facebookmetapixel
Advertisement
मुंबई मेट्रो लाइन 9 और 2बी की शुरुआत, 100 किलोमीटर के पार पहुंचा मेट्रो का जालखरीफ 2026 के लिए खाद की पूरी तैयारी: बफर स्टॉक तैयार, ड्रोन से होगा छिड़कावट्रीटमेंट का खर्चा अब नहीं बनेगा बोझ! कैसे फिनटेक की मदद से इलाज कराना अब साबित हो रहा ‘गेम-चेंजर’UP कैबिनेट के बड़े फैसले: एयरपोर्ट की तर्ज पर बनेंगे 49 बस स्टेशन, ₹24,000 करोड़ के निवेश प्रस्ताव मंजूरएल्युमीनियम उद्योग की वै​श्विक संकट ने और बढ़ाई मु​श्किलें, सरकार ने दिया बाधांए दूर करने का भरोसाSEBI ने कंपनियों को दी बड़ी राहत: IPO मंजूरी की वैधता बढ़ी, MPS नियमों में मिली ढीलटैक्स सेविंग का नया ‘गेम चेंजर’? मील वाउचर पर ₹200 की छूट, जानें कैसे बढ़ेगी आपकी टेक-होम सैलरीTata Small Cap Fund: लंपसप निवेश फिर से शुरू; 7 साल में ₹1 लाख के बना चुका है ₹3.66 लाखLPG संकट का समाधान: अब केरोसिन बनेगा विकल्प, सरकार ने 60 दिनों के लिए नियमों में दी बड़ी ढीललघु बचत दरों पर सीतारमण का बड़ा बयान: महंगा कर्ज मंजूर, पर बचतकर्ताओं का नुकसान नहीं होना चाहिए

वेनेजुएला के तेल पर मिलने वाली छूट रिकॉर्ड निचले स्तर पर, फिर भी भारतीय रिफाइनर्स को क्यों हैं टेंशन

Advertisement

मेरे (Merey) क्रूड पर छूट पहली बार 10 डॉलर/बैरल से नीचे, 6.5 डॉलर तक गिरी; रिफाइनर्स का कहना- ढुलाई लागत और लंबे सफर से सौदा कम फायदे का

Last Updated- February 18, 2026 | 10:44 AM IST
Venezuelan crude
Representational Image

वेनजुएला के तेल पर भारतीय रिफाइनर्स को मिलने वाली छूट रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गई है। भारतीय सीमा शुल्क के आंकड़ों और उद्योग अधिकारियों के मुताबिक, भारतीय रिफाइनर वेनजुएला के भारी और ज्यादा सल्फर वाले कच्चे तेल ग्रेड पर अब तक की सबसे कम छूट पर सौदे कर रहे हैं।

वेनजुएला का मेरे (Merey) कच्चा तेल भारी, हाई सल्फर और एसिडिक किस्म का तेल है। ट्रेडरों के मुताबिक, इस तेल पर मिलने वाली छूट पहली बार 10 डॉलर प्रति बैरल से नीचे चली गई है और यह 6.50 डॉलर प्रति बैरल तक आ गई है। यह छूट पहले भारतीय रिफाइनरों को मिलने वाली छूट के मुकाबले करीब एक-तिहाई है। यह छूट ICE ब्रेंट बेंचमार्क के आधार पर और भारतीय बंदरगाहों तक डिलीवरी (delivered basis) के हिसाब से तय की जाती है।

पहले ज्यादा थी छूट

2025 तक के पिछले एक दशक में वेनजुएला का कच्चा तेल (यूनिट-वैल्यू के आधार पर) आमतौर पर 12 से 19 डॉलर प्रति बैरल तक की छूट पर ऑफर होता था। यह भारत के इंडियन क्रूड ऑयल बास्केट की औसत कीमत से कम रहता था।

इंडियन क्रूड ऑयल बास्केट में ज्यादातर दुबई बेंचमार्क पर आधारित हाई सल्फर ग्रेड शामिल होते हैं, और कुछ हल्के व कम सल्फर वाले ग्रेड ब्रेंट बेंचमार्क पर आधारित होते हैं।

रिफाइनरों की चिंता

भारतीय रिफाइनर्स के वरिष्ठ अधिकारियों ने बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया कि वेनजुएला के तेल को आर्थिक रूप से फायदे का सौदा बनाने के लिए छूट को और बढ़ना होगा। उन्होंने कहा कि लंबी दूरी की ढुलाई लागत बहुत ज्यादा है। लंबे समुद्री सफर के कारण इन्वेंट्री लॉस का जोखिम बढ़ता है।

एक अन्य अधिकारी ने कहा कि अगर अमेरिका (वॉशिंगटन) भारतीय कंपनियों को वेनजुएला की सरकारी तेल कंपनी PDVSA से सीधे खरीद की अनुमति दे देता है, तो बेहतर सौदे मिल सकते हैं। उनके मुताबिक, फिलहाल Vitol और Trafigura जैसे बिचौलिए बिक्री पर भी मार्जिन कमा रहे हैं और फ्रेट (भाड़ा) पर भी, क्योंकि शिप की व्यवस्था वही करते हैं।

 

Venezuelan crude

Advertisement
First Published - February 18, 2026 | 10:44 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement