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2030 तक हाउसिंग फाइनेंस मार्केट 81 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है: रिपोर्ट

सरकारी प्रोत्साहन और बढ़ती मांग से आवास वित्त क्षेत्र में सालाना 15-16% की बढ़ोतरी संभव

Last Updated- March 05, 2025 | 11:10 PM IST
RBI का नया निर्देश: हाउसिंग फाइनैंस कंपनियों के सार्वजनिक जमा नियम सख्त, सीमा में कटौती RBI's new instruction: Public deposit rules of housing finance companies tightened, limit reduced

केयर एज रेटिंग्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 2030 तक व्यक्तिगत आवास वित्त बाजार 77 से 81 लाख करोड़ रुपये का हो जाएगा, जो वित्त वर्ष 2025 में 33 लाख करोड़ रुपये है। बाजार में सालाना 15 से 16 फीसदी चक्रवृद्धि होने की संभावना है। रिपोर्ट में कहा गया है कि दमदार संरचनात्मक तत्त्व और अनुकूल सरकारी प्रोत्साहन से आवास वित्त क्षेत्र ऋणदाताओं के लिए एक आकर्षक परिसंपत्ति वर्ग बनेगा।

आवासीय संपत्ति बाजार में लगातार उछाल जारी है, जो आवास वित्त उद्योग को बढ़ावा देने का बड़ा कारण भी है। इसमें कैलेंडर वर्ष 2019 से अब तक 74 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई है। हालांकि, कैलेंडर वर्ष 2024 में बिक्री का प्रदर्शन सामान्य रहा है, फिर भी यह खरीदारों के दमदार भरोसे को दिखाता है।

पिछले साल 31 मार्च तक 74.5 फीसदी बाजार हिस्सेदारी के साथ आवासीय ऋण बाजार में बैंकों का दबदबा रहा है। इसे फंड लाभ, पहुंच, पोर्टफोलियो बायआउट और को-लेंडिंग जैसी सुविधाएं मिली हैं।

First Published - March 5, 2025 | 11:07 PM IST

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