facebookmetapixel
Advertisement
Eternal Share Price: तिमाही नतीजों के बाद चमका Eternal का शेयर! ब्रोकरेज भी बुलिश, 40% तक तेजी की उम्मीदNew Brezza 2026: कॉम्पैक्ट SUV सेगमेंट में नई ब्रेजा देगी टक्कर! पहली बार कार खरीदने वालों पर मारुति का दांवसोना-चांदी की तेजी पर लगा ब्रेक, जानें आज कितने गिरे भावप्रधानमंत्री मोदी का पेपर लीक पर बड़ा ऐलान, दोषियों को सजा देने बनाएंगे फास्ट-ट्रैक कोर्टहाई-टेक स्टार्टअप के लिए कमजोर रही वीसी फंडिंग, क्या Semicon 2 के बाद बदलेगा माहौल?TVS Motor ने बनाया ग्लोबल ग्रोथ रोडमैप, अफ्रीका और यूरोप पर रहेगा फोकसबाजार की गिरावट में FMCG अकेला क्यों बचा? Nestle पर ब्रोकरेज रिपोर्ट में छिपा है जवाबभारत की रिन्यूएबल एनर्जी कैपेसिटी में बड़ी छलांग, एक साल में दोगुनी बढ़कर 47 लाख मेगावॉट हुईगिग वर्कर्स के लिए सामाजिक सुरक्षा की तैयारी, कंपनियों में अनुपालन को लेकर असमंजसDelhi Metro Updates: सुरक्षा कारणों से दिल्ली मेट्रो के 16 स्टेशन बंद, चेक करें डीटेल

OPEC+ की बैठक से पहले Crude Prices में हो गया ये चेंज

Advertisement

ब्रेंट क्रूड वायदा 0.5% गिरकर $64.42 प्रति बैरल पर पहुंच गया, वहीं अमेरिकी वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड लगभग 0.5% गिरकर $61.23 प्रति बैरल पर रहा।

Last Updated- May 27, 2025 | 8:23 PM IST
Crude Oil
प्रतीकात्मक तस्वीर

मंगलवार को वैश्विक बाजारों में तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई, क्योंकि ऐसी उम्मीद जताई जा रही है कि OPEC+ इस सप्ताह होने वाली बैठक में उत्पादन बढ़ाने का निर्णय ले सकता है। हालांकि, व्यापार तनाव में कमी के कारण बाजार को आंशिक रूप से समर्थन भी मिला।

ब्रेंट क्रूड वायदा 31 सेंट यानी 0.5% गिरकर $64.42 प्रति बैरल पर पहुंच गया, जबकि अमेरिकी वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड 30 सेंट या लगभग 0.5% गिरकर $61.23 प्रति बैरल पर रहा।

बुधवार को होगी OPEC+ की बैठक

OPEC+ (पेट्रोलियम निर्यातक देशों का संगठन और उसके सहयोगी) की बुधवार को होने वाली बैठक में कोई बड़ी नीति में बदलाव की संभावना नहीं है। हालांकि, शनिवार को होने वाली बैठक में जुलाई के लिए उत्पादन में तेजी से वृद्धि पर सहमति बनने की उम्मीद जताई जा रही है।

ALSO READ: Indigo पर कस्टम विभाग का एक्शन, शेयर 2% गिरे

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा यूरोपीय संघ के साथ व्यापार वार्ता को 9 जुलाई तक बढ़ाने के फैसले ने तत्काल टैरिफ लागू होने की आशंका को कम कर दिया है, जिससे ईंधन की मांग पर दबाव भी कम हुआ है।

वहीं, ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु समझौते को लेकर जारी अनिश्चितता ने बाजार की धारणा को थोड़ा बुलिश (उत्साहित) बनाए रखा है। अगर वार्ता विफल रहती है, तो ईरान पर प्रतिबंध जारी रह सकते हैं, जिससे वैश्विक बाजार में ईरानी तेल आपूर्ति सीमित रहेगी।

ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने सोमवार को कहा कि अगर अमेरिका के साथ परमाणु कार्यक्रम को लेकर बातचीत विफल भी हो जाती है, तो भी ईरान अपने दम पर स्थिति का सामना कर सकता है।

क्या कहते हैं एक्सपर्ट

SEB के विश्लेषक ओले ह्वालबाई का कहना है कि तेल आपूर्ति में वृद्धि पहले से ही बाजार में आंशिक रूप से शामिल हो चुकी है।

UBS विश्लेषक जियोवानी स्टौनोवो के अनुसार, जब तक OPEC+ की शनिवार की बैठक से कोई स्पष्ट निर्णय नहीं आता, तब तक कीमतों में बहुत अधिक बढ़त की संभावना सीमित है। हालांकि, व्यापार तनाव में कमी से सकारात्मक असर पड़ा है।

(एजेंसी इनपुट के साथ) 

लो-एश मेट कोक पर आयात प्रतिबंध बढ़ाने के पक्ष में स्टील मंत्रालय 

समय से पहले बारिश से प्याज की कीमतों में आग, मंडियों में घटी आवक; एक हफ्ते में ₹300 क्विंटल तक बढ़े दाम

Advertisement
First Published - May 27, 2025 | 8:17 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement