facebookmetapixel
मजबूत फंडामेंटल के साथ शेयर बाजार में बढ़त की उम्मीद, BFSI क्षेत्र सबसे आगे: रमेश मंत्रीअमेरिकी प्रतिबंधों से वेनेजुएला की तेल अर्थव्यवस्था झुलसी, निर्यात पर गहरा असर; भारत का आयात भी घटाबांग्लादेश ने IPL के प्रसारण पर लगाया प्रतिबंध, एक्सपर्ट बोले: इस फैसले से कुछ ज्यादा फर्क नहीं पड़ेगादिल्ली दंगा साजिश केस में उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत देने से सुप्रीम कोर्ट ने किया इनकारGrok विवाद में X को सरकार ने दी 72 घंटे की और मोहलत, महिलाओं व बच्चों की तस्वीरों पर केंद्र सख्तकेंद्रीय बजट से पहले IVCA की मांग: AIF ने प्राइवेट क्रेडिट फंड्स के लिए टैक्स में समानता की मांग कीSMC बिल पर एम. दामोदरन की चेतावनी: सेबी का निवेशकों की सुरक्षा पर फोकस कमजोरविश्व आर्थिक मंच की सलाना बैठक में दावोस जाएंगे भारतीय नेतागण, चौहान और वैष्णव करेंगे अगुआईभारत कोकिंग कोल का आईपीओ शुक्रवार को पेश होगा, ₹1,069 करोड़ जुटाने की तैयारीAI इम्पैक्ट समिट में ग्लोबल साउथ पर फोकस, खुद को AI सर्विस सप्लायर के रूप में पेश करेगा भारत

Alternate Investment Funds: रियल एस्टेट को मिल रहा है सबसे अ​धिक अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड से निवेश

AIF में रियल एस्टेट की है सबसे अधिक 17 फीसदी हिस्सेदारी। बीते 6 साल में AIF से कुल निवेश 340 फीसदी बढ़ा।

Last Updated- December 02, 2024 | 5:48 PM IST
Real Estate

पिछले एक दशक में देश में Alternate Investment Funds (AIF) यानी वैकल्पिक निवेश कोष के जरिये निवेश में तेज उछाल आया है। AIF निवेश के मामले में रियल एस्टेट का दबदबा रहा है क्योंकि AIF निवेश में सबसे अधिक हिस्सेदारी रियल एस्टेट की है। चालू वित्त वर्ष में पहली छमाही तक ही AIF के माध्यम से रियल एस्टेट में निवेश पिछले वित्त वर्ष के कुल निवेश को पार कर गया है।

कितना हुआ AIF निवेश?

संपत्ति सलाहकार फर्म एनारॉक समूह ने सेबी के आंकड़ों के हवाले से कहा है कि देश में वित्त वर्ष 2024-25 में पहली छमाही तक कुल 4,49,384 करोड़ रुपये का AIF निवेश आया है। वित्त वर्ष 2018-19 से 2024-25 के बीच AIF निवेश 2,82,148 करोड़ रुपये से बढ़कर 12,43,083 करोड़ रुपये हो गया है। वित्त वर्ष 2012-13 से 2023-24 की अवधि में चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) 83.4 फीसदी रही है।

AIF में किस क्षेत्र की कितनी हिस्सेदारी?

AIF निवेश में सबसे अधिक हिस्सेदारी रियल एस्टेट की है। एनारॉक के आंकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष 2024-25 की पहली छमाही में कुल निवेश 4,49,384 करोड़ रुपये में सबसे अधिक 75,468 करोड़ रुपये रियल एस्टेट में आए और इसकी कुल निवेश में करीब 17 फीसदी हिस्सेदारी रही। रियल एस्टेट के बाद 27,815 करोड़ रुपये IT/ITeS में, 25,782 करोड़ रुपये Fin Services, 21,503 करोड़ रुपये NBFC में, बैंकों में 18,242 करोड़ रुपये, फार्मा में 17,272 करोड़ रुपये का निवेश हुआ।

इसके अलावा FMCG को 11,680 करोड़ रुपये, खुदरा क्षेत्र को 11,379 करोड़ रुपये, नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) को 10,672 करोड़ रुपये के साथ ही अन्य क्षेत्रों में 2,29,571 करोड़ रुपये AIF निवेश प्राप्त हुआ।

Also read: सरकार ने हटाया विंडफॉल टैक्स, ऑयल कंपनियों के लौटे अच्छे दिन! RIL के शेयरों ने भरा फर्राटा

एनारॉक समूह के अध्यक्ष अनुज पुरी कहते हैं, “वित्त वर्ष 2024-25 की पहली छमाही के अंत तक AIF के माध्यम से रियल एस्टेट क्षेत्र में निवेश 75,468 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले वित्त यानी 2023-24 के कुल निवेश 68,540 करोड़ रुपये की तुलना में 10 फीसदी ज्यादा है। जाहिर है चालू वित्त वर्ष की आधी अवधि में ही AIF के माध्यम से रियल एस्टेट में निवेश पिछले वित्त वर्ष के कुल निवेश को पार कर गया है। पिछले 6 साल में AIF के जरिये कुल निवेश में 340 फीसदी इजाफा हुआ है। परंपरागत रूप से घरेलू निवेशक AIF फंडिंग का प्राथमिक स्रोत रहे हैं। हालांकि विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (FPI) भी आगे बढ़ रहे हैं।

First Published - December 2, 2024 | 5:48 PM IST

संबंधित पोस्ट