ऑक्सीजन संकट से जूझ रही दिल्ली सरकार को पहली बार मांग से ज्यादा ऑक्सीजन मिली है। सरकार का कहना है कि अगर इसी तरह रोजाना ऑक्सीजन मिलती रही तो दिल्ली में 9,500 ऑक्सीजन बेड तैयार हो सकते हैं। सरकार ने होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना संक्रमितों के लिए ऑक्सीजन की घर पर डिलिवरी की सुविधा शुरू की है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से दिल्ली के अंदर ऑक्सीजन की भारी कमी चल रही थी।
दिल्ली में आज जितने हमारे अस्पताल और हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर हैं उसे चलाने के लिए 700 टन ऑक्सीजन की प्रतिदिन जरूरत है, लेकिन अभी तक दिल्ली को किसी दिन 300, किसी दिन 350, किसी दिन 400 और किसी दिन 450 टन ऑक्सीजन मिल रही थी। इस वजह से अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी हो रही थी। लेकिन पहली बार दिल्ली को 730 टन ऑक्सीजन केंद्र सरकार ने भेजी है। एक दिन में 700 टन ऑक्सीजन आने से काम नहीं चलेगा, हमें प्रतिदिन 700 टन ऑक्सीजन की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर दिल्ली को 700 टन ऑक्सीजन प्रतिदिन मिलती है, तो दिल्ली के अंदर सरकार 9,000 से 9,500 ऑक्सीजन बेड तुरंत तैयार कर सकती है। दिल्ली में ऑक्सीजन की होम डिलिवरी की सुविधा भी शुरू की गई है।