facebookmetapixel
सरकार ने 4,531 करोड़ रुपये की बाजार पहुंच समर्थन योजना शुरू कीअनिश्चित माहौल में सतर्कता नहीं, साहस से ही आगे बढ़ा जा सकता है: टाटा चेयरमैनपुरानी EV की कीमत को लेकर चिंता होगी कम, कंपनियां ला रही बायबैक गारंटीऑटो PLI योजना का बढ़ेगा दायरा, FY27 से 8 और कंपनियों को मिलेगा प्रोत्साहनLPG Price Hike: नए साल की शुरुआत में महंगाई का झटका, LPG सिलेंडर ₹111 हुआ महंगादिल्ली की EV पॉलिसी 2.0 पर मंथन तेज, सायम और 5 कंपनियों के साथ मसौदे पर चर्चा करेगी सरकारबड़ी उधारी से 2026 में भी बॉन्ड यील्ड पर दबाव, रुपये को सीमित सहाराStocks to Watch: Jindal Poly से लेकर Vodafone और Adani Enterprises तक, नए साल पर इन स्टॉक्स में दिख सकता है एक्शनStock Market Update: बाजार ने बढ़त के साथ की 2026 की शुरुआत, सेंसेक्स 100 अंक चढ़ा; Vodafone 2% उछलाGold-Silver Outlook: सोना और चांदी ने 2025 में तोड़े सारे रिकॉर्ड, 2026 में आ सकती है और उछाल

आईटी क्षेत्र बना रहेगा शुद्ध नियोक्ता

Last Updated- December 12, 2022 | 3:33 AM IST

प्रौद्योगिकी के विकास और बढ़ते स्वचालन की वजह से पारंपरिक प्रौद्योगिकी की नौकरियों और उनकी भूमिकाओं का स्वरूप विकसित होगा, जिससे नई नौकरियों का सृजन होगा। आईटी कंपनियों के प्रतिनिधि संगठन नैशनल एसोसिएशन ऑफ सॉफ्टवेयर ऐंड सर्विसेज कंपनीज (नैसकॉम) ने गुरुवार को यह संभावना जताई।
स्वचालन का अर्थ सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में नौकरियां जाना होगा – ऐसी कुछ रिपोर्ट के जवाब में नैसकॉम ने कहा ‘उद्योग वित्त वर्ष 2021 में 1,38,000 लोगों को जोड़ते हुए लगातार कुशल प्रतिभा का शुद्ध नियोक्ता बना हुआ है और वित्त वर्ष 22 में जोरदार ढंग से नौकरियों पर रखे जाने की योजना है, क्योंकि शीर्ष पांच भारतीय आईटी कंपनियां 96,000 से अधिक कर्मचारियों को जोडऩे की योजना बना रही हैं। उद्योग डिजिटल कौशल में 2,50,000 से अधिक कर्मचारियों का प्रतिभा विकास कर रहा है और डिजिटल तौर पर प्रशिक्षित 40,000 से अधिक नई प्रतिभाओं को काम पर रखा है, जो कार्यबल क्षमताओं में तेजी से वृद्धि की दिशा में अपनी प्रतिबद्धता और निवेश को दर्शाता है।’
भारत में कारोबार प्रक्रिया प्रबंधन (बीपीएम) क्षेत्र, जिसे स्वचालन के लिए परिपक्व क्षेत्र कहा जाता रहा है, 14 लाख से अधिक लोगों को (घरेलू और आंतरिक लोगोंं को छोड़कर) को रोजगार प्रदात करता है, न कि 90 लाख लोगों को, जैसा कि रिपोर्ट बताती है। नैसकॉम ने कहा कि मार्च 2021 तक आईटी-बीपीएम क्षेत्र में कुल मिलाकर 45 लाख लोग कार्यरत हैं।
नैसकॉम ने कहा कि बीपीएम क्षेत्र में कुल नौकरियों का लगभग 33 प्रतिशत भाग ग्राहक संपर्क सेवाओं (जैसे मेल, चैट आदि सहित कॉल सेंटर का काम) से संबंधित था। भारत की ओर से अधिकांश ग्राहक कार्य अब एक ओमनी-चैनल प्रारूप में किया जा रहा है और इसमें उच्च कुशला वाली प्रौद्योगिकी और स्वचालन शामिल रहता है।
स्वचालन और रोबोटिक प्रक्रियागत स्वचालन पिछले तीन सालों से परिपक्व होता रहा है तथा और इससे बीपीएम क्षेत्र के लिए नौकरियों का शुद्ध सृजन हुआ है। उद्योग संगठन के अनुसार नैसकॉम-मैकिंसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक बीपीएम के लिए 180 से 220 अरब डॉलर का महत्त्वपूर्ण अवसर है, जिसमें विकास और नौकरियों के लिए खासी जगह है।
नैसकॉम ने कहा कि भारत में बीपीओ उद्योग वैश्विक ग्राहकों के लिए लगातार प्रक्रियागत नवाचार कर रहा है जिसमें उत्पादों का निर्माण, लिवरिज एनालिटिक्स और ग्राहक अनुभव भी शामिल है तथा सभी कंपनियों द्वारा की गई घोषणा महामारी वाले वर्ष में वृद्धि और भावी अवसर को दर्शाती है।
सबसे मजबूत सौदों में से एक का पाइपलाइन में होने तथा कारोबार के दमदार परिदृश्य से उद्योग वर्ष 2025 तक 300 से 350 अरब डॉलर के राजस्व के अपने दृष्टिकोण को पूरा करने वाले मार्ग पर अग्रसर है। नैसकॉम ने कहा कि उद्योग नौकरियों का शुद्ध सृजक बना रहेगा और लोगों पर केंद्रित नवाचार, कौशल पर अनवरत ध्यान और बेहतर परिवर्तनकारी ग्राहक अनुभव प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

First Published - June 17, 2021 | 11:27 PM IST

संबंधित पोस्ट