facebookmetapixel
Advertisement
भारत की तेल जरूरतें क्यों पूरी नहीं कर पा रहा ईरानी क्रूड ऑयल? चीन की ओर मुड़े जहाजलाइन लगाने की जरूरत नहीं, घर पहुंचेगा गैस सिलेंडर: सीएम योगी आदित्यनाथऑल टाइम हाई के करीब Oil Stock पर ब्रोकरेज सुपर बुलिश, कहा- खरीद लें, 65% और चढ़ने का रखता है दमBharat PET IPO: ₹760 करोड़ जुटाने की तैयारी, सेबी में DRHP फाइल; जुटाई रकम का क्या करेगी कंपनीतेल, रुपये और यील्ड का दबाव: पश्चिम एशिया संकट से बढ़ी अस्थिरता, लंबी अनिश्चितता के संकेतवैश्विक चुनातियों के बावजूद भारतीय ऑफिस मार्केट ने पकड़ी रफ्तार, पहली तिमाही में 15% इजाफाJio IPO: DRHP दाखिल करने की तैयारी तेज, OFS के जरिए 2.5% हिस्सेदारी बिकने की संभावनाडेटा सेंटर कारोबार में अदाणी का बड़ा दांव, Meta और Google से बातचीतभारत में माइक्रो ड्रामा बाजार का तेजी से विस्तार, 2030 तक 4.5 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमानआध्यात्मिक पर्यटन में भारत सबसे आगे, एशिया में भारतीय यात्रियों की रुचि सबसे अधिक

त्योहारी सीजन में क्रेडिट कार्ड से खर्च में आई 15% की तेजी, HDFC और ICICI Bank रहे शीर्ष पर

Advertisement

प्रति कार्ड व्यय के मामले में एचडीएफसी बैंक सबसे ऊपर बना हुआ है, जबकि उसके बाद आईसीआईसीआई बैंक का स्थान है

Last Updated- November 10, 2025 | 10:22 PM IST
Credit Card
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

त्योहारों के मौसम में कुल मिलाकर खर्च बढ़ने और जीएसटी दरों में कटौती के कारण बैंकों के क्रेडिट कार्ड से खर्च बढ़ा है। भारतीय रिजर्व बैंक के ताजा आंकड़ों के मुताबिक सितंबर में क्रेडिट कार्ड से व्यय सालाना आधार पर 15 प्रतिशत बढ़ गया है।

प्रति कार्ड व्यय के मामले में एचडीएफसी बैंक सबसे ऊपर बना हुआ है, जबकि उसके बाद आईसीआईसीआई बैंक का स्थान है।  क्रेडिट कार्ड जारी करने वाले प्रमुख बैंकों में एचडीएफसी बैंक के प्रति कार्ड से व्यय सालाना आधार पर 2.8 प्रतिशत बढ़कर 23,959.8 रुपये  हो गया है। एसबीआई कार्ड से खर्च सालाना आधार पर रिकॉर्ड 33.5 प्रतिशत बढ़कर 18,892.3 रुपये हो गया है। आईसीआईसीआई बैंक से प्रति कार्ड व्यय 27.4 प्रतिशत बढ़कर 22,817.6 रुपये हो गया है।  वहीं ऐक्सिस बैंक के क्रेडिट कॉर्ड से प्रति कार्ड व्यय सालाना आधार पर 33.4 प्रतिशत बढ़कर 16,884.6 रुपये हो गया है।

सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के क्रेडिट कॉर्ड से प्रति कार्ड व्यय में पिछले एक साल में तेज वृद्धि हुई है। केयरएज के विश्लेषकों का कहना है कि सरकारी बैंकों के प्रति क्रेडिट कार्ड व्यय में वृद्धि की वजह बड़े पीएसबी द्वारा डिजिटल और रिवॉर्ड पेशकश में वृद्धि है। विश्लेषकों ने रिपोर्ट में कहा है, ‘इसके अलावा पीएसबी के क्रेडिट कार्डों से अधिक व्यय की एक वजह इन बैंकों द्वारा ज्यादा आमदनी वाले ग्राहकों को अधिक क्रेडिट लिमिट दिया जाना है।

इसके अलावा रिवॉर्ड स्ट्रक्चर, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्मों के साथ साझेदारी और डिजिटल सक्रियता की वजह से भी क्रेडिट कार्ड के इस्तेमाल में वृद्धि हुई है।’ विशेषज्ञों के अनुसार अर्थव्यवस्था में प्रति कार्ड खर्च  सितंबर 2025 में सालाना आधार पर 15 प्रतिशत बढ़कर 19,107.6 रुपये हो गया, जिसकी वजह जीएसटी दर में संशोधन और त्योहारी सीजन के कारण महंगी खरीदारी है।

Advertisement
First Published - November 10, 2025 | 10:03 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement