Stock Market Closing Bell, 22 July: एशियाई बाजारों में मिलेजुले रुख के बीच भारतीय शेयर बाजार मंगलवार (22 जुलाई) को उतार-चढ़ाव वाले कारोबार में लाल निशान में बंद हुए। चौतरफा बिकवाली के बावजूद चुनिंदा स्टॉक्स में एक्शन से बाजार लगभग सपाट बंद हुआ। निवेशकों ने अलग-अलग कंपनियों की तरफ जारी किए गए जून तिमाही के नतीजों पर प्रतिक्रिया व्यक्त की।
तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) आज 300 से ज्यादा अंक चढ़कर 82,527.43 पर खुला। कारोबार के दौरान यह 82,538.17 अंक के इंट्रा-डे हाई और 82,110 अंक के लो लेवल तक गया। अंत में यह 13.53 अंक या 0.02 फीसदी की गिरावट लेकर 82,186.81 पर बंद हुआ।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) भी तेजी के साथ 25,166 अंक पर ओपन हुआ। कारोबार के दौरान यह 25,182 अंक के हाई लेवल और 25,035 अंक ले लो लेवल तक गया। अंत में यह 29.80 अंक या 0.12 फीसदी की मामूली गिरावट के साथ 25,060 पर क्लोज हुआ।
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड में रिसर्च प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ”बाजार का ध्यान तिमाही नतीजों पर है, जो बैंकिंग शेयरों में कुछ तेज़ी के बाद हाल ही में धीमी पड़ गई थी। शुक्रवार और सोमवार को देखी गई सकारात्मकता अमेरिकी व्यापार समझौते की महत्वपूर्ण 1 अगस्त की समयसीमा से पहले कम हो गई। पहली तिमाही की आय में वृद्धि मौजूदा प्रीमियम वैल्यूएशन को बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण बिंदु होगी।”
उन्होंने कहा, ”विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की तरफ से लगातार मुनाफ़ावसूली से नीचे की ओर दबाव बढ़ रहा है। जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) से लगातार निवेश पहली तिमाही के नतीजों और व्यापार समझौते के प्रति सकारात्मक रुझान के साथ एक सीमित दायरे में कारोबार को सहारा दे सकता है।”
फूड एग्रीगेटर जोमैटो की मूल कंपनी इटरनल के शेयर मंगलवार को बाजार खुलते ही बीएसई पर 10 फीसदी चढ़ गए। कंपनी के शेयरों में यह तेजी जून तिमाही नतीजे जारी करने के बाद आई है। इटरनल का वित्त वर्ष 26 की पहली तिमाही का मुनाफा सालाना आधार पर 90.11 प्रतिशत घटकर 25 करोड़ रुपये रह गया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 253 करोड़ रुपये था। तिमाही आधार पर लाभ 39 करोड़ रुपये से 35.8 प्रतिशत कम रहा। इस तिमाही में कंपनी का राजस्व पिछले साल की तुलना में 70.3 प्रतिशत बढ़कर 7,167 करोड़ रुपये हो गया, जो एक साल पहले 4,206 करोड़ रुपये था। पिछली तिमाही में राजस्व 5,833 करोड़ रुपये था।
सेंसेक्स की कंपनियों में टाटा मोटर्स, अदाणी पोर्ट्स, भारतीय स्टेट बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज और आईटीसी सबसे ज़्यादा गिरावट में रहने वाले शेयरों में रहे। दूसरी तरफ, इटरनल, टाइटन, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, हिंदुस्तान यूनिलीवर और मारुति सुजुकी सबसे ज़्यादा बढ़त में रहने वाले शेयर रहे।
वहीं, निफ्टी 50 में शामिल 33 शेयरों में गिरावट और 16 में तेजी दर्ज की गई। इटरनल (ज़ोमैटो), एचडीएफसी लाइफ, हिंडाल्को, टाइटन और बीईएल सबसे ज़्यादा लाभ में रहे। जबकि श्रीराम फाइनेंस, आयशर मोटर्स, जियो फाइनेंस, अदानी पोर्ट्स और बजाज ऑटो सबसे ज़्यादा गिरने वाले शेयरों में रहे।
सेक्टोरल मोर्चे पर आज सभी सेक्टर गिरावट के साथ बंद हुए। निफ्टी मीडिया सबसे ज़्यादा गिर। इसके बाद पीएसयू बैंक, फार्मा, रियल्टी, ऑटो, आईटी, एफएमसीजी, ऑयल एंड गैस, हेल्थकेयर और मेटल में 2.3 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई। ब्रोडर मार्केटस में निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 0.61 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप 100 0.34 प्रतिशत गिरकर बंद हुआ।
एशियाई बाजारों में मंगलवार को तेजी देखी गई। यह वॉल स्ट्रीट में सोमवार को आई बढ़त से प्रेरित थी। अमेरिका के प्रमुख इंडेक्स रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए। निवेशक टैरिफ संबंधी चिंताओं के बावजूद कॉर्पोरेट आय के बारे में आशावादी बने रहे।
जापान में सप्ताहांत में हुए चुनावों के बाद बाज़ारों के फिर से खुलने पर शेयर बाज़ारों में तेज़ी देखी गई। इसमें सत्तारूढ़ दल ने उच्च सदन में अपना बहुमत खो दिया था। जापान का निक्केई इंडेक्स 1 प्रतिशत ऊपर था। जबकि ब्रोडर टॉपिक्स इंडेक्स 0.60 प्रतिशत बढ़ा। दक्षिण कोरिया के कोस्पी में 0.05 प्रतिशत की वृद्धि हुई। वहीं, एएसएक्स 200 बेंचमार्क में 0.12 प्रतिशत की वृद्धि हुई।
वॉल स्ट्रीट पर एसएंडपी 500 और नैस्डैक कंपोजिट सोमवार को दिन के कारोबार में मज़बूत तेज़ी के साथ नए रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुए। एसएंडपी 500 सोमवार को 0.14 प्रतिशत बढ़कर 6,305.60 पर और नैस्डैक 0.38 प्रतिशत बढ़कर 20,974.17 पर पंहुच गया। हालांकि, डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज में थोड़ी गिरावट आई और यह 0.04 प्रतिशत गिरकर 44,323.07 पर बंद हुआ।