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Dogs Breeds: अब इन 23 कुत्तों की नस्लों को नहीं पाल पाएंगे आप! सरकार ने लगाया प्रतिबंध

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केंद्र सरकार ने यह भी कहा है कि जिन लोगों के पास पहले से ही इन 23 नस्लों के कुत्ते हैं, उन्हें आगे प्रजनन को रोकने के लिए उनकी नसबंदी करानी चाहिए।

Last Updated- March 14, 2024 | 7:01 PM IST
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पालतू कुत्तों के हमलों की बढ़ती घटनाओं के बीच केंद्र सरकार ने राज्यों को निर्देश दिया है कि वे पिटबुल टेरियर, अमेरिकन बुलडॉग, रॉटवीलर और मास्टिफ़्स सहित 23 नस्लों के कुत्तों की बिक्री और ब्रीडिंग पर प्रतिबंध लगाएं। राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जारी निर्देश लोगों को पालतू जानवरों के रूप में इन 23 नस्लों के कुत्तों को रखने से रोकते हैं।

केंद्र सरकार ने यह भी कहा है कि जिन लोगों के पास पहले से ही इन 23 नस्लों के कुत्ते हैं, उन्हें आगे प्रजनन को रोकने के लिए उनकी नसबंदी करानी चाहिए।

पशुपालन और डेयरी विभाग को नागरिकों, नागरिक मंचों और पशु कल्याण संगठनों से इस संबंध में शिकायत प्राप्त हुई है। इन शिकायत में कुत्तों की कुछ नस्लों को पालतू जानवर के रूप में रखने और अन्य उद्देश्यों के लिए बैन करने की मांग की गई है।

विशेषज्ञों की एक समिति ने कुत्तों की 23 नस्लों को क्रूर और मानव जीवन के लिए खतरनाक माना है। इन नस्लों में मिश्रित और क्रॉस नस्लें भी शामिल हैं। इन नस्लों में पिटबुल टेरियर, टोसा इनु, अमेरिकन स्टैफोर्डशायर टेरियर, फिला ब्रासीलीरो, डोगो अर्जेंटीनो, अमेरिकन बुलडॉग, बोअरबोएल कांगल, मध्य एशियाई शेफर्ड डॉग और कोकेशियान शेफर्ड डॉग शामिल हैं।

Also Read: Human Development Index: भारत ने मानव विकास सूचकांक की रैंकिंग में किया सुधार, लैंगिक असमानता भी हुई कम

अन्य नस्लों में दक्षिण रूसी शेफर्ड डॉग, टॉर्नजैक, सरप्लानिनैक, जापानी टोसा और अकिता, मास्टिफ, टेरियर्स, रोडेशियन रिजबैक, वुल्फ डॉग, कैनारियो, अकबाश डॉग, मॉस्को गार्ड डॉग, केन कोर्सो और बैंडोग शामिल हैं।

लेटर में विशेषज्ञ पैनल की सिफारिशों का हवाला देते हुए कहा गया है कि विशेषज्ञ पैनल की सिफारिशों के अनुसार, कुत्तों की कुछ नस्लों (क्रॉसब्रीड सहित) को भारत में आयात, प्रजनन, पालतू जानवरों के रूप में बेचने और अन्य उद्देश्यों के लिए प्रतिबंधित किया जाएगा।

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First Published - March 14, 2024 | 6:27 PM IST

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