facebookmetapixel
Advertisement
पहले सेवा उत्पादन सूचकांक में आवास-भोजन सेवाएं सबसे आगे, अप्रैल में 37.2% की शानदार बढ़ोतरीबाइरैक की बड़ी पहल: ₹1 लाख करोड़ के RDI फंड के लिए चुने गए देश के 8 बेहतरीन बायोटेक स्टार्टअपRBI का नया फरमान: बैंक बोर्डों को अब रणनीति और जोखिम प्रबंधन पर देना होगा ज्यादा समय, नियम बदलेसंयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में 2028-29 की सीट के लिए भारत करेगा दावेदारी, अगले साल जून में होगा चुनावEditorial: महंगाई फिर RBI के लक्ष्य से ऊपर, तेल और मॉनसून बढ़ा सकते हैं नीतिगत चुनौतियांआंध्र प्रदेश में कोरोना की दस्तक से हड़कंप, दो मरीजों की मौत के बाद पड़ोसी राज्यों में अलर्ट जारीहोर्मुज स्ट्रेट में ईरानी हमले पर भारत का कड़ा विरोध, 1 भारतीय नाविक की मौत; तेहरान के राजनयिक तलबHurun India Real Estate List: अदाणी प्रॉपर्टीज बनी चौथी सबसे मूल्यवान कंपनी, वैल्यू ₹90,400 करोड़ हुईब्राजील के एथनॉल मॉडल से भारत क्या सीख सकता है? अवसर, चुनौतियां और संतुलन की जरूरतवैश्विक मंच पर भारतीय प्रवासियों की सफलता: विदेशों में हासिल उपलब्धियों से भारत क्या सीख सकता है?

ट्रंप की ट्रेड पॉलिसी पर भारत की नजर: जयशंकर

Advertisement

विदेश मंत्री बोले, साल के अंत तक अमेरिका के साथ व्यापार समझौता करने की रणनीति

Last Updated- April 09, 2025 | 10:39 PM IST
S Jaishankar

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बुधवार को कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के जवाबी शुल्क का प्रभाव फिलहाल ज्ञात नहीं है और इस स्थिति से निपटने के लिए भारत की रणनीति इस साल के अंत तक वाशिंगटन के साथ द्विपक्षीय व्यापार समझौता करना है।

शुल्क को लेकर अमेरिकी नीति पर पहली विस्तृत प्रतिक्रिया के तहत जयशंकर ने कहा कि भारत शायद एकमात्र देश है जो ट्रंप के दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद वाशिंगटन के साथ व्यापार सौदे को अंतिम रूप देने के लिए समझ कायम करने के स्तर तक पहुंच गया है। विदेश मंत्री ने भारत समेत लगभग 5 देशों के खिलाफ व्यापक शुल्क लागू होने के कुछ घंटों बाद यह टिप्पणी की है। इससे बड़े पैमाने पर व्यापार व्यवधान और वैश्विक आर्थिक मंदी की आशंका पैदा हो गई है।

भारत उन देशों में से एक है, जिन्होंने इस मामले पर प्रतिक्रिया देने में सतर्क रुख अपनाया है। भारत ने कहा कि वह द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) पर ट्रंप प्रशासन के साथ बातचीत कर रहा है। न्यूज 18 राइजिंग इंडिया सम्मेलन में जयशंकर ने कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि इस बारे में बात करना संभव है कि इसका क्या असर होगा, क्योंकि हम नहीं जानते। हमारी रणनीति क्या है? मुझे लगता है कि यह बिल्कुल स्पष्ट है।’

उन्होंने कहा, ‘हमने तय किया कि हम इन मुद्दों पर ट्रंप प्रशासन से जल्द ही बातचीत करेंगे। हम इस बात पर सहमत हुए हैं कि इस साल के अंत तक द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर बातचीत करने की कोशिश की जाएगी।’ फरवरी में वाशिंगटन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ट्रंप के बीच बातचीत के बाद, दोनों पक्षों ने 2025 के अंत तक बीटीए के पहले चरण पर बातचीत करने की घोषणा की थी। जयशंकर ने कहा, ‘मुझे लगता है कि राष्ट्रपति ट्रंप के दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद भारत एकमात्र देश है, जो वास्तव में सैद्धांतिक रूप से इस तरह की समझ तक पहुंच पाया हैं।’

Advertisement
First Published - April 9, 2025 | 10:39 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement