प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ऐसेट मैनेजमेंट कंपनी ने शुक्रवार को खुलने वाले अपने 10,600 करोड़ रुपये के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए 2,061 रुपये से 2,165 रुपये प्रति शेयर का कीमत दायरा तय किया है। इस दायरे के ऊपरी स्तर पर देश की सबसे बड़ी ऐसेट मैनेजर कंपनी का मूल्यांकन 1.07 लाख करोड़ रुपये होगा।
यह पेशकश पूरी तरह से ब्रिटेन की प्रूडेंशियल का बिक्री प्रस्ताव (ओएफएस) है। उसके पास अभी आईसीआईसीआई बैंक के साथ इस संयुक्त उद्यम की 49 फीसदी हिस्सेदारी है। आईपीओ के माध्यम से वैश्विक वित्तीय सेवा क्षेत्र की इस प्रमुख कंपनी का लक्ष्य 10 फीसदी हिस्सेदारी बेचना है। बाकी 51 फीसदी हिस्सेदारी आईसीआईसीआई बैंक के पास बनी रहेगी। हिस्सेदारी बिक्री से प्रूडेंशियल को भारी लाभ हो सकता है। उसकी 10 फीसदी हिस्सेदारी की उस समय लागत महज 10 करोड़ रुपये थी।
ऐसेट मैनेजर ने स्पष्ट किया कि आईसीआईसीआई बैंक का कंपनी में अपनी हिस्सेदारी कम करने का कोई इरादा नहीं है। आईपीओ से पहले निजी क्षेत्र का यह बैंक प्रूडेंशियल से अतिरिक्त 3 फीसदी हिस्सेदारी खरीदेगा। न्यूनतम सार्वजनिक शेयरधारिता मानदंडों को पूरा करने के लिए जरूरी हिस्सेदारी बिक्री पूरी तरह से प्रूडेंशियल द्वारा की जाएगी।
यह 2025 का चौथा सबसे बड़ा आईपीओ होगा और किसी भी भारतीय वित्तीय सेवा कंपनी का पूंजी बाजार में किए गए सबसे बड़े आगाज में से एक होगा। आईपीओ शुक्रवार को आवेदन के लिए खुलेगा और 16 दिसंबर को बंद होगा। एंकर निवेशक गुरुवार को बोली लगा सकेंगे।
यह मेगा पेशकश कैलेंडर वर्ष 2025 में आईपीओ के जरिये जुटाई गई रकम को करीब 1.75 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचा देगी। इस तरह पिछले साल के करीब 1.6 लाख करोड़ रुपये के मुख्य प्लेटफॉर्म वाले आईपीओ के आंकड़े को पार करते हुए नया रिकॉर्ड बनेगा। इस साल कई बड़े आईपीओ आए हैं, जिनमें टाटा कैपिटल (15,500 करोड़ रुपये), एचडीबी फाइनैंशियल सर्विसेज (12,500 करोड़ रुपये) और एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया (11,607 करोड़ रुपये) के आईपीओ शामिल हैं।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एएमसी की लिस्टिंग आईसीआईसीआई समूह की सार्वजनिक बाजार में 5वीं शुरुआत होगी। आईसीआईसीआई समूह की पिछली लिस्टिंग में आईसीआईसीआई बैंक, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस, आईसीआईसीआई लोम्बार्ड जनरल इंश्योरेंस और आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज शामिल हैं। इनमें से आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज अब असूचीबद्ध हो चुकी है।
यह भारत में सूचीबद्ध होने वाली 5वीं ऐसेट मैनेजमेंट कंपनी होगी। अन्य सूचीबद्ध एएमसी में एचडीएफसी एएमसी, निप्पॉन लाइफ इंडिया ऐसेट मैनेजमेंट, यूटीआई एएमसी और आदित्य बिड़ला सन लाइफ एएमसी शामिल हैं। एचडीएफसी एएमसी का मौजूदा मूल्यांकन 1.09 लाख करोड़ रुपये है।
एएमसी आमतौर पर कम संपत्ति- ज्यादा मार्जिन वाले मॉडल पर काम करती हैं, जिससे लाभप्रदता के आंकड़े मजबूत रहते हैं। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एएमसी ने वित्त वर्ष 2025 में 83 फीसदी का असाधारण रिटर्न ऑन इक्विटी दर्ज किया जो उसकी प्रतिस्पर्धी अधिकांश सूचीबद्ध कंपनियों से कहीं बेहतर है। उसी साल इसने 4,683 करोड़ रुपये के राजस्व पर 2,650 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित किया जबकि उसकी प्रबंधनाधीन परिसंपत्तियां (एयूएम) एक साल पहले के 6.5 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 9.1 लाख करोड़ रुपये हो गईं।
कंपनी ने रिकॉर्ड 18 निवेश बैंकों को बुक रनर के रूप में नियुक्त किया है जिनमें सिटीबैंक, आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज, मॉर्गन स्टैनली और गोल्डमैन सैक्स शामिल हैं।