facebookmetapixel
Advertisement
विकास के अगले चरण के लिए भूमि व कारोबारी माहौल में सुधार जरूरी: प्रधानमंत्री मोदी तमिलनाडु में सरकार के 100 दिन, एमजीआर की याद दिला रहे विजयपश्चिम बंगाल में कारोबार को बढ़ावा, नई सरकार के पहले 100 दिन में निवेश पर जोर1991 के आ​र्थिक सुधारों से उद्योग को मिला प्रतिस्पर्धा का भरोसा, औद्योगिक और व्यापार नीति में तालमेल बिठाना जरूरीऑफर फॉर सेल के जरिये जुटाई गई रकम में उफान, LIC का अहम योगदानQ1 Results: लिस्टेड कंपनियों के मुनाफे में 16% की तेज बढ़त, BFSI और मेटल सेक्टर का बड़ा योगदानRBI के फैसले से बैंकों में हलचल, FCNR(B) जमा जुटाने की रफ्तार बढ़ीबाजार हलचल: प्री-आईपीओ शेयर, नया SLB कॉन्ट्रैक्ट और UPI नियम पर नजरजुलाई में बायोकॉन बनी MF की पसंदीदा स्मॉल-कैप खरीद, ₹3,300 करोड़ का निवेशराजस्व और मार्जिन के मोर्चे पर अपोलो से आगे मैक्स, मरीजों की बढ़ती संख्या से ग्रोथ को सहारा

रुपया गिरकर 4 माह से ज्यादा समय के निचले स्तर पर

Advertisement

डॉलर के मुकाबले रुपया 86.82 पर बंद हुआ, जो इस साल के 13 मार्च के बाद का निचला स्तर है

Last Updated- July 29, 2025 | 10:43 PM IST
Dollar Vs Rupee

मंगलवार को रुपया गिरकर 4 माह से ज्यादा समय के निचले स्तर पर पहुंच गया। माह के आखिर की भुगतान संबंधी बाध्यताएं पूरा करने के लिए आयातकों की मांग के कारण डॉलर में मजबूती आई और इसका असर रुपये पर पड़ा। डीलरों ने कहा कि सरकारी बैंकों द्वारा डॉलर की खरीद का भी बोझ रुपये पर पड़ा। भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता के परिणामों को लेकर अनिश्चितता के कारण भी धारणा कमजोर पड़ी है और 1 अगस्त की अंतिम तिथि को देखते हुए निवेशकों ने सावधानी बरती।

डॉलर के मुकाबले रुपया 86.82 पर बंद हुआ, जो इस साल के 13 मार्च के बाद का निचला स्तर है, जब घरेलू मुद्रा 87 रुपये प्रति डॉलर के निचले स्तर पर चली गई थी। सोमवार को रुपया 86.67 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था।

निजी क्षेत्र के एक डीलर ने कहा, ‘निर्यातकों की ओर से डॉलर की मांग थी। कुछ सरकारी बैंकों ने भी डॉलर खरीदे।’ उन्होंने कहा, ‘अमेरिका के साथ व्यापार समझौते को लेकर चल रही अनिश्चितता के कारण पिछले 2 सप्ताह से धारणा कमजोर है।’ इस महीने में अब तक रुपया 1.37 प्रतिशत कमजोर हुआ है, जबकि इस कैलेंडर वर्ष में अब तक डॉलर के मुकाबले रुपया 3.74 प्रतिशत कमजोर हुआ है।

एक निजी बैंक के ट्रेजरी प्रमुख ने कहा, ‘विदेशी पोर्टफोलियो की निकासी के कारण रुपये पर दबाव पड़ा।  86.90 रुपये प्रति डॉलर पर थोड़ा प्रतिरोध दिखा, जब गिरावट थामने के लिए रिजर्व बैंक ने हस्तक्षेप किया।’

उधर रिजर्व बैंक को 3 दिन की वैरिएबल रेट रिवर्स रीपो (वीआरआरआर) नीलामी के लिए 46,058 करोड़ रुपये की बोली मिली है, अधिसूचित राशि  50,000 करोड़ रुपये थी। केंद्रीय बैंक ने 5.49 प्रतिशत कटऑफ रेट पर बोली की राशि स्वीकार कर ली। एक सरकारी बैंक के डीलर ने कहा, ‘बोली की राशि उम्मीद के अनुरूप ही थी।’

Advertisement
First Published - July 29, 2025 | 10:21 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement