ई-कॉमर्स दिग्गज फ्लिपकार्ट ने अपना आपूर्ति शृंखला ढांचा मजबूत बनाने के लिए अदाणी समूह के साथ रणनीतिक और व्यावसायिक साझेदारी की है। फ्लिपकार्ट के ग्राहक तेजी से बढ़ रहे हैं और इस गठजोड़ से उसे अपने ग्राहकों को सेवा प्रदान करने की क्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी।
साझेदारी के तहत अदाणी की लॉजिस्टिक्स इकाई मुंबई में प्रस्तावित अपने लॉजिस्टिक्स केंद्र में 5.34 लाख वर्ग फुट का फुलफिलमेंट सेंटर (गोदाम) बनाएगी और उसे पट्टे पर फ्लिपकार्ट को दे देगी। ई-कॉमर्स कंपनी को इससे पश्चिम भारत में बढ़ती मांग पूरी करने में मदद मिलेगी।
अत्याधुनिक तकनीक वाला यह गोदाम 2020 की तीसरी तिमाही में शुरू होने की उम्मीद है। इसमें किसी भी वक्त विक्रेताओं का 1 करोड़ नग सामान रखा जा सकेगा। एमएसएमई और विक्रेताओं की मदद के लिए फ्लिपकार्ट की आपूर्ति शृंखला को मजबूती प्रदान करने के साथ ही यह केंद्र स्थानीय स्तर पर रोजगार भी पैदा करेगा। इससे 2,500 लोगों को प्रत्यक्ष और हजारों लोगों को परोक्ष रोजगार मिल सकता है। फ्लिपकार्ट देश में निजी क्लाउड अपनाने की अपनी योजना के तहत अदाणी के चेन्नई केंद्र अदाणी कनेक्स में तीसरा डेटा सेंटर भी विकसित कर रही है।
अदाणी की डेटा सेंटर और लॉजिस्टिक्स कारोबार में बड़ा निवेश करने की योजना है। फ्लिपकार्ट के साथ इस साझेदारी से दोनों कारोबारों के लिए दिग्गज ग्राहकों को साथ लाने में मदद मिलेगी। समूह वारबर्ग पिनकस जैसे वैश्विक निवेशकों से भी निवेश आकर्षित कर रहा है। वारवर्ग पिनकस ने हाल ही में अदाणी के पोर्ट कारोबार में हिस्सेदारी खरीदी है। इस साझेदारी के तहत अदाणी समूह अपने लॉजिस्टिक्स तथा डेटा सेंटर कारोबार में और भी वैश्विक ग्राहकों को आकर्षित करने की उम्मीद कर रहा है। अदाणी पोट्र्स ऐंड स्पेशल इकनॉमिक जोन (एपीएसईजेड) के मुख्य कार्याधिकारी करण अदाणी ने कहा, ‘भारत के दो तेजी से विकास कर रहे कारोबारों को एक बेहद महत्वपूर्ण और अत्याधुनिक बुनियादी ढांचा विकसित करने के लिए हाथ मिलातेत देख हमें बहुत खुशी है। इस तरह के बुनियादी ढांचे की देश को जरूरत है। यह आत्मनिर्भर भारत से जुड़ा है।’
फ्लिपकार्ट समूह के मुख्य कार्याधिकारी कल्याण कृष्णमूर्ति ने कहा, ‘हम अपने ग्राहकों को देश भर के विक्रेताओं के तमाम तरह के उत्पाद उपलब्ध कराने पर ध्यान दे रहे हैं और इन्हें किफायती बनाए रखने के लिए लगातार नए तरीके अपना रहे हैं। इस निवेश से हमें एमएसएमई की मदद के लिए अपनी क्षमता बढने में मदद मिलेगी और रोजगार के भी अवसर पैदा होंगे।’इस साझेदारी के साथ ही फ्लिपकार्ट के देश भर में कुल 60 गोदाम हो जाएंगे। हालांकि फ्लिपकार्ट ने अपने अन्य गोदामों के बारे में जानकारी देने से इनकार कर दिया। अदाणी समूह ने भी सौदे के बारे में ज्यादा विवरण नहीं दिया।
फॉरेस्टर के विश्लेषक संजीव कुमार ने कहा, ‘महामारी के कारण ई-कॉमर्स कंपनियों को लॉजिस्टिक्स समस्या के कारण उत्पादों की आपूर्ति करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ा है। छोटे शहरों में भी ई-कॉमर्स की मांग बढ़ रही है, जिसे देखते हुए फ्लिपकार्ट ने यह साझेदारी की है। उदाहरण के तौर पर महमारी से पहले किराना कारोाबर में फ्लिपकार्ट की मौजूदगी अपेक्षाकृत कम थी लेकिन कंपनी इस श्रेणी में तेजी से विस्तार कर रही है। स्मार्टफोन और घरेलू उपकरणों की मांग छोटे और मझोले शहरों में भी बढ़ रही है और इन मांग को पूरा करने के लिए कंपनी को बड़े गोदामों की जरूरत है।’
अदाणी समूह के साथ साझेदारी के अलावा फ्लिपकार्ट कोलकाता के बाहरी इलाके में 600 से 1,000 करोड़ रुपये की लागत से एकीकृत लॉजिस्टिक केंद्र बना रही है। यह केंद्र इसी साल तैयार हो जाएगा।