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Maruti Suzuki Price Hike: देश की सबसे बड़ी कार निर्माता मारुति सुजुकी इंडिया (Maruti Suzuki) बढ़ती कमोडिटी (कच्चे माल) की कीमतों के चलते अपने कारों की कीमतें बढ़ाने पर विचार करेगी। कंपनी के सीनियर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (मार्केटिंग एंड सेल्स) पार्थो बनर्जी ने सोमवार को यह बात कही। उन्होंने बताया कि GST दरों में कटौती के बाद बाजार में मांग मजबूत बनी हुई है। कंपनी के पास फिलहाल प्रोडक्शन लिमिट के चलते 1.75 लाख पेंडिंग ऑर्डर हैं। सिर्फ जनवरी महीने में ही कंपनी को 2.78 लाख बुकिंग मिलीं। पार्थो ने यह जानकारी एक वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी।
पीटीआई रिपोर्ट के मुताबिक, बनर्जी ने कहा कि कमोडिटी के मोर्चे पर कीमतें बढ़ रही हैं। खासकर कीमती धातुओं (प्रेशियस मेटल्स) में बढ़ोतरी बहुत ज्यादा है। भू-राजनीतिक हालात को देखते हुए कंपनी इस पर नजर रखे हुए हैं, लेकिन आने वाले समय में कीमतों में बढ़ोतरी की समीक्षा करनी पड़ेगी। वे कच्चे माल की बढ़ती कीमतों के कारण निकट भविष्य में संभावित कीमत बढ़ोतरी पर पूछे गए सवाल का जवाब दे रहे थे, जिससे इनपुट लागत बढ़ गई है।
उन्होंने कहा कि मार्केट लीडर होने के नाते हमारा हमेशा प्रयास रहता है कि ग्राहकों पर लागत का असर कम से कम पड़े। हमारी सप्लाई चेन टीम और प्रोडक्शन टीम मिलकर यह देख रही है कि कमोडिटी की बढ़ी लागत का कितना हिस्सा कंपनी खुद वहन कर सकती है। हालांकि, उन्होंने बताया कि अगर एक लिमिट के बाद बढ़ती लागत को एडजस्ट करना मुश्किल हो जाता है, तो इसका बोझ ग्राहकों पर डालना पड़ेगा।
संभावित कीमत बढ़ोतरी के समय को लेकर उन्होंने कोई स्पष्ट तारीख नहीं बताई, लेकिन कहा कि कंपनी ने जनवरी में ‘प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम’ शुरू की है उन ग्राहकों के लिए, जिन्होंने गाड़ी बुक की है लेकिन अभी डिलीवरी नहीं मिली है।
उन्होंने कहा कि पहली बार चार पहिया वाहन खरीदने वाले ग्राहक आ रहे हैं और उन्हें अपग्रेड का मौका देना जरूरी है। इसलिए जिन ग्राहकों ने पहले से बुकिंग कर रखी है, उनके लिए कीमत नहीं बढ़ाई जाएगी। पिछले साल सितंबर में GST 2.0 लागू होने के बाद कंपनी ने कई एंट्री-लेवल मॉडलों की कीमतों में बड़ी कटौती की थी। GST 2.0 में S-Presso की कीमत में ₹1,29,600 तक, Alto K10 में ₹1,07,600 तक, Celerio में ₹94,100, और Wagon-R में ₹79,600 तक की कटौती हुई।
पैसेंजर व्हीकल्स इंडस्ट्री के भविष्य पर पूछे गए सवाल पर बनर्जी ने कहा कि ऑटो इंडस्ट्री फिर से 6-7 प्रतिशत की CAGR पर लौट सकती है। लेकिन जिस तरह से कमोडिटी की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं, उसे देखते हुए और भू-राजनीतिक हालात साफ होने के बाद ही बेहतर अनुमान लगाया जा सकता है। हालांकि, GST 2.0 सुधार से ऑटो इंडस्ट्री को जो बूस्ट मिला है और बजट 2026-27 में इंफ्रास्ट्रक्चर पर कैपेक्स बढ़ाने की घोषणा, यह सब मिलकर ऑटो सेक्टर को मजबूत बढ़त देगा।
जनवरी में कंपनी ने अब तक की सबसे ज्यादा 2,36,963 यूनिट्स मासिक बिक्री दर्ज की है। उन्होंने कहा कि कंपनी को 2.78 लाख से ज्यादा बुकिंग मिलीं, जो साल-दर-साल आधार पर 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी है। बाजार से रोजाना करीब 9,000 से 10,000 बुकिंग मिल रही हैं। जनवरी में कंपनी का निर्यात भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। यह पिछले महीने 51,020 यूनिट्स, जो अब तक का सबसे हाई मासिक आंकड़ा है।
कंपनी की नई लॉन्च की गई SUV VICTORIS ने 5 महीनों में 50,000 यूनिट्स की बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है। उत्पादन क्षमता को लेकर उन्होंने कहा कि नई क्षमता शुरू होने तक कंपनी को अभी कुछ महीनों तक सीमाओं के साथ काम करना पड़ेगा।
हरियाणा के खरखौदा में मारुति सुजुकी का दूसरा प्लांट अप्रैल 2026 तक शुरू होने की उम्मीद है। इसके बाद गुजरात प्लांट में चौथी प्रोडक्शन लाइन शुरू की जाएगी। इससे कंपनी की कुल क्षमता में हर साल 5 लाख यूनिट्स की बढ़ोतरी होगी। e VITARA के घरेलू लॉन्च पर उन्होंने कहा कि यह इलेक्ट्रिक SUV इसी महीने बाजार में आएगी और इसकी डिस्पैच पहले ही शुरू हो चुकी है।