Stock Market Closing Bell, 13 November: वैश्विक बाजारों से मिलेजुले रुख के बीच भारतीय शेयर बाजार गुरुवार (13 नवंबर) को उतार-चढ़ाव वाले सेशन में लगभग सपाट बंद हुए। हरे निशान में खुलने के बाद बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। मेटल और फार्मा शेयरों में खरीदारी से बाजार में मजबूती मिली। लेकिन आईटी और सरकारी बैंकिंग शेयरों में बिकवाली ने नेगेटिव असर डाला।
तीस शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) सकारात्मक रुख के साथ 84,525.89 अंक पर खुला। खुलते ही लाल निशान में फिसल गया। कारोबार के दौरान यह 84,919 अंक तक चढ़ गया था। लेकिन अंत में यह 12.16 अंक या 0.01 फीसदी की मामूली बढ़त के साथ 84,478.67 पर बंद हुआ।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) भी मजबूती के साथ खुला और खुलते ही लाल निशान में फिसल गया। हालांकि, कारोबार आगे बढ़ने के साथ इंडेक्स में मजबूती देखने को मिली। लेकिन अंत में यह 3.35 अंक या 0.01% की बढ़त के साथ 25,879.15 पर सपाट बंद हुआ।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स में रिसर्च हेड विनोद नायर ने कहा, ”शेयर बाजार सकारात्मक सत्र के बाद लगभग सपाट बंद हुआ। मुनाफावसूली ने शुरुआती बढ़त को दबा दिया। वैश्विक और घरेलू दोनों मोर्चों से मिले उत्साहजनक संकेतों के बावजूद कारोबार के अंत में दबाव बढ़ा। बाजार धारणा को अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा शटडाउन खत्म करने के लिए शॉर्ट टर्म फंडिंग बिल पर हस्ताक्षर करने और भारत के लिए शुल्क राहत की उम्मीदों ने सहारा दिया।”
उन्होंने कहा, ”अक्टूबर की रिकॉर्ड-निम्न मुद्रास्फीति के आंकड़ों ने आरबीआई के दरों में कटौती की उम्मीदों को मजबूत किया। इससे मेटल और रियल्टी जैसे ब्याज से जुड़े सेक्टर निवेशकों के लिए आकर्षक बने। हालांकि, एफआईआई की लगातार बिकवाली और कमजोर रुपये के बीच ऊपरी स्तरों पर मुनाफावसूली देखने को मिली। बिहार चुनाव परिणामों से पहले निवेशकों की सतर्कता के कारण बेंचमार्क इंडेक्स अंत तक लगभग बिना बदलाव के बंद हुए।”
सेंसेक्स की कंपनियों में एशियन पेंट्स, आईसीआईसीआई बैंक और पावर ग्रिड के शेयर सबसे ज्यादा लाभ में रहे। जबकि इटरनल, टाटा मोटर्स कमर्शियल व्हीकल्स (टीएमसीवी) और एमएंडएम प्रमुख रूप से गिरावट में रहे। एनएसई पर एशियन पेंट्स, हिंडाल्को और इंडिगो शीर्ष लाभ में रहे। जबकि इटरनल, टीएमसीवी और एमएंडएम शीर्ष नुकसान में रहे।
ब्रोडर इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 0.35 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ। जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 0.37 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ।
सेक्टोरल मोर्चे पर निफ्टी मेटल, फार्मा और रियल्टी क्रमशः 0.44 प्रतिशत, 0.41 प्रतिशत और 0.42 प्रतिशत की बढ़त के साथ शीर्ष पर रहे। दूसरी तरफ, दूसरी ओर, निफ्टी पीएसयू बैंक इंडेक्स 0.68 प्रतिशत की गिरावट के साथ सबसे ज्यादा नुकसान में रहा।
एशियाई बाजार गुरुवार को ऊंचाई पर कारोबार कर रहे थे। जबकि वॉल स्ट्रीट में मिले-जुले रुझान देखने को मिले। निवेशक वाशिंगटन में हो रहे घटनाक्रमों पर करीब से नजर रख रहे हैं। संकेत मिल रहे हैं कि अमेरिकी सरकार इस सप्ताह के अंत तक दोबारा खुल सकती है। इस बीच, जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 0.4 प्रतिशत और दक्षिण कोरिया का कोस्पी 0.3 प्रतिशत बढ़ा, जबकि हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स 0.2 प्रतिशत नीचे था।
बुधवार को अमेरिकी इक्विटी बाजार मिलेजुके रुख के साथ बंद हुए। निवेशकों ने हाई वैल्यूएशन वाले टेक शेयरों से दूरी बनाते हुए लंबे समय से जारी अमेरिकी सरकारी शटडाउन के संभावित समाधान पर ध्यान केंद्रित किया। प्रतिनिधि सभा सरकार को दोबारा खोलने के लिए एक अस्थायी फंडिंग बिल पर मतदान की तैयारी कर रही थी, जिससे अमेरिकी इतिहास के सबसे लंबे शटडाउन का अंत होने की उम्मीद बनी। एसएंडपी 500 लगभग सपाट रहते हुए हल्की बढ़त के साथ बंद हुआ, नैस्डैक कंपोज़िट 0.26 प्रतिशत गिरा, जबकि डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज 0.68 प्रतिशत चढ़ा।