हैदराबाद की भारत बायोटेक और ऑक्यूजेन ने कनाडा में कोविड-19 टीका तैयार करने, उसकी आपूर्ति और बिक्री के लिए साझेदारी की है। ऑक्यूजेन के पास पहले से ही अमेरिका में कोवैक्सीन की बिक्री का अधिकार है। ऑक्यूजेन, अमेरिका और कनाडा में कोवैक्सीन की बिक्री का 45 फीसदी मुनाफा अपने पास रखेगी।
ऑक्यूजेन के मुख्य कार्याधिकारी (सीईओ) और सह-संस्थापक शंकर मुसुनुरी ने कहा, ‘हम अमेरिका में आपातकालीन इस्तेमाल की अनुमति की दिशा में काम कर रहे हैं और कनाडा में आपातकालीन इस्तेमाल के लिए अंतरिम आदेश के तहत अधिकार की मांग करेंगे।’ भारत बायोटेक ने कहा कि भारत और अन्य देशों में 3 करोड़ से ज्यादा टीके के खुराक की आपूर्ति की जा चुकी है। उसने कहा, ‘आपातकालीन इस्तेमाल के लिए 13 देशों में मंजूरी मिल गई है और 60 अन्य देशों में इसके लिए कोशिश की जा रही है।’
भारत बायोटेक के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक कृष्णा एल्ला ने कहा कि वे ऑक्यूजेन के साथ काम कर रहे हैं ताकि कोवैक्सीन को अमेरिकी बाजार में लाया जा सके और अब कनाडा के बाजार में इसे लाने की कोशिश होगी। भारत बायोटेक विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के साथ भी मिलकर काम कर रही है ताकि डब्ल्यूएचओ-आपातकालीन इस्तेमाल सूची (ईयूएल) में कोवैक्सीन सूचीबद्ध हो सके।
महाराष्ट्र में नहीं हट रही पाबंदी
महाराष्ट्र सरकार ने गुरुवार शाम स्पष्ट किया कि राज्य में कोविड-19 संबंधी पाबंदी कहीं पर भी खत्म नहीं की गई है। इससे पहले, मंत्री विजय वडेट्टीवार ने पाबंदियों में ढील की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री कार्यालय ने एक बयान जारी कर कहा कि पाबंदियों में ढील देने पर विचार किया जा रहा है, लेकिन इस बारे में अब तक कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। आपदा प्रबंधन मंत्री विजय वडेट्टीवार ने अपनी घोषणा के बारे में स्पष्टीकरण देते हुए बाद में कहा कि पाबंदियों को चरणबद्ध तरीके से हटाने को मंजूरी प्रदान कर दी गई है, लेकिन अब तक कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है। इससे पहले, मंत्री ने कहा था कि राज्य के 36 में से 18 ऐसे जिलों में अब पाबंदियों में ढील दी जाएगी जहां संक्रमण की दर पांच प्रतिशत से कम है और ऑक्सीजन की सुविधा वाले 75 प्रतिशत बिस्तर खाली हों। भाषा