facebookmetapixel
Advertisement
ITR Filing 2026: नौकरी संग फ्रीलांसिंग से भी कमाई करें तो आयकर रिटर्न कैसे भरेंTAFE की बड़ी रणनीति: यूरोप में इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर लॉन्च करेगी कंपनी, भारत में सस्ते मॉडल पर कामMeta को IT मंत्रालय का नोटिस, इंस्टाग्राम से बाल यौन शोषण से जुड़ी सामग्री हटाने का दिया निर्देश स्टैंडर्ड चार्टर्ड ने भारत में 20 शाखाओं पर जड़ा ताला, अब वेल्थ मैनेजमेंट पर फोकसNSE क्वांटो क्रॉस-करेंसी डेरिवेटिव लाने की कर रहा तैयारी, निवेशकों को क्या होगा फायदा?Editorial: कच्चा तेल सस्ता, फिर भी पेट्रोल-डीजल के दाम तुरंत क्यों नहीं घटेंगे?भारत में क्विक कॉमर्स का बढ़ता असर, किराना स्टोर कैसे करेंगे मुकाबला?कांग्रेस से कैसे छूटा राष्ट्रवाद का मुद्दा? 2014 के बाद की रणनीति पर पुनर्विचारUP EV Subsidy: योगी सरकार ने ईवी खरीद पर दी ₹210 करोड़ से ज्यादा सब्सिडी, 43,000 से ज्यादा लोगों को मिला फायदाGold Outlook: सोने का भाव बढ़ेगा या घटेगा? अगले सप्ताह इन फैक्टर्स पर रहेगी निवेशकों की नजर

महामारी से निपटने के लिए ऐतिहासिक समझौता

Advertisement
Last Updated- December 15, 2022 | 4:31 AM IST

यूरोपीय संघ के नेताओं ने करीब पांच दिनों तक हुए एक शिखर सम्मेलन के बाद कोरोनावायरस से प्रभावित अर्थव्यवस्थाओं के लिए एक व्यापक प्रोत्साहन योजना पर ऐतिहासिक समझौता किया है। इससे यूरोपीय आयोग के लिए यूरोपीय संघ के कार्यकारी से सभी 27 देशों के लिए पूंजी बाजार से अरबों यूरो जुटाने का रास्ता साफ होगा। यूरोप के एकीकरण के लगभग सात दशक में एकजुटता यह एक अभूतपूर्व पहल है।
शिखर सम्मेलन के चेयरमैन चाल्र्स माइकल ने इसे यूरोप के लिए एक निर्णायक घड़ी कहा। हालांकि कई लोगों ने कोरोनावायरस वैश्विक महामारी के बीच इस शिखर सम्मेलन की विफलता से आर्थिक संकट के वर्षों बाद और ब्रिटेन के रुखसत होने के बाद इसकी व्यावहारिकता के बारे में आशंका जताई थी। इस खबर के आने के बाद दुनिया भर के शेयर बाजार में फरवरी के बाद तेजी आई है और यूरो में मार्च के बाद सबसे अधिक बढ़त दर्ज की गई।
इस खबर से उत्साहित एक व्यक्ति ने कहा, ‘इस समझौते ने स्पष्ट संदेश दिया है कि यूरोप काम करने वाली ताकत है।’ फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों ने इसे वास्तव में एक ऐतिहासिक समझौता करार दिया है। उन्होंने जर्मनी की चांसलर एंजेला मार्केल के साथ इस समझौते को आगे बढ़ाया। नेताओं ने उम्मीद जताई है कि 750 अरब यूरो यानी 857.33 अरब डॉलर के सुधार फंड और इससे संबंधित 2021-2027 के लिए 1.1 लाख करोड़ यूरो के बजट से यूरोपीय महाद्वीप में कोरोनावायरस के कारण पैदा हुई द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद की सबसे बड़ी मंदी से निपटने में मदद मिलेगी।

Advertisement
First Published - July 22, 2020 | 12:06 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement