Adani Group अब डिफेंस सेक्टर में भी अपनी पकड़ मजबूत करना चाहता है। इसी क्रम में अदाणी समूह की अदाणी डिफेंस एंड एरोस्पेस उत्तर प्रदेश के कानपुर में बड़ा निवेश करने की तैयारी में है। इस मामले में कंपनी के सीईओ आशीष राजवंशी ने बताया कि डिफेंस एंड एयरोस्पेस साल 2027 तक कानपुर में अपने नए गोला-बारूद और मिसाइल परिसरों में 3,000 करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश करेगा।
बता दें, 26 फरवरी को ही कानपुर के इस मिसाइल कॉम्प्लेक्स का उद्घाटन किया गया था। यहां पर दक्षिण एशिया में सबसे बड़ी गोला-बारूद निर्माण की सुविधा होगी। इस कॉम्पलेक्स की शुरुआत 1,500 करोड़ रुपये के शुरुआती इंवेस्टमेंट से हुई है।
हजारों लोगों को मिलेगा रोजगार
ऐसी उम्मीद है कि इससे करीब लगभग 4,000 नौकरियों का मौका बनेगा। इसके साथ ही अप्रत्यक्ष रूप से इससे सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम और स्थानीय कंपनियों में भी 20,000 नौकरियों के अवसर बनेंगे।
अदाणी पोर्ट्स एंड एसईजेड लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी करण अदाणी ने बताया कि मात्र 15 महीने में 5 हजार एकड़ में बनकर तैयार अदाणी समूह का ये उत्पादन कॉम्प्लेक्स दक्षिण एशिया का सबसे बड़ा एम्युनेशन मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स है। इसकी क्षमता प्रतिवर्ष 150 मिलियन राउंड एम्युनेशन उत्पादन की है।
यहां रायफल, लाइट मशीन गन (एलएमजी), एके-47 और कार्बाइन की गोलियां बनेंगी। इसके बाद अगले चरण में आर्टिलरी गन, गोला-बारूद, तोपें और हैंड ग्रेनेड समेत सेना के जवानों के लिए अलग-अलग तरह के अस्त्र-शस्त्र व सुविधाओं संबंधित उत्पाद निर्मित किए जाएंगे।
15 सौ करोड़ से शुरू हुआ ये प्रोजेक्ट अगले पांच साल में 3 हजार करोड़ का विस्तार प्राप्त करेगा। इससे 4 हजार लोगों को जहां सीधे सीधे रोजगार प्राप्त होगा वहीं इससे पांच गुना ज्यादा अप्रत्यक्ष रोजगार भी ये कॉम्प्लेक्स सृजित करेगा। साथ ही साथ ये कॉम्प्लेक्स अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए सोलर पॉवर और वेस्ट मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेगा।