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बाजार हलचल: अदाणी की 2 फर्मों के फ्री-फ्लोट में कमी से चढ़ सकते हैं शेयर

Last Updated- May 07, 2023 | 10:22 PM IST

अदाणी टोटाल गैस और अदाणी ट्रांसमिशन के शेयर सोमवार को सुर्खियों में रहेंगे क्योंकि मॉर्गन स्टैनली कैपिटल इंटरनैशनल (MSCI) ने मई की सूचकांक समीक्षा बैठक में इन दोनों शेयरों के लिए फ्री-फ्लोट 25 फीसदी से घटाकर क्रमश: 14 फीसदी व 10 फीसदी करने का फैसला लिया है।

फरवरी में वित्तीय सूचकांक प्रदाता ने फ्री-फ्लोट कम करने का फैसला टाल दिया था क्योंकि ये शेयर लगातार लोअर सर्किट को छू रहे थे, जिससे संभावित तौर पर दोहराव का संकट पैदा हो गया था।

विश्लेषकों ने कहा कि एमएससीआई स्टैंडर्ड इंडाइसेज में अदाणी टोटाल गैस और अदाणी ट्रांसमिशन का भारांक (वेटेज) अब घटकर आधा हो सकता है। इससे पैसिव ट्रैकर निवेश निकासी कर सकते हैं। दोनों शेयरों में पिछले कुछ हफ्तों में 5 फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है, लेकिन ये शेयर इस साल अब तक के लिहाज से काफी नीचे है, जिसका कारण न्यूयॉर्क की फर्म हिंडनबर्ग रिसर्च की तरफ से अदाणी समूह पर लगाया गया आरोप है।

चार हफ्ते में 25 फीसदी चढ़ा Zomato

रेस्टोरेंट एग्रीगेटर जोमैटो (Zomato) के शेयर की कीमत पिछले चार हफ्ते में 25 फीसदी बढ़ी है क्योंकि उम्मीद की जा रही है कि कंपनी अगले दो वित्त वर्षों में राजस्व में दो अंकों की बढ़ोतरी दर्ज करेगी और लाभ में आ जाएगी।

विश्लेषकों ने कहा कि Amazon की निकासी के बाद फूड डिलिवरी बाजार अब जोमैटो और स्विगी का वर्चस्व हो गया है। बाजार में काफी प्रतिस्पर्धा है क्योंकि जमी-जमाई कंपनी की जगह लेने के लिए अच्छी खासी पूंजी की दरकार होती है।

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मोतीलाल ओसवाल ने एक नोट में कहा, वर्चस्व वाली बाजार हिस्सेदारी और फूड डिलिवरी कारोबार व हाइपरप्योर में मजबूत वृद्धि‍को देखते हुए हम उम्मीद करते हैं कि 2024-25 तक जोमैटो सालाना 29 फीसदी चक्रवृद्धि की रफ्तार से बढ़त दर्ज करेगी। प्रबंधन को हालांकि 2023-24 की दूसरी तिमाही में लाभ में आने की उम्मीद है, लेकिन हमारा मानना है कि कंपनी वित्त वर्ष 25 के दौरान घाटा समाप्त करने की स्थिति में होगी।

एम्फी से म्युचुअल फंड वितरक को शिकायत

परिसंपत्ति प्रबंधन कंपनियों व निवेशक के बीच सेतु की तरह काम करने वाले म्युचुअल फंड वितरकों को एसोसिएशन ऑफ म्युचुअल फंड्स इन इंडिया (Amfi) से शिकायतें हैं, जिन पर चर्चा की दरकार है।

हालिया बैठक में वितरकों ने एसोसिएशन के शिकायतों का पुलिंदा रखा। इनमें महामारी प्रभावित वर्षों के दौरान समय पर सेल्फ-डिस्क्लोजर में नाकामी पर कमीशन की जब्ती, समाधान की व्यवस्था का अभाव और एएमसी के साथ कई पंजीकरण शामिल हैं।

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बी-30 के लिए प्रोत्साहन पर विराम के बाद वितरक सकते में हैं, जो उन्हें 30 अग्रणी शहरों के बाद के अन्य शहरों से नया निवेश लाने के लिए दिया जाता था।

हालांकि उद्योग निकाय ने वैयक्तिक स्तर की शिकायतों के निपटान का आश्वासन दिया है जबकि पूंजी बाजार नियामक ने प्रोत्साहन के लिए बेहतर ढांचे का आश्वासन दिया है।

First Published - May 7, 2023 | 7:59 PM IST

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