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मंदी में भी लहराया भारती का परचम

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Last Updated- December 10, 2022 | 1:26 AM IST

भारत की सबसे बड़ी निजी टेलीकॉम कंपनी भारती एयरटेल के मुताबिक उसके और उसके निकटतम प्रतिद्वंद्वी के उपभोक्ताओं के बीच मौजूद अंतर दोगुना हो चुका है।
बिजनेस स्टैंडर्ड से बात करते हुए भारती ग्रुप के मुखिया सुनील भारती मित्तल ने बताया कि, ‘मंदी के इस दौर में भी हम आगे ही बढ़ते जा रहे हैं। इस वक्त करीब नौ करोड़ उपभोक्ता भारती एयरटेल की सेवाओं का लाभ उठा रहे हैं। इसके साथ ही हमारे निकटतम प्रतिद्वंद्वी और हमारे उपभोक्ताओं के बीच मौजूद अंतर 1-1.2 करोड़ से बढ़ कर 2.5 करोड़ हो गया है।’
उन्होंने कहा कि, ‘सिर्फ उपभोक्ताओं के मामले में ही नहीं, बल्कि कमाई के मामले में भी हम कहीं आगे निकल चुके हैं। आज इस बाजार की 30 फीसदी कमाई पर हमारा कब्जा है।’ कंपनी अब 3जी सेवाओं को भी लॉन्च करने की तैयारी कर रही है।
उसके मुताबिक अगर उसे इसके लिए स्पेक्ट्रम मिल जाता है, तो वह अगले छह महीने में 3जी सेवाओं को लॉन्च कर देगी। गौरतलब है कि 3जी स्पेक्ट्रम की नीलामी इस वक्त अनिश्चितकाल के लिए टाल दी गई है क्योंकि इसके लिए रिजर्व प्राइस और ब्लॉकों को लेकर विवाद खड़ा हो गया था।
एक तरफ तो दूरसंचार विभाग (डीओटी) ने देश भर के लिए 3जी स्पैक्ट्रम को लेकर रिजर्व प्राइस 2,020 करोड़ रुपये रखी थी, लेकिन वित्त मंत्रालय ने इसकी कीमत को दोगुना करने को कहा है।
मित्तल ने कहा कि, ‘अगर इसे लेकर उत्साह बनाना है, तो इसकी कीमत को भी उचित बनाए रखना होगा। अगर रिजर्व प्राइस को काफी ऊंचा रखा गया तो इसे लेकर काफी ज्यादा उत्साह नहीं होगा। 

साथ ही, सरकार के पास सौदे को रद्द करने का अधिकार भी है। अगर कीमतों को उचित स्तर पर रखा जाता है, तो हम हर जगह के लिए बोली लगा पाएंगे। हमारे पास इसके वास्ते पूरे पैसे हैं। 

लेकिन अगर कर्ज लेने की जरूरत पड़ी तो हम इससे भी नहीं हिचकेंगे। 3जी स्पेक्ट्रम को लॉन्च करने के लिए हमें बड़ी रकम की जरूरत होगी।’
बहरहाल, उन्होंने कहा है कि सरकार ने देश में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को लेकर कायदे-कानूनों को ढील दी है, लेकिन कंपनी की इस वक्त पैसे उगाहने की कोई योजना नहीं है। 

उनका कहना था, ‘आसानी से समझ आ सकने वाली नीति काफी अच्छी होती है, लेकिन हमारी इस वक्त रकम जुटाने की कोई जरूरत नहीं है। इसलिए हम इस बारे में कुछ भी नहीं कहना पसंद करेंगे। वैसे, मित्तल देसी मोबाइल ऑपरेटरों में इजाफे और सीडीएमए ऑपरेटरों के जीएसएम बाजार में उतरने से भी रत्ती भर भी नहीं चिंतित दिखे।
उन्होंने कहा, ‘इस बाजार में नए आने वालों को मोटा निवेश करना पड़ेगा। इसलिए हमें इस बारे में अभी इतंजार करना पड़ेगा। हमारा ब्रांड काफी मजबूत है और हमारी कीमतें काफी कम हैं। इसलिए नए खिलाड़ियों के आने से इस बाजार का आकार ही बढ़ेगा, जो हम सभी के अच्छा होगा।’

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First Published - February 17, 2009 | 11:10 PM IST

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