सार्वजनिक क्षेत्र के यूको बैंक ने 31 मार्च 2009 को समाप्त चौथी तिमाही में अपने शुध्द लाभ में 19 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की।
इस दौरान कंपनी ने 102.56 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ अर्जित किया। बैंक ने बताया कि वर्ष 2007-08 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) में उसे 85.99 करोड़ रुपये का शुध्द लाभ हुआ था।
समीक्षाधीन अवधि में यूको बैंक की कुल आय बढ़कर 2,520.62 करोड़ रुपये पहुंच गई जबकि इससे पूर्व वित्त वर्ष की समान अवधि में बैंक को 2,053.29 करोड़ रुपये की आय हुई थी। यूको बैंक ने प्रति इक्विटी शेयर एक रुपए लाभांश देने की घोषणा की है।
आंध्रा बैंक के शुध्द मुनाफे में बढ़ोतरी
31 मार्च 2009 को खत्म हुई तिमाही के बाद आंध्रा बैंक का शुध्द मुनाफा 61.93 फीसदी बढ़कर 201.21 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल की समान अवधि में बैंक का शुध्द मुनाफा 124.25 करोड़ रुपये था। उसके मुनाफे में हुई यह बढ़ोतरी ब्याज दरों से हुई ज्यादा कमाई के चलते है।
तिमाही में बैंक की ब्याज आय 31.15 फीसदी के इजाफे से बढ़कर 1506.7 करोड़ रुपये हो गई जबकि पिछले साल की समान तिमाही में बैंक की ब्याज आय 1,148.82 करोड़ रुपये ही थी। 31 मार्च 2009 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष में बैंक का शुध्द मुनाफा 12.56 प्रतिशत बढ़कर 656.05 करोड़ रुपये हो गया, जो कि इसके पिछले साल में 582.8 करोड़ रुपये था।
तमिलनाडु पेट्रो का शुध्द मुनाफा घटा
तमिलनाडु पेट्रो प्रोडक्ट्स लिमिटेड का शुध्द मुनाफा 31 मार्च 2009 को समाप्त चौथी तिमाही में 49 फीसदी घटकर 9.04 करोड़ रुपये रह गया। कंपनी ने बंबई स्टॉक एक्सचेंज को उक्त जानकारी दी।
पूर्व वित्त वर्ष की समान अवधि में यह 17.84 करोड़ रुपये था। इसी तरह 31 मार्च 2009 को समाप्त वर्ष में उसका समेकित शुध्द मुनाफा 29.69 करोड़ रुपये पहुंच गया जबकि पूर्व वर्ष में उसका शुध्द घाटा 16.57 करोड़ रुपये था।
इंडबैंक मर्चेंट सर्विसेज को नुकसान
सार्वजनिक क्षेत्र के ऋणदाता इंडियन बैंक की सहायक कंपनी इंडबैंक मर्चेंट बैंकिंग सर्विसेज लिमिटेड का शुध्द घाटा 31 मार्च 2009 को समाप्त चौथी तिमाही में 12.26 करोड़ रुपये रह गया। कंपनी ने बंबई स्टॉक एक्सचेंज को उक्त जानकारी दी। इससे पूर्व वित्त वर्ष की समान अवधि में उसका शुध्द मुनाफा 4.51 करोड़ रुपये था।
एमवीएल का शुध्द मुनाफा बढ़ा
एमवीएल का समेकित शुध्द मुनाफा 31 मार्च को समाप्त पहली तिमाही में बढ़कर 3 करोड़ रुपये पहुंच गया। पूर्व वित्त वर्ष की समान अवधि में यह 7 लाख रुपये था। उसकी कुल आय बढ़कर 25.79 करोड़ रुपये पहुंच गई, जो पूर्व वित्त वर्ष में 7.49 करोड़ रुपये थी।