Stock Market Update, February 06, 2026: एशियाई बाजारों में गिरावट के बीच भारतीय शेयर बाजार हफ्ते के अंतिम ट्रेडिंग सेशन यानी शुक्रवार (6 फरवरी) को गिरावट में खुले। आईटी स्टॉक्स में गिरावट की वजह से बाजार पर दबाव पड़ा है। वहीं, आरबीआई ने रीपो रेट को 5.25% पर बरकरार रखने का फैसला किया है। इसके बाद ब्याज दरों से जुड़े सेक्टरों जैसे बैंक, एनबीएफसी, ऑटो और रियल एस्टेट के शेयरों में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला।
तीस शेयरों वाला बीएसई (BSE Sensex) मामूली गिरावट लेकर 83,249.32 पर खुला और यह खुलते ही इसमें गिरावट देखने कोई मिली। हालांकि, बाद में इंडेक्स में रिकवरी देखी जा रही है। दोपहर 12 बजे के करीब यह 56.53 अंक या 0.07% की मामूली बढ़त लेकर 83,370.46 पर कारोबार कर रहा था।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) 25,605 पर खुला और खुलते ही 25600 के नीचे फिसल गया। हलांकी, कारोबार बढ़ने के साथ इंडेक्स में कुछ रिकवरी देखी गई। दोपहर 12 बजे के आस पास यह 19.40 अंक या 0.08 फीसदी की मामूली गिरावट लेकर 25,623.40 पर करोबार कर रहा था।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने शुक्रवार (6 फरवरी) को रेपो रेट पर अपने फैसले का एलान कर दिया। समिति ने मौजूदा परिस्थितियों पर गौर करते हुए प्रमुख नीतिगत दर रीपो रेट (Repo Rate) को 5.25% पर बरकरार रखने का फैसला किया। यह समिति की चालू वित्त वर्ष की अंतिम द्विमासिक द्विमासिक मॉनेटरी पॉलिसी है।
आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति ने 4 से 6 फरवरी के बीच हुई अपनी पॉलिसी मीटिंग में ‘न्यूट्रल’ रुख बरकरार रखा। आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने पॉलिसी बैठक के बाद इस निर्णय की घोषणा की। बता दें कि फरवरी 2025 से अब तक ब्याज दरों में 100 बेसिस पॉइंट की कटौती की जा चुकी है।
एनरिच मनी के सीईओ पोन्मुडी आर के मुताबिक, निफ्टी 50 लगातार 25,800 के ऊपर टिकने में नाकाम रहने के बाद अभी भी कंसोलिडेशन के दौर में बना हुआ है। इससे ऊंचे स्तरों पर बिकवाली और मुनाफावसूली का दबाव साफ नजर आता है। 25,600-25,500 का दायरा एक अहम सपोर्ट जोन बन गया है। यह हाल के स्विंग लो और 20 व 100-डे EMA (एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज) के आसपास है, इसलिए इसे मजबूत सहारा माना जा रहा है। ऊपर की तरफ 25,800-25,900 के बीच मजबूत रेजिस्टेंस है, जबकि 26,000 का मनोवैज्ञानिक स्तर और बड़ी रुकावट के रूप में काम करेगा।
दूसरी ओर, अगर निफ्टी 25,500 के नीचे निर्णायक रूप से टूटता है, तो इसमें और गिरावट आ सकती है और यह 25,000 के स्तर तक जा सकता है। आज के लिए बाजार का रुझान सीमित दायरे में रहने का है, लेकिन अगर 25,600 का स्तर मजबूती से टूटता है तो हल्का नकारात्मक दबाव बढ़ सकता है।
एशिया के शेयर बाजारों में शुक्रवार को गिरावट जारी रही। अमेरिका की टेक (तकनीकी) कंपनियों के शेयरों में नुकसान होने से दुनियाभर में निवेशकों का भरोसा कमजोर हुआ। दक्षिण कोरिया का कोस्पी करीब 3 प्रतिशत गिरा, जबकि हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स लगभग 2 प्रतिशत नीचे रहा।
वॉल स्ट्रीट पर भी टेक शेयरों में दबाव रहा। ब्लूमबर्ग के मुताबिक, टेक शेयरों वाला नैस्डैक 100 पिछले साल अप्रैल के बाद तीन दिनों में सबसे बड़ी गिरावट का सामना कर रहा है। इसकी एक वजह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर चिंता भी है। इस दौरान S&P 500 इंडेक्स 1.23% और नैस्डैक 1.59% नीचे बंद हुआ।