परिसमापन मूल्य की 201 प्रतिशत वसूली
दिवाला एवं ऋणशोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) के तहत सौंपी गई दबाव वाली इकाइयों का मूल्यांकन पहले ही बहुत खराब हो चुका है, ऐसे में स्वीकार किए गए दावों के साथ वास्तविक मूल्य की तुलना करना संभवतः समाधान प्रक्रिया की प्रभावशीलता का उचित संकेतक नहीं हो सकता है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 2021-22 की अपनी […]
बढ़ती उधारी लागत से खबरदार
गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) ने महामारी का सामना बेहतर तरीके से किया है और इससे उनके मुनाफे में सुधार हुआ है, लेकिन उन्हें उधारी की बढ़ती लागत से सचेत रहने की जरूरत है। महंगाई पर काबू पाने के लिए रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति की सख्ती के कदमों के कारण इस समय उधारी की […]
त्योहार खत्म, क्रेडिट कार्ड से खर्च कम
त्योहारों का मौसम खत्म होने के कगार पर है। उपभोग गतिविधियों में भी मंदी आई है। इस कारण नवंबर में क्रेडिट कार्ड से खर्च 11 फीसदी कम होकर 1.15 लाख करोड़ रुपये रह गया है। हालांकि, यह लगातार नौवें महीने एक लाख करोड़ रुपये से अधिक रहा है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के आंकड़े दर्शाते […]
RuPay Credit Card: मार्च तक आ सकता है तीन प्रमुख बैंकों का रुपे क्रेडिट कार्ड
क्रेडिट कार्ड (Credit Card) जारी करने वाले देश के दिग्गज SBI कार्ड, ICICI बैंक और Axis बैंक मार्च तक ‘UPI फीचर वाले रुपे क्रेडिट कार्ड’ (RuPay Credit Card) जारी कर सकते हैं। इस मामले से जुड़े एक व्यक्ति ने कहा कि इस सुविधा से रोजाना लेनदेन का मूल्य मौजूदा 50 लाख रुपये रोजाना से बढ़ने […]
तय सीमा से ज्यादा खर्च किया कुछ ने
वित्त वर्ष 2022 के दौरान जीवन बीमा और गैर जीवन बीमा दोनों क्षेत्रों की कुछ बीमा कंपनियों ने बीमा नियामक के 2016 के दिशानिर्देशों में तय प्रबंधन की सीमा से अधिक व्यय किया है। भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण (आईआरडीएआई) की ओर से 2021-22 के लिए जारी सालाना रिपोर्ट में यह सामने आया है। […]
‘बीमा वाहक’ की अवधारणा पर हो रहा विचार
देश में ऐसे लोगों की बड़ी तादाद है जो वित्तीय मदद और बीमा की सुविधाओं से वंचित हैं। इसे ध्यान में रखते हुए इस क्षेत्र में कई तरह के बदलाव लाए जाने की जरूरत पर जोर दिया जा रहा है। भारतीय बीमा नियामक विकास प्राधिकरण (आईआरडीएआई) के सदस्य (वित्त एवं निवेश) राकेश जोशी का कहना […]
BFSI Summit: नियामकीय फेरबदल से बदलेगी तस्वीर
बीमा नियामक द्वारा किए गए नियामकीय बदलाव और केंद्र के द्वारा बीमा कानून में संशोधन के प्रस्ताव से भारत के बीमा क्षेत्र में नई संभावनाओं का आगाज हो सकता है। बिज़नेस स्टैंडर्ड के बीएफएसआई इनसाइट समिट में शामिल हुए देश की सामान्य बीमा कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के सकारात्मक माहौल […]
BFSI SUMMIT: बैंकिंग सेवा देने वाली सभी इकाइयों के लिए समान नियमन जरूरी
नियामकीय दायरे से बाहर गैर-बैंकिंग इकाइयां उन मानकों और दिशा-निर्देशों के दायरे में शामिल नहीं हैं जो बैंकों से जुड़े हुए हैं। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के डिप्टी गवर्नर टी रबि शंकर ने बिजनेस स्टैंडर्ड बीएफएसआई इनसाइट समिट में कहा कि बैंकिंग सेवा मुहैया कराने वाली इकाई बैंकों के समान नियमों के दायरे में आनी […]
नवंबर के दूसरे पखवाड़े में बैंक ऋण 17.5% और जमा 9.9% बढ़ी
बैंकों द्वारा दिया जाने वाला ऋण 2 दिसंबर 2022 को खत्म हुए पखवाड़े में 17.5 प्रतिशत बढ़कर 131.06 लाख करोड़ रुपये हो गया है। इससे अर्थव्यवस्था में निरंतर जारी ऋण की मांग का पता चलता है। रिजर्व बैंक के आंकड़ों से पता चलता है कि जमा में पिछले साल की तुलना में 9.9 प्रतिशत बढ़ोतरी […]
एनबीएफसी के पुनर्गठित खातों से चूक बढ़ीः इक्रा
गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) के पुनर्गठित खातों का एक बड़ा हिस्सा वित्त वर्ष 2023 की पहली छमाही में चूक करके गैर निष्पादित संपत्तियों में चला गया है। यह भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा महामारी के दौरान दी गई मॉरेटोरियम की सुविधा के तहत पुनर्गठित किया गया था। इसके कारण इस सेक्टर के संपत्ति की […]








