्रवाई की गई।

सेबी के आदेश से पता चलता है कि अस्मिता पटेल ने 2019-20 से जनवरी 2024 के दौरान 12.3 लाख रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित किया। यह आंकड़ा उसके उस दावे से उलट है जिसमें उसने कहा है कि अपने प्रोप्राइटरी सिस्टम से वह सैंकड़ों करोड़ रुपये का प्रबंधन करती है।

सेबी ने इन इकाइयों को अपंजीकृत निवेश सलाहकार और शोध विश्लेषक की सेवाएं बंद करने का निर्देश दिया है।

ट्रेडिंग स्कूल ने इस मामले में स्वत: ही निपटान आवेदन जमा कराया था। हालांकि सेबी ने स्पष्ट किया है कि निपटान के लिए आवेदन करने से कार्यवाही शुरू होने पर रोक नहीं लगती और आदेश पारित करने पर कोई कानूनी रोक नहीं है। 

Advertisement
First Published - February 7, 2025 | 10:15 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement