नौकरी डॉट कॉम की मूल कंपनी इन्फो एज देश के आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) और डीप-टेक तंत्र के शुरुआती समर्थकों में से एक के रूप में उभरी है। कंपनी साल 2020 से 50 से अधिक स्टार्टअप कंपनियों में 1,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश कर चुकी है।
शेयरधारकों के लिखे पत्र में इन्फो एज ने कहा कि उसने अब तक 28 एआई स्टार्टअप कंपनियों में 614 करोड़ रुपये और 30 डीप-टेक स्टार्टअप कंपनियों में 455 करोड़ रुपये का निवेश किया है। कंपनी ने यह जानकारी सोमवार को शेयर बाजार को भी भेजी है।
इसके एआई पोर्टफोलियो में उद्यम एआई, उपभोक्ता एआई और एआई अवसंरचना के क्षेत्र में काम करने वाली कंपनियां शामिल हैं। फिलहाल 614 करोड़ रुपये के निवेश के मुकाबले इस पोर्टफोलियो का मूल्य 1,268 करोड़ रुपये है। यानी निवेश की गई पूंजी पर 2.1 गुना मल्टीपल और लगभग 31 प्रतिशत की अनुमानित सकल आंतरिक रिटर्न दर (आईआरआर)।
दूसरी ओर डीप-टेक पोर्टफोलियो में रोबोटिक्स, सेमीकंडक्टर, स्पेस-टेक, बायो-टेक और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी स्टार्टअप कंपनियां शामिल हैं। इस पोर्टफोलियो का मूल्य 455 करोड़ रुपये के निवेश के मुकाबले 559 करोड़ रुपये है। यानी निवेश का 1.2 गुना मल्टीपल है और इसका अनुमानित सकल आईआरआर लगभग 15 प्रतिशत है। इन सभी क्षेत्रों में इन्फो एज और उसके द्वारा प्रबंधित वैकल्पिक निवेश फंडों (एआईएफ) ने 135 स्टार्टअप कंपनियों में लगभग 4,900 करोड़ रुपये लगाए हैं। इस पोर्टफोलियो का मौजूदा मूल्य लगभग 41,300 करोड़ रुपये है।
कंपनी ने कहा, ‘हमारा मानना है कि भविष्य में मूल्य सृजित करने का काम मुख्य रूप से तीन थीम – एआई, डीप-टेक और उपभोक्ता तकनीक से होगा क्योंकि एआई से स्टार्टअप और पहले से स्थापित इंटरनेट कारोबारों, दोनों में ही बड़े बदलाव आने की उम्मीद है। हमारी नजर में भारत एक ऐसे दौर में प्रवेश कर रहा है जहां वैश्विक स्तर पर प्रासंगिक तकनीकी कंपनियां अधिकाधिक भारत में ही बनेंगी, वे केवल भारत के लिए नहीं होंगी।’
इन्फो एज के अनुसार उसकी 28 एआई स्टार्टअप कंपनियों में से 15 और 30 डीप-टेक स्टार्टअप कंपनियों में से 13 ने पहले ही इनसाइट पार्टनर्स, पीक 15, एसआईजी, वर्टेक्स जैसी निवेशकों से फॉलो-ऑन फंडिंग के दौर में रकम जुटा ली है।
इन्फो एज ने यह भी बताया कि उसकी कई पोर्टफोलियो कंपनियों को सरकारी कार्यक्रमों के तहत भी मदद मिली है।