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Gensol Share: 96% तक डूब गया था यह मल्टीबैगर स्टॉक, अब 5 दिन से लग रहा अपर सर्कट; 1 हफ्ते में 27% की छलांग

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Gensol Share: सेबी की कार्रवाई से जेनसोल इंजीनियरिंग के शेयरों में भूचाल आ गया था। शेयर 1,125.75 रुपये से गिरकर 51.84 रुपये प्रति शेयर के ऑल टाइम लो पर गिर गए थे।

Last Updated- May 19, 2025 | 11:16 AM IST
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Gensol Engineering Share Price: जेनसोल इंजीनियरिंग लिमिटेड के शेयर सोमवार (19 मई) को 5 फीसदी चढ़ गए और इसी के साथ शेयरों में लगातार पांचवें ट्रेडिंग सेशन में अपर सर्कट लग गया। प्रोमोटर्स के इस्तीफे के कुछ दिन बाद जेनसोल इंजीनियरिंग के चीफ फाइनेंशियल अफसर (CFO) जाबिरमेहंदी मोहम्मदराजा आगा ने भी संकटग्रस्त कंपनी को तत्काल प्रभाव से छोड़ दिया है।

इस खबर के बाद जेनसोल इंजीनियरिंग के शेयर सोमवार को बीएसई पर 3.31 रुपये या 4.99 फीसदी की बढ़त लेकर 69.60 रुपये पर पहुंच गए। इसकी तुलना में बीएसई सेंसेक्स 0.11% गिरकर 82,237.76 पर था। हाई से 96 फीसदी तक गिरने के बाद यह लगातार पांचवां ट्रेडिंग सेशन है जब स्टॉक में 5 फीसदी का अपर सर्कट लगा है। बता दें कि शेयर 51.84 रुपये तक गिर गया था।

मोहम्मदराजा आगा ने अपने रेसिग्नेशन लेटर में कहा कि जेनसोल इंजीनियरिंग इस समय कई गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है। कंपनी के खिलाफ कई नियामक एजेंसियां जांच कर रही हैं और टॉप मैनेजमेंट के कई सदस्य अपने पदों से इस्तीफा दे चुके हैं।

आगा ने कहा कि विभिन्न विभागों में महत्वपूर्ण डेटा का बिखराव कंपनी की इन जांचों का प्रभावी ढंग से जवाब देने की क्षमता को बाधित कर रहा है, क्योंकि एक मजबूत सपोर्ट सिस्टम की कमी है।

उन्होंने लिखा, “इन परिस्थितियों से पैदा हुए अत्यधिक दबाव मेरे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर नेगेटिव असर डाल रहा है। इससे मैं अपनी जिम्मेदारियों पर ध्यान केंद्रित नहीं कर पा रहा हूं। ऐसे हालात में मैंने इस्तीफा देने का कठिन निर्णय लिया है, जो मुझे लगता है कि कंपनी के हित में है।”

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96% तक गिर गए थे जेंसोल के शेयर

बता दें कि 15 अप्रैल को भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) ने फंड डायवर्जन और गवर्नेंस में गड़बड़ियों के मामले में जेनसोल इंजीनियरिंग और इसके दो प्रमोटरों पर अगले आदेश तक शेयर बाजार में लेन-देन करने पर रोक लगा दी। रेगुलेटर ने जग्गी ब्रदर्स को भी अगले आदेश तक जेंसोल में डायरेक्टर या किसी भी प्रमुख प्रबंधन पद पर बने रहने से प्रतिबंधित कर दिया। साथ ही, सेबी ने जेंसोल इंजीनियरिंग को फिलहाल स्टॉक स्प्लिट की प्रक्रिया को रोकने का भी आदेश दिया था।

सेबी की इस कार्रवाई के बाद से जेनसोल इंजीनियरिंग के शेयरों में भूचाल आ गया था। कंपनी के शेयरों में लगातार कई दिनों तक लोअर सर्कट लगा। इससे यह अपने 52 वीक्स हाई 1,125.75 रुपये से गिरकर 51.84 रुपये प्रति शेयर के ऑल टाइम लो पर गिर गए थे। हालांकि, पिछले पांच ट्रेडिंग सेशन में स्टॉक में पॉजिटिव मूवमेंट देखने को मिला है। इस दौरान शेयर में 27.57% की तेजी आई है।

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First Published - May 19, 2025 | 11:06 AM IST

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