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Jharkhand: झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेतृत्व वाले गठबंधन ने विधानसभा में हासिल किया विश्वास मत

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने धन शोधन के एक मामले में पिछले सप्ताह हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था।

Last Updated- February 05, 2024 | 11:01 PM IST
Floor test in Jharkhand Assembly

झारखंड में मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के नेतृत्व में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) नीत गठबंधन सरकार ने सोमवार को विधानसभा में विश्वास मत हासिल कर लिया। राज्य की 81 सदस्यीय विधानसभा में 47 विधायकों ने प्रस्ताव के पक्ष में वोट दिया जबकि 29 विधायकों ने इसके खिलाफ मतदान किया।

निर्दलीय विधायक सरयू राय ने मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं लिया। विधानसभा में मतदान के दौरान 77 विधायक उपस्थित रहे।

झामुमो, कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सत्तारूढ़ गठबंधन को भारत की कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी-लेनिनवादी (लिबरेशन) के इकलौते विधायक ने बाहर से समर्थन दिया। भाजपा नीत विपक्षी गठबंधन में भाजपा के 26 और ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन (AJSU) पार्टी के 3 विधायक हैं।

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने धन शोधन के एक मामले में पिछले सप्ताह हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था। इसके बाद झामुमो के विधायक दल के नेता चंपाई सोरेन ने 2 फरवरी को झारखंड के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी।

चंपाई सोरेन को सदन में अपनी सरकार का बहुमत साबित करने के लिए 10 दिन का वक्त दिया गया। हेमंत सोरेन अभी ईडी की हिरासत में हैं। उन्हें विशेष पीएमएलए (धन शोधन निवारण अधिनियम) अदालत ने विश्वास मत में हिस्सा लेने की अनुमति दी थी।

सत्तारूढ़ गठबंधन के करीब 38 विधायक विश्वास मत के मद्देनजर भाजपा द्वारा ‘खरीद-फरोख्त’ की आशंका के बीच 2 फरवरी को दो विमानों से कांग्रेस शासित तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद ले जाए गए थे। वे विश्वास मत से पहले रविवार शाम को रांची लौटे थे।

First Published - February 5, 2024 | 11:01 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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