Stock Market Closing Bell, January 13, 2026: एशियाई बाजारों से पॉजिटिव रुख के बीच भारतीय शेयर बाजार मंगलवार (13 जनवरी) को बढ़त के साथ खुले। हालांकि, रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे हैवीवेट शेयरों में गिरावट के साथ टीसीएस और एचसीएलटेक के शेयरों में मुनाफावसूली के चलते बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी-50 और सेंसेक्स गिरावट में बंद हुए।
भारत में अमेरिकी राजदूत के बयान से भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता को लेकर उम्मीदें बढ़ीं। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के ईरान पर नए प्रतिबंधों ने निवेशकों ने चिंता बढ़ा दी। ट्रंप ने ईरान के साथ व्यापर करने वाले देशों पर 25% अतिरिक्त टैरिफ लगाने का एलान किया है। इसके चलते इंडेक्स हैवीवेट रिलायंस इंडस्ट्रीज समेत ऑइल एंड गैस स्टॉक्स में गिरावट देखने को मिली।
तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) बढ़त के साथ 84,079 अंक पर ओपन हुआ और इसी के साथ 84 हजार का लेवल पार गया। हालांकि, कुछ देर बाद यह लाल निशान में फिसल गया और कारोबार के दौरान दिन के हाई से 1000 अंक तक फिसल गया था। अंत में यह 250.48 अंक या 0.30 प्रतिशत की गिरावट लेकर 83,627.69 पर बंद हुआ।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) मजबूती के साथ 25,897 पर खुला। लेकिन कुछ ही देर में गिरावट में चला गया। कारोबार के दौरान यह 25,603 अंक के इंट्रा-डे लो तक गया। अंत में 57.95 अंक या 0.22 फीसदी गिरकर 25,732 पर बंद हुआ।
एनरिच मनी के सीईओ पोनमुदी आर ने कहा, ”निफ्टी 50 ने लॉन्ग अपर शैडो के साथ एक रेड कैंडल बनाई है। यह 25,900 के रेजिस्टेंस जोन के पास तेजी को खारिज किए जाने का संकेत देती है। इस स्तर पर कॉल ओपन इंटरेस्ट (Call OI) की भारी आपूर्ति मौजूद है। ऊंचे स्तरों पर टिके न रह पाने से यह साफ होता है कि ऊपर की ओर अभी भी दबाव बना हुआ है। हालांकि, इंडेक्स ने 25,600–25,650 के सपोर्ट ज़ोन को सफलतापूर्वक बचाए रखा। यह स्तर 100-डे EMA और पिछले रिवर्सल बेस के साथ मेल खाता है। इससे बड़ी गिरावट रुक गई और निफ्टी 25,700 के ऊपर हल्की रिकवरी दिखाने में सफल रहा।”
उन्होंने कहा, ”तुरंत सपोर्ट 25,650–25,600 के दायरे में है। अगर यह जोन टूटता है, तो गिरावट का दबाव बढ़कर 25,500 तक जा सकता है। ऊपर की ओर, 25,800–25,900 के बीच रेजिस्टेंस है, जबकि 25,950–26,000 का जोन ज्यादा मजबूत बाधा माना जा रहा है। इस रेंज के ऊपर निर्णायक क्लोजिंग मिलने पर 26,100 और उससे ऊपर के स्तर खुल सकते हैं। हाल की टूट-फूट के बाद शॉर्ट-टर्म ट्रेंड अभी सतर्क बना हुआ है। लेकिन कल की हैमर जैसी रिकवरी और आज अहम सपोर्ट लेवल्स का बचाव यह संकेत देता है कि बाजार फिलहाल शॉर्ट-टर्म कंसोलिडेशन या शुरुआती बॉटम बनाने की कोशिश में है न कि तुरंत किसी बड़े ट्रेंड रिवर्सल में।”
सेंसेक्स की कंपनियों में ट्रेंट लिमिटेड, एलएंडटी, रिलायंस इंडस्ट्रीज, इंडिगो, मारुति, आईटीसी, अदाणी पोर्ट्स और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड सबसे ज्यादा नुकसान में रहे। दूसरी तरफ, इटरनल, टेक महिंद्रा, आईसीआईसीआई बैंक, एसबीआई और टीसीएस टॉप गेनर रहे।
ब्रोडर मार्केट में निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में 0.20 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में 0.60 प्रतिशत की बढ़त के साथ कारोबार समाप्त हुआ।
निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स 0.89 प्रतिशत की गिरावट और रियल्टी 0.62 प्रतिशत की गिरावट में सबसे ज्यादा गिरावट देखी गई। वहीं, निफ्टी पीएसयू बैंक 0.78 प्रतिशत की बढ़त और मीडिया 0.76 प्रतिशत की बढ़त के साथ सबसे ज्यादा गेन वाले रहने वाले सेक्टर रहे।
अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि जो भी देश ईरान से कारोबार जारी रखेगा, उस पर अमेरिका के साथ होने वाले सभी व्यापार पर 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया जाएगा। ट्रंप के मुताबिक यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू होगा और इसमें किसी तरह का बदलाव नहीं किया जाएगा।
तेहरान स्थित भारतीय दूतावास के अनुसार, नई दिल्ली तेहरान के शीर्ष पांच व्यापारिक साझेदारों में से एक है। ईरान को भारत से निर्यात होने वाली प्रमुख वस्तुओं में चावल, चाय, चीनी, दवाइयां, आर्टिफिशियल फाइबर, इलेक्ट्रिकल मशीनरी और आर्टिफिशियल जूलरी शामिल हैं। ईरान से आयात होने वाली प्रमुख वस्तुओं में सूखे मेवे, आर्गेनिक और इनऑर्गेनिक केमिकल और कांच के बर्तन शामिल हैं।
एशियाई शेयर बाजारों में तेजी देखी गई। निवेशकों ने ईरान और वेनेजुएला में भू-राजनीतिक तनावों और अमेरिकी फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल के खिलाफ आपराधिक जांच को फिलहाल नजरअंदाज किया।
चीन का सीएसआई 300 इंडेक्स 0.54 फीसदी बढ़ा। हांगकांग का हैंग सेंग 1.32 फीसदी चढ़ा, जबकि दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.04 फीसदी ऊपर रहा। जापान का निक्केई 3.22 फीसदी उछल गया। इसकी वजह यह खबर रही कि सत्तारूढ़ लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी फरवरी में अचानक चुनाव कराने के लिए इस महीने निचले सदन को भंग कर सकती है।
वॉल स्ट्रीट पर भी मजबूती रही। एसएंडपी 500 और डाउ जोंस रातों-रात नए रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुए। एसएंडपी 500 में 0.16 फीसदी, डाउ जोंस में 0.17 फीसदी और नैस्डैक में 0.26 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। अब निवेशकों की नजर दिसंबर के अमेरिकी उपभोक्ता मूल्य इंडेक्स (सीपीआई) के आंकड़ों पर है, जो आज बाद में जारी होंगे। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार शाम कहा कि जो भी देश ईरान के साथ कारोबार करेगा, उस पर अमेरिका 25 फीसदी टैरिफ लगाएगा।