कंपनियां

दूरसंचार विभाग का प्रस्ताव: BSNL के 23,000 नए बेस स्टेशन बनेंगे, निजी कंपनियों से मुकाबले की तैयारी

इस विस्तार से कुल बेस स्टेशन की संख्या 1,23,000 हो जाएगी। एक सूत्र ने यह भी बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल के पास प्रस्ताव भेजा गया है ताकि अतिरिक्त धन की जरूरत पूरी हो सके

Published by
गुलवीन औलख   
Last Updated- December 24, 2025 | 10:11 PM IST

भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) की बेस स्टेशन क्षमता को आगामी वित्त वर्ष में लगभग एक-चौथाई तक बढ़ाने के लिए दूरसंचार विभाग ने सरकार से मंजूरी मांगी है। सूत्रों के अनुसार सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार सेवा प्रदाता कंपनी की 23,000 अतिरिक्त बेस स्टेशन साइट तैयार करने का प्रस्ताव है। इस विस्तार से कुल बेस स्टेशन की संख्या 1,23,000 हो जाएगी। एक सूत्र ने यह भी बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल के पास प्रस्ताव भेजा गया है ताकि अतिरिक्त धन की जरूरत पूरी हो सके।

एक सूत्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, ‘बीएसएनएल निजी दूरसंचार कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा कर सके, इसके लिए प्रभावी तरीका कवरेज का विस्तार करना है। ऐसे में 23,000 और बेस स्टेशन स्थापित करने की योजना है। अभी, हमारे पास लगभग एक लाख साइट हैं। निजी कंपनियों के पास 3,50,000 से अधिक हैं। इसलिए अंतर काफी ज्यादा है।’ हालांकि प्रस्ताव को अभी मंत्रिमंडल से हरी झंडी नहीं मिली है। एक दूसरे

सूत्र ने कहा, ‘बीएसएनएल का कायापलट हो गया है। जमीन से भी उसे आय हो रही है। लेकिन अगर तेजी से आगे बढ़ने के लिए मंत्रिमंडल की मंजूरी जरूरी होगी।’ संचार एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री पेम्मासानी चंद्र शेखर ने इस महीने की शुरुआत में लोकसभा को एक प्रश्न के उत्तर में बताया कि 31 अक्टूबर तक बीएसएनएल ने 4जी और 5जी सेवाएं देने के लिए नियोजित एक लाख साइटों में से कुल 97,068 4जी बेस स्टेशन साइट स्थापित की हैं और इनमें से 93,511 साइट चालू थीं।

अतिरिक्त धन दूरसंचार कंपनी की 47,000 करोड़ रुपये की पूंजीगत व्यय योजना का हिस्सा होगा। इसकी घोषणा सरकार ने अगस्त में आगामी वित्तीय वर्ष के लिए की थी और इसका उद्देश्य 4जी से 5जी तक कवरेज बढ़ाना है। दूरसंचार विभाग ने संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का हवाला देते हुए कहा, ‘हमारे पास बीएसएनएल के लिए लगभग 47,000 करोड़ रुपये की एक और पूंजीगत व्यय योजना है। इस बीच, बीएसएनएल ने पिछले वर्ष के दौरान 25,000 करोड़ रुपये का अब तक का सबसे अधिक पूंजीगत व्यय किया है।’

इस साल अगस्त में, राज्य मंत्री ने लोकसभा में एक अलग जवाब में कहा था कि सरकार ने 2025 में बीएसएनएल के लिए 6,982 करोड़ रुपये के अतिरिक्त पूंजीगत व्यय समर्थन को मंजूरी दी है। यह मंजूरी 3.22 लाख करोड़ रुपये की पूंजीगत व्यय सहायता के अलावा थी जो सरकार ने 2019 से कई किस्तों में दी है। इसमें 2022 में 1.64 लाख करोड़ रुपये और 2023 में 89,000 करोड़ रुपये के 4जी और 5जी स्पेक्ट्रम का आवंटन शामिल है।

First Published : December 24, 2025 | 10:01 PM IST