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लेखक : आदिति फडणीस

आज का अखबार, ताजा खबरें, बिहार व झारखण्ड, भारत, राजनीति

बिहार की सियासत में मखाने की ताकत

शंभू प्रसाद 1998 में मिथिलांचल छोड़ गए थे। उन्होंने पहले जापान फिर अमेरिका में काम किया और अब लंदन में रहते हैं। वहां उन्होंने एक दूरसंचार कंपनी बनाई, जो ब्रिटेन की नैशनल हेल्थ सर्विस और दूसरी कंपनियों के साथ काम करती है। मगर शंभू प्रसाद का दिल आज भी मधुबनी और मखाने में ही अटका […]

आज का अखबार, लेख

नेपाल में राजनीतिक उथल-पुथल का पड़ोसी दरभंगा पर कोई प्रभाव नहीं, जनता ने हालात से किया समझौता

दरभंगा (भारत) और जनकपुर (नेपाल) के बीच की दूरी मुश्किल से 80 किलोमीटर है। नेपाल में जेनरेशन-ज़ी (जेनज़ी) के नेतृत्व में काफी उथल-पुथल दिखी, मगर दरभंगा में उसकी छवि बेहद धुंधली है। ध्यान देने की बात यह है कि जिन घटनाओं का नेपाल के कई राजनेताओं और उनकी पार्टियों पर विनाशकारी प्रभाव पड़ा है, उनका […]

आज का अखबार, राजनीति

बिहार: PM मोदी ने पेश की सुशासन की तस्वीर, लालटेन के माध्यम से विपक्षी राजद पर कसा तंज

लालू प्रसाद और राजद-कांग्रेस गठबंधन के शासन को ‘जंगल राज’ बताते हुए  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) ने बिहार को सबसे समावेशी और सुशासन वाली सरकार दी। अपने औपचारिक चुनाव अभियान की शुरुआत करते हुए मोदी ने कहा कि यदि राजग पुन: सत्ता में आता है तो राज्य में अधिक […]

आज का अखबार, राजनीति

समृद्ध सांस्कृतिक विरासत वाला मिथिलांचल बदहाल: उद्योग धंधे धीरे-धीरे हो गए बंद, कोई नया निवेश आया नहीं

कभी अपनी शानदार सांस्कृतिक विरासत का दम भरने वाला बिहार का सबसे विशिष्ट क्षेत्र मिथिलांचल आज बेहद खराब स्थिति में है। इसकी समृद्धि का बखान शब्दों में करना मुश्किल है। मध्ययुगीन कवि विद्यापति के इस भाषा में लिखे गीत हों या नागार्जुन की समकालीन क्रांतिकारी कविताएं, मैथिली भाषा की समृद्धि का आईना हैं। इसी क्षेत्र […]

आज का अखबार, ताजा खबरें, बिहार व झारखण्ड, राजनीति

जदयू बिहार विधानसभा चुनाव में पूरी ताकत से मैदान में उतरी, सीट बंटवारे से गठबंधन मजबूत: संजय झा

राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) ने 12 अक्टूबर को बिहार विधान सभा चुनाव के लिए सीट बंटवारे का एक फॉर्मूला तय किया और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और जनता दल यूनाइटेड (जदयू) बराबरी पर आ गई। 243 सीटों में भाजपा-जदयू 101-101 सीटों पर मैदान में हैं, जबकि चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) को 29 […]

आज का अखबार, लेख

कर्नाटक में भाजपा-जेडीएस गठबंधन कमजोर पड़ता दिख रहा

पिछले पखवाड़े एचडी देवेगौड़ा ने संवाददाता सम्मेलन बुलाकर उत्तर कर्नाटक में बाढ़ से निपटने के तरीकों के लिए प्रदेश की कांग्रेस सरकार की आलोचना की। जनता दल सेक्युलर (जेडीएस) के 92 वर्षीय संस्थापक, पूर्व प्रधानमंत्री और कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री देवेगौड़ा ने एक और महत्त्वपूर्ण बात कही। संवाददाताओं के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने […]

आज का अखबार, ताजा खबरें, लेख

पहले कार्यकाल की उपलब्धियां तय करती हैं किसी मुख्यमंत्री की राजनीतिक उम्र

देश के कुछ मुख्यमंत्री दशकों तक सत्ता में क्यों बने रहते हैं, जबकि कुछ अपना कार्यकाल पूरा होने के बाद घर लौट जाते हैं और कभी-कभार बाद में उनके बारे में कुछ पता ही नहीं चलता? आखिर एक मुख्यमंत्री की राजनीतिक पूंजी क्या होती है? और उन्हें इतिहास की किताबों में जगह क्यों मिलती है? […]

आज का अखबार, लेख

दलितों की नई पार्टी का संदेश: शिक्षा और विदेश अवसरों से नई राजनीतिक दिशा तय करने की तैयारी

दलितों को और ज्यादा चाहिए। यहां तक कि अगर उन्हें भारत में नहीं मिल पाता है तो वे इसे पाने के लिए दूसरे देश तक जा सकते हैं। यह संदेश दलितों की क्विट इंडिया पार्टी (डीक्यूआईपी) का है, जिसकी स्थापना बुद्धिजीवी और दलित चिंतक चंद्र भान प्रसाद ने की है। हालांकि, अब तक राजनीतिक दल […]

आज का अखबार, लेख

नेपाल में राजनीतिक उथलपुथल: भ्रष्टाचार के खिलाफ जेनजी आंदोलन ने सत्ता को हिला डाला

इस सप्ताह के आरंभ में पूरे नेपाल को 40 घंटे से अधिक समय तक उग्र आक्रोश का सामना करना पड़ा जिसने संपत्ति को इतना नुकसान पहुंचाया जिसका आकलन कर पाना मुश्किल है। उदाहरण के लिए सिंह दरबार जिसे 1908 में काठमांडू में निजी आवास के लिए बारोक शैली में बनाया गया था और जिसे बाद […]

आज का अखबार, लेख

महाराष्ट्र में भाजपा का बढ़ता दबदबा और उद्धव-राज की एकजुटता से बदले राजनीतिक समीकरण

गणेश चतुर्थी महाराष्ट्र में गणपति कूटनीति का एक पारंपरिक अवसर है। यह ऐसा अवसर है जब मनमुटावों को भुलाया जाता है और मतभेदों को दूर किया जाता है। ठाकरे परिवार के साथ भी ऐसा ही हुआ जब शिव सेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) प्रमुख उद्धव ठाकरे अपने परिवार के साथ करीब 20 वर्ष बाद गणपति पूजा […]

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