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एक्सचेंज में 40 फीसदी से ज्यादा शेयर नहीं ले सकती इंडियाबुल्स

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Last Updated- December 07, 2022 | 12:03 PM IST

वायदा कारोबार को नियंत्रित करने वाली शीर्ष संस्था वायदा बाजार आयोग (फॉरवर्ड मार्केट कमीशन; एफएमसी) ने इंडियाबुल्स फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड और एमएमटीसी से कहा है कि वे प्रस्तावित राष्ट्रीय स्तर के चौथे इंटरनेशनल कमोडिटी एक्सचेंज में अपनी हिस्सेदारी को नए सिरे से व्यवस्थित करें।


इसके लिए इन दोनों कंपनियों को एक महीने की मोहलत दी गई है। एफएमसी के अध्यक्ष बी.सी. खटुआ ने बताया कि इंडियाबुल्स को एक महीने के भीतर प्रस्तावित कमोडिटी एक्सचेंज में अपनी हिस्सेदारी घटाकर 40 फीसदी करनी होगी। इंडियाबुल्स ने प्रस्तावित कमोडिटी एक्सचेंज में 74 फीसदी हिस्सेदारी के लिए प्रस्ताव रखा था। शेष 26 फीसदी के लिए एमएमटीसी ने प्रस्ताव दिया था।

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First Published - July 19, 2008 | 12:10 AM IST

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