facebookmetapixel
Advertisement
अगर युद्ध एक महीने और जारी रहा तो दुनिया में खाद्य संकट संभव: मैट सिम्पसनहोर्मुज स्ट्रेट खुला लेकिन समुद्री बीमा प्रीमियम महंगा, शिपिंग लागत और जोखिम बढ़ेपश्चिम एशिया युद्ध का भारत पर गहरा असर, रियल्टी और बैंकिंग सेक्टर सबसे ज्यादा दबाव मेंगर्मी का सीजन शुरू: ट्रैवल और होटल कंपनियों के ऑफर की बाढ़, यात्रियों को मिल रही भारी छूटबाजार में उतार-चढ़ाव से बदला फंडरेजिंग ट्रेंड, राइट्स इश्यू रिकॉर्ड स्तर पर, QIP में भारी गिरावटपश्चिम एशिया संकट: MSME को कर्ज भुगतान में राहत पर विचार, RBI से मॉरेटोरियम की मांग तेजRCB की बिक्री से शेयरहोल्डर्स की बल्ले-बल्ले! USL दे सकती है ₹196 तक का स्पेशल डिविडेंडतेल में बढ़त से शेयर और बॉन्ड में गिरावट; ईरान का अमेरिका के साथ बातचीत से इनकारगोल्डमैन सैक्स ने देसी शेयरों को किया डाउनग्रेड, निफ्टी का टारगेट भी घटायाकिधर जाएगा निफ्टीः 19,900 या 27,500; तेल और भू-राजनीति तनाव से तय होगा रुख

Tata Power DDL के ‘स्मार्ट ग्रिड लैब’ को मिली मान्यता तीन साल के लिए बढ़ी

Advertisement

Tata Power DDL की स्मार्ट ग्रिड लैब राजधानी के रोहिणी इलाके में स्थित है। इसे 2021 में ‘इन-हाउस’ अनुसंधान एवं विकास इकाई के तौर पर पहली बार मान्यता प्रदान की गई थी।

Last Updated- August 30, 2023 | 6:57 PM IST
यूपी विधानसभा का मॉनसून सत्र शुरू, विपक्ष ने बिजली संकट पर हंगामा किया Monsoon session of UP Assembly begins, opposition creates ruckus over power crisis

Tata Power DDL: निजी क्षेत्र की बिजली वितरण कंपनी टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रिब्यूशन लि. (Tata Power DDL) के स्मार्ट ग्रिड लैब को ‘इन-हाउस’ अनुसंधान एवं विकास इकाई के तौर पर मिली मान्यता तीन साल के लिये बढ़ा दी गई है। वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान विभाग ने Tata Power DDL के स्मार्ट ग्रिड लैब का ‘इन-हाउस’ शोध एवं विकास (R&D) इकाई के तौर पर नवीनीकरण करते हुए इसकी अवधि मार्च, 2026 तक बढ़ा दी है।

कंपनी ने बुधवार को एक बयान में कहा, ‘‘विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधीन आने वाले वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान विभाग (DSIR) ने उसके स्मार्ट ग्रिड लैब को ‘इन-हाउस’ अनुसंधान एवं विकास इकाई के तौर पर मिली मान्यता की अवधि तीन साल के लिये बढ़ा दी है।’’ मान्यता के नवीनीकरण से कंपनी अपनी अनुसंधान एवं विकास गतिविधियों के लिये जरूरी उत्पादों और उपकरणों का आयात शून्य शुल्क पर कर सकेगी। लेकिन इस छूट के लिये जरूरी है कि उन उपकरणों और उत्पादों का उपयोग अनुसंधान कार्यों के लिये हो।

Also read: Tata Power Q1 Results: शानदार तिमाही नतीजों से Tata Power के शेयर में दम, 5 प्रतिशत बढ़ा रेवेन्यू

रोहिणी में है Tata Power DDL की स्मार्ट ग्रिड लैब

Tata Power DDL की स्मार्ट ग्रिड लैब राजधानी के रोहिणी इलाके में स्थित है। इसे 2021 में ‘इन-हाउस’ अनुसंधान एवं विकास इकाई के तौर पर पहली बार मान्यता प्रदान की गई थी। इस ‘लैब’ को यह दर्जा भागीदारी, विकसित उत्पादों, अनुसंधान एवं विकास को लेकर ढांचागत सुविधाएं, उपकरणों की लागत समेत कई अन्य मानकों की कड़ी मूल्यांकन प्रक्रिया के आधार पर दिया गया था।

इस बारे में Tata Power DDL के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) गणेश श्रीनिवासन ने कहा, ‘’हमारी लैब को ‘इन-हाउस’ अनुसंधान एवं विकास इकाई के तौर पर मान्यता को आगे बढ़ाना अनुसंधान, परस्पर भागीदारी तथा नई प्रक्रियाओं एवं उत्पादों के विकास को लेकर हमारी प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है…।’’ Tata Power DDL दिल्ली के उत्तरी भाग में करीब 70 लाख आबादी को बिजली वितरित करती है।

Advertisement
First Published - August 30, 2023 | 6:57 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement