facebookmetapixel
Advertisement
सरकार लाई नया Tax Amendment Bill, गिफ्ट सिटी, विदेशी निवेश कोष और डेटा सेंटर को मिलेंगी टैक्स में छूटManufacturing PMI जुलाई में पांच साल के निचले स्तर पर, कमजोर मांग और बिक्री से सुस्त पड़ा विनिर्माण क्षेत्रFCNR(B) जमा बढ़ने से बैंकों की CD पर निर्भरता घटी, जुलाई में 95 हजार करोड़ रुपये जुटाएकांग्रेस ने मुझे रोका नहीं होता तो मैं भारत का मूल सुधारक होता, 1991 के बजट भाषण में मेरे बजट के कई अंश: यशवंत सिन्हासड़क हादसे रोकने के लिए सरकार का बड़ा कदम, नए दोपहिया और चारपहिया वाहनों में V2V सिस्टम होगा जरूरीटैक्स दबाव के बाद आईटीसी में सुधार के संकेत, शेयर 4% चढ़कर पहुंचा ₹292.50छात्र प्रदर्शन मामलों पर सुप्रीम कोर्ट ने अपना रुख किया साफ, गंभीर अपराध छोड़ बाकी छात्रों को मिलेगी राहतउपचुनाव में भाजपा को बड़ा झटका, बांकीपुर में प्रशांत किशोर की ऐतिहासिक जीत, दतिया भी नहीं जीत सकी BJPअल-नीनो और कमजोर मॉनसून के बीच पानी पर बढ़ी सियासत, कावेरी से महानदी तक फिर गरमाए राज्यों के विवादक्लोजिंग ऑक्शन से बाजार हैरान, सेंसेक्स 544 अंक चढ़ा तो निफ्टी में 391 अंकों की बढ़त

लेखक : सुब्रत पांडा

आज का अखबार, बीमा, वित्त-बीमा

बीमा क्षेत्र को 50,000 करोड़ की अतिरिक्त पूंजी की जरूरत

देश में बीमा की पहुंच दोगुनी करने के लिए मौजूदा बीमा कंपनियों की ओर से हर साल 50,000 करोड़ रुपये अतिरिक्त पूंजी लगाने की जरूरत है। बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण के चेयरमैन देवाशिष पांडा ने शुक्रवार को कहा कि यह मुनाफे के इस्तेमाल व नए निवेश दोनों तरीकों से हो सकता है। बीमा से […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

IRDAI के दिशानिर्देश के मुताबिक मूल्यांकन में संशोधन : Axis बैंक

बीमा नियामक IRDAI की फटकार के बाद निजी क्षेत्र के ऐक्सिस बैंक ने मंगलवार को कहा कि उसने मैक्स फाइनैंशियल सर्विसेज के साथ संशोधित करार किया है, जिसके जरिए वह मैक्स लाइफ इंश्योरेंस की बाकी 7 फीसदी इक्विटी का अधिग्रहण उचित बाजार कीमत पर करेगा। इसमें आयकर नियम 1962 के नियम 11 यूए के मुताबिक […]

अर्थव्यवस्था, आज का अखबार

2022 में UPI से लेनदेन का बना रिकॉर्ड

भारत का प्रमुख भुगतान मंच यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) ने कैलेंडर वर्ष के अंत में यानी दिसंबर में 12.82 लाख करोड़ रुपये के 7.82 अरब लेनदेन किए। यह एक रिकॉर्ड भी है। भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) के जारी आंकड़ों के अनुसार देश का खुदरा डिजिटल भुगतान नवंबर की तुलना में दिसंबर में लेनदेन की […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

दोबारा KYC के लिए बैंक जाना जरूरी नहीं

भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने स्पष्ट किया है कि यदि जानकारी में कोई परिवर्तन नहीं होता है, तो ग्राहकों को बैंक शाखा जाकर दोबारा KYC (अपने ग्राहकों को जाने) कराने की आवश्यकता नहीं है। इसके साथ ही पता भी अद्यतन कराने के लिए बैंक शाखा जाने की जरूरत नहीं है। बैंकों को सूचित किया गया […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

आईडीबीआई बैंक में सरकारी हिस्सेदारी पर सेबी ने माना सरकार का अनुरोध

बाजार नियामक ने आईडीबीआई बैंक में सरकारी हिस्सेदारी को सार्वजनिक शेयरधारिता के तौर पर दोबारा वर्गीकृत करने के सरकारी अनुरोध को मंजूर कर लिया है। लेकिन यह हिस्सेदारी बिक्री के बाद होगा। बैंक ने गुरुवार को स्टॉक एक्सचेंजों को भेजी अधिसूचना में यह जानकारी दी है। इसके साथ शर्त है कि बैंक में सरकार का […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

तीसरी तिमाही में निजी बैंकों की आय मजबूत रहने के आसार

निजी क्षेत्र के बैंकों द्वारा वित्त वर्ष 2023 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के दौरान आय में मजबूत वृद्धि दर्ज किए जाने की संभावना है। उनकी आय को मजबूत ऋण वृद्धि, मार्जिन में बढ़ोतरी, ऋण लागत में कमी, और कम प्रावधान संबं​धित खर्च से मदद मिलेगी। हालांकि व्यवसायों में निवेश की वजह से परिचालन लागत ऊंची बनी […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

एचडीएफसी बैंक में ऋण से ज्यादा जमा

निजी क्षेत्र के देश के सबसे बड़े कर्जदाता एचडीएफसी बैंक ने वित्त वर्ष 23 में अक्टूबर-दिसंबर के दौरान पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 19.5 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की है। बैंक द्वारा दिया गया कुल कर्ज बढ़कर 15.07 लाख करोड़ रुपये हो गया है। घरेलू खुदरा ऋण में 21.5 प्रतिशत और वाणिज्यिक और […]

आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

कर्ज देने में आगे निकलीं एनबीएफसी

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के क्षेत्रवार ऋण वितरण के नवंबर 2022 के आंकड़ों से पता चलता है कि सेवा क्षेत्र को कर्ज देने में गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियां (एनबीएफसी) अन्य कर्जदाताओं से आगे निकल गई हैं। हाल के आंकड़ों के मुताबिक 18 नवंबर तक सेवा क्षेत्र को दिया गया कुल कर्ज 33.15 लाख करोड़ रुपये […]

अर्थव्यवस्था, आज का अखबार, विशेष

नोटबंदी के प्रभाव का आकलन

सर्वोच्च न्यायालय ने सोमवार को यह फैसला दिया कि नोटबंदी अतार्किक नहीं थी। यह ‘आनुपातिकता के परीक्षण’ पर खरी उतरती है। बिज़नेस स्टैंडर्ड ने 8 नवंबर, 2016 की आधी रात से 500 और 1000 रुपये के नोटों को अमान्य करार देने के सरकार के फैसले के प्रभाव का विश्लेषण किया। साल 2017-18 और 2021-22 के […]

अर्थव्यवस्था, आज का अखबार, बैंक, वित्त-बीमा

NPA 10 साल में सबसे कम

सितंबर 2022 में बैंकों के शुद्ध गैर-निष्पादित आस्तियों (NPA)  और शुद्ध आवंटन अनुपात में कमी आई है। मुनाफा बढ़ने से बैंकों को एनपीए के लिए प्रावधान बढ़ाने में मदद मिली है। इस वजह से आलोच्य अवधि में यह अनुपात कम होकर 1.3 प्रतिशत रह गया, जो 10 वर्षों का सबसे निचला स्तर है। भारतीय रिजर्व […]

1 58 59 60 61 62
Advertisement
Advertisement