facebookmetapixel
REITs को मिली बैंक ऋण की मंजूरी: फंड जुटाना होगा आसान, कमर्शियल संपत्तियों का होगा विस्तारRBI का बड़ा फैसला: अब REITs को भी मिलेगा बैंक लोन, रियल एस्टेट सेक्टर की खुलेगी किस्मतOnline Fraud में पैसा डूबा! Reserve Bank देगा मुआवजा, जानें पूरा मामलाTata Steel Q3 Results: तीसरी तिमाही में मुनाफा 7 गुना उछला, ₹2,688 करोड़ के पार पहुंचा लाभरिकवरी कॉल्स से परेशान हैं? RBI ने सुन ली आपकी शिकायतShare Market: RBI Policy के बाद शेयर बाजार उछला, जानिए किस सेक्टर ने मारी बाजीBudget 2026 MSME सेक्टर के लिए गेम चेंजर रहा? जानें इसमें ऐसा क्या है और इसपर एक्सपर्ट क्या सोचते हैंRBI नए नियमों के जरिए कैसे भारतीयों के लिए बैंकिंग को आसान बनाने की कोशिश कैसे कर रहा है?योगी का बैंकरों को निर्देश: किसानों को आसान शर्तों पर दें कर्ज, FPO, MSME जुड़े लोगों का भी करें सहयोगरिजर्व बैंक ने क्यों ​स्थिर रखीं ब्याज दरें, आम लोगों पर क्या असर होगा?

कोयला TPA के लिए सरकार ने मंगाए आवेदन

मंत्रालय के अंतर्गत कोयला नियंत्रक संगठन (सीसीओ) ने योग्यता हेतु अनुरोध (आरएफक्यू) बुधवार को जारी किया।

Last Updated- November 20, 2025 | 9:07 AM IST
Representational Image

कोयला मंत्रालय ने आगामी कोयला एक्सचेंज के लिए अनुभवी संस्थाओं को तृतीय-पक्ष एजेंसियों (टीपीए) के रूप में सूचीबद्ध करने के लिए आमंत्रण जारी किया है। ये टीपीए एक्सचेंज के माध्यम से व्यापार किए जाने वाले कोयले और लिग्नाइट या उनके प्रसंस्कृत रूपों के नमूने लेने, संग्रह, तैयारी और विश्लेषण की देखरेख करेंगे।

मंत्रालय के अंतर्गत कोयला नियंत्रक संगठन (सीसीओ) ने योग्यता हेतु अनुरोध (आरएफक्यू) बुधवार को जारी किया। इसमें आवेदकों से मंत्रालय के पोर्टल के माध्यम से अपनी रुचि प्रस्तुत करने को कहा गया है।

यह खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 में संशोधन के तहत महत्त्वपूर्ण नियामक कदम है। यह केंद्र सरकार को खनिज एक्सचेंज संचालन के लिए शक्तियां प्रदान करता है और कोयला लेनदेन में पारदर्शिता व गुणवत्ता आश्वासन लाने का लक्ष्य रखता है। यह सूचीबद्धता पांच वर्षों के लिए होगी।

पात्रता केवल उन संस्थाओं तक सीमित होगी जिनका पिछले तीन पूर्ण वित्तीय वर्षों में से किसी एक वर्ष में कारोबार कम से कम 3 करोड़ रुपये रहा हो। आवेदक के पास भारत में कोयला या लिग्नाइट या उनके प्रसंस्कृत रूप के नमूनों के संग्रहण, तैयारी, विश्लेषण, परीक्षण और दस्तावेजीकरण से संबंधित समान प्रकृति के कार्यों को सफलतापूर्वक पूरा करने का अनुभव होना चाहिए। इसका न्यूनतम संचयी मूल्य 1 करोड़ रुपये हो।

First Published - November 20, 2025 | 9:07 AM IST

संबंधित पोस्ट