आज का अखबार

भारत में एआई इम्पैक्ट समिट, छह प्रधानमंत्री और सात राष्ट्रपति करेंगे मंथन; 45 देशों की भागीदारी

एआई शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने आ रही दिग्गज हस्तियों में मैक्रों और लूला भारत की राजकीय यात्रा पर होंगे, जबकि अन्य कार्य-यात्रा पर होंगे।

Published by
अर्चिस मोहन   
Last Updated- February 13, 2026 | 11:31 PM IST

भारत एआई इम्पैक्ट समिट में कम से कम छह प्रधानमंत्री, सात राष्ट्रपति और दो उपराष्ट्रपति शामिल हो सकते हैं। आगामी 16 से 20 फरवरी तक आयोजित होने वाले इस महत्त्वपूर्ण शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और ब्राजील के लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा जैसी हस्तियां भी भारत आ रही हैं। इसके अतिरिक्त, 45 से अधिक देशों के मंत्री स्तरीय प्रतिनिधिमंडल शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनिया गुटेरेस और कई अंतरराष्ट्रीय संगठनों के वरिष्ठ अधिकारी भी इसका हिस्सा होंगे।

यह सम्मेलन तीन सूत्रों- लोग, ग्रह और प्रगति पर आधारित है, जो एआई (आर्टिफिशल इंटेलिजेंस) पर सहयोग के लिए भारत के दृष्टिकोण को परिभाषित करते हैं। इस कार्यक्रम में अनेक वैश्विक नेता, नीति निर्माता, नवाचार उद्यमी और दुनिया भर के विशेषज्ञ एआई के भविष्य की राह पर विचार-मंथन करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 19 फरवरी को आधिकारिक तौर पर शिखर सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे और नेताओं का पूर्ण सत्र 20 फरवरी को होगा। इसमें इन नेताओं का एक साझा घोषणा पत्र जारी किया जाएगा।

एआई शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने आ रही दिग्गज हस्तियों में मैक्रों और लूला भारत की राजकीय यात्रा पर होंगे, जबकि अन्य कार्य-यात्रा पर होंगे। इस कार्यक्रम के लिए भारत आने वाले अन्य राष्ट्राध्यक्षों और सरकार के प्रमुखों में भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे, बोलिविया के उपराष्ट्रपति एडमंड लारा मोंटानो, क्रोएशिया के प्रधानमंत्री आंद्रेज प्लेनकोविच, एस्टोनियाई राष्ट्रपति अलार करिस, फिनलैंड के प्रधानमंत्री पेटेरी ओर्पो और ग्रीस के प्रधानमंत्री किरियाकोस मित्सोटाकिस हैं।

इनके अलावा गुयाना के उपराष्ट्रपति भरत जगदेव, कजाकिस्तान के प्रधानमंत्री ओल्जास बेक्टेनोव, लिंकटेशटाइन के हेरेडिटरी प्रिंस एलोइस, मॉरीशस के पीएम नवीनचंद्र रामगुलाम, सर्बियाई राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वूसिक, स्लोवाकियाई राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी, स्पेन के राष्ट्रपति पेड्रो सांचेज पेरेज-कैस्टेजोन, श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके, सेशेल्स के उपराष्ट्रपति सेबेस्टियन पिल्लै, स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय परमेलिन और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री डिक स्कूफ भी इस महत्त्वपूर्ण एआई समिट में विचार मंथन में हिस्सा लेंगे। विदेश मंत्रालय ने कहा कि अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नहयान भी आएंगे। यही नहीं,रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन के आर्थिक सलाहकार और राष्ट्रपति प्रशासन के उप प्रमुख मैक्सिम ओरेशकिन के शिखर सम्मेलन में रूसी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने की संभावना है।

यह समिट ग्लोबल साउथ का अब तक का सबसे बड़ा एआई सम्मेलन होगा। इसका उद्देश्य पश्चिम के व्यापक प्रौद्योगिकी वर्चस्व वाले तंत्र से अलग एआई ढांचे को आकार देना है। इसमें यह भी मंथन किया जाएगा कि एआई किस प्रकार ग्लोबल साउथ की प्रगति में भागीदार बन सकता है। आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि नेताओं के पूर्ण सत्र के बाद जारी किए जाने वाले संयुक्त घोषणापत्र में इस मुद्दे पर ग्लोबल साउथ की चिंताओं और अपेक्षाओं को दर्शाया जाएगा और आगे का रास्ता क्या हो, यह भी प्रस्ताव रखा जाएगा।

First Published : February 13, 2026 | 11:10 PM IST