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अयोध्या, काशी, मथुरा ने निकाय चुनाव में भाजपा को नकारा

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Last Updated- December 12, 2022 | 5:11 AM IST

उत्तर प्रदेश में जारी कोरोना की दूसरी लहर के बीच संपन्न हुए पंचायत चुनावों में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी को अपेक्षित सफलता नहीं मिली है।
कोरोना लहर के चलते पूर्वी व मध्य यूपी में और किसान आंदोलन की वजह पश्चिमी यूपी में भाजपा को खासा नुकसान उठाना पड़ा है। भाजपा के लिए सबसे बड़ा झटका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चुनाव क्षेत्र वाराणसी में मिली हार है जहां उसे समाजवादी पार्टी ने पीछे छोड़ दिया है। आगामी विधानसभा चुनावों में अयोध्या के राम मंदिर और मथुरा में कृष्ण जन्मभूमि की मुक्ति को बड़ा मुद्दा बनाने में जुटी भाजपा को इन दोनो जिलों में मुंह की खानी पड़ी है।
उत्तर प्रदेश में हुए जिला पंचायत सदस्यों के चुनाव के नतीजों के लिहाज से भाजपा को अधिकांश सीटों पर हार का मुंह देखना पड़ा है। परिणामों के मुताबिक जिला पंचायत के 3,050 सदस्यों में से 3,047 के नतीजे या रुझान सामने आ चुके हैं। इनमें भाजपा ने 768, सपा ने 759 सीटें जीती हैं तो बसपा 369 सीटों पर जीत मिली है। कांग्रेस को 80 सीटें मिली हैं जबकि आम आदमी पार्टी भी वाराणसी सहित कई स्थानों पर जीत हासिल कर चुकी है। निर्दल प्रत्याशियों ने सबसे ज्यादा 1,071 सीटों पर जीत हासिल की है।
भाजपा की चुनावी रणनीति के केंद्र में रहे अयोध्या, मथुरा और वाराणसी में पार्टी को करारा झटका लगा है। मथुरा जिला पंचायत के चुनाव परिणाम में जिले में बसपा ने पहला स्थान प्राप्त किया है और भाजपा और रालोद 9-9 सीट जीतकर के बराबर रहे हैं । जिले में 3 सीटों पर निर्दलीय एवं एक पर सपा ने परचम लहराया है। मथुरा में प्रदेश के पूर्व मंत्री एवं मांट क्षेत्र से विधायक श्यामसुंदर शर्मा की पत्नी एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सुधा शर्मा बसपा से चुनाव जीत गई हैं। वहीं पूर्व विधायक भाजपा प्रणतपाल सिंह के बेटे चुनाव हार गए हैं।
अयोध्या में 40 में से 24 सीटें समाजवादी ने जीत ली हैं। भाजपा को केवल 6 सीटें मिली हैं।
वाराणसी में 40 सीटों में से सपा को 14 सीटें हासिल हुई हैं। भाजपा को केवल 8 सीटें मिल सकी हैं। यहां बसपा को 5, अपना दल (एस) को 3, सुभासपा को 1, आप को 1 और 3 सीट पर निर्दल जीते हैं। लखनऊ में भी भाजपा की हार हुई है। हालांकि बड़ी तादाद में जीते निर्दलीय जिला पंचायत चुनाव के सदस्यों को भाजपा अपना बता रही है।  
कुशीनगर जिले की 61 जिला पंचायत सीट में मात्र 6 सीट भाजपा के खाते में आई हैं जबकि 9 सीटों पर सपा व 3 पर बसपा का कब्जा हुआ और कांग्रेस ने भी 3 सीटें जीती हैं। 40 सीटों पर निर्दल प्रत्याशियों ने अपना लोहा मनवाया है। बस्ती में जिला पंचायत सदस्य चुनाव में भाजपा को बड़ा झटका लगा है जहां इसके 43 उम्मीदवारों में से 9 लोगों ने जीत दर्ज की है और जिला पंचायत सदस्य के 34 उम्मीदवार चुनाव हारे हैं।

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First Published - May 4, 2021 | 11:53 PM IST

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