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भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप कॉरिडोर से ग्लोबल सप्लाई चैन ज्यादा लचीली बनेगी : EEPC India

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प्रस्तावित ‘भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप आर्थिक गलियारा’ की घोषणा शनिवार को सम्पन्न हुए नई दिल्ली जी-20 शिखर सम्मेलन में की गई है।

Last Updated- September 11, 2023 | 3:22 PM IST
India hosts G20 leaders' summit

‘भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप आर्थिक गलियारा’ (India-West Asia-Europe Economic Corridor) एक क्रांतिकारी परियोजना साबित होगी और इससे वैश्विक कारोबार को भारी बढ़ावा मिलेगा। भारतीय इंजीनियरिंग निर्यात संवर्द्धन परिषद (ईईपीसी इंडिया) ने सोमवार को यह बात कही।

प्रस्तावित ‘भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप आर्थिक गलियारा’ की घोषणा शनिवार को सम्पन्न हुए नई दिल्ली जी-20 शिखर सम्मेलन में की गई है। ईईपीसी इंडिया के चेयरमैन अरुण कुमार गरोडिया ने कहा, ‘‘इस गलियारे से वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में और ज्यादा लचीलापन आएगा।’’

इस परियोजना का मकसद भारत को समुद्र तथा बंदरगाह के माध्यम से पश्चिम एशिया के जरिए यूरोप से जोड़ना है। गरोडिया ने एक बयान में कहा कि यह महाद्वीपों में वस्तुओं तथा सेवाओं की आवाजाही को एक नई परिभाषा देगा क्योंकि इससे रसद लागत में कमी आएगी और माल की त्वरित आपूर्ति सुनिश्चित होगी।

यह भी पढ़ें : भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप आर्थिक गलियारा करेगा चीन के BRI का मुकाबला

उन्होंने कहा कि भारत के इंजीनियरिंग निर्यात क्षेत्र के लिए पश्चिम एशिया तथा यूरोप दोनों प्रमुख बाजार हैं। इस स्तर का परिवहन बुनियादी ढांचा होने से वैश्विक स्तर पर इसकी प्रतिस्पर्धात्मकता में काफी वृद्धि होगी। गरोडिया ने कहा कि परिवर्तनकारी परियोजना में निवेश से आर्थिक गतिविधियों को काफी बढ़ावा मिलेगा, नौकरियों का सृजन होगा और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कार्बन उत्सर्जन को कम करने में मदद मिलेगी।

भारत ने अमेरिका तथा कई प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के साथ नौ सितंबर को महत्वाकांक्षी आर्थिक गलियारे की घोषणा की। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने संपर्क पहल को बढ़ावा देते हुए सभी देशों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के सम्मान पर जोर दिया। जी-20 शिखर सम्मेलन से इतर अमेरिका, भारत, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, फ्रांस, जर्मनी, इटली और यूरोपीय संघ के नेताओं ने नए आर्थिक गलियारे की संयुक्त रूप से घोषणा की। इसे कई लोग चीन की ‘बेल्ट एंड रोड’ पहल के विकल्प के रूप में देख रहे हैं।

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First Published - September 11, 2023 | 3:22 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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