facebookmetapixel
GST Collections: ग्रॉस जीएसटी कलेक्शन दिसंबर में 6% बढ़कर ₹1.74 लाख करोड़, घरेलू रेवेन्यू पर दबाव2026 में ये 5 शेयर कराएंगे अच्छा मुनाफा! ब्रोकरेज ने दी BUY रेटिंग, 35% तक अपसाइड के टारगेटसेक्टोरल और थीमैटिक फंड्स किसी रोलर-कोस्टर से कम नहीं, 2026 के लिए एक्सपर्ट्स ने बताई निवेश की स्ट्रैटेजीतरुण गर्ग बने ह्युंडै मोटर इंडिया के MD & CEO, पहली बार भारतीय को मिली कमानरुपये की कमजोरी, बाजार की गिरावट का असर; 2025 में सिमटा भारत के अरबपतियों का क्लबVodafone Idea Share: 50% टूट सकता है शेयर, ब्रोकरेज ने चेताया; AGR मामले में नहीं मिली ज्यादा राहत2026 में 1,00,000 के पार जाएगा सेंसेक्स ? एक्सपर्ट्स और चार्ट ये दे रहे संकेतसिगरेट पर एडिशनल एक्साइज ड्यूटी, 10% तक टूट ITC और गोडफ्रे फिलिप्स के शेयर; 1 फरवरी से लागू होंगे नियमहोटलों को एयरलाइंस की तरह अपनाना चाहिए डायनेमिक प्राइसिंग मॉडल: दीक्षा सूरीRBI की वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट, क्रिप्टो पर सतर्कता; CBDC को बढ़ावा

एल्सिड इन्वेस्टमेंट बना सबसे महंगा शेयर, MRF को पीछे छोड़ा

73,600 गुना उछाल के साथ शेयर मूल्य 2,36,250 रुपये पर बंद, एशियन पेंट्स में 2.95% हिस्सेदारी

Last Updated- October 29, 2024 | 11:02 PM IST
Stock market

एल्सिड इन्वेस्टमेंट अब सबसे महंगा शेयर बन गया है। कम चर्चित इस फर्म का शेयर मंगलवार को 2,36,250 रुपये पर बंद हुआ जिससे कंपनी का मूल्यांकन 4,725 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। यह टायर दिग्गज एमआरएफ से भी आगे निकल गया है। एमआरएफ का शेयर 122,577 रुपये पर बंद हुआ।

एल्सिड का शेयर पिछले एक साल से 3.21 रुपये पर स्थिर था और इसमें मुश्किल से ही कोई खरीदार या बिकवाल दिखता था। होल्डिंग कंपनियों (होल्डको) के शेयर की उचित कीमत की खोज के प्रयास में इस सप्ताह शेयर बाजारों ने विशेष कॉल ऑक्शन किया था।

इसके बाद से कंपनी के शेयर भाव में 73,600 गुना की तेजी आई। एशियन पेंट्स में कई ‘प्रमोटर’ इकाइयों में से एल्सिड इन्वेस्टमेंट को एक के तौर पर बताया गया है। देश की सबसे बड़ी पेंट कंपनी में इसकी 2.95 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जिसकी वैल्यू करीब 8,500 करोड़ रुपये है। एल्सिड की प्रति शेयर बुक वैल्यू 5,84,225 रुपये है।

First Published - October 29, 2024 | 11:02 PM IST

संबंधित पोस्ट