facebookmetapixel
Advertisement
देशव्यापी बैंक हड़ताल में शामिल हुए लाखों कर्मचारी, चेक क्लियरेंस और नकद लेन-देन सेवा हुई प्रभावितशेयर बाजार में लगातार 5वें हफ्ते भी हाहाकार, कच्चे तेल की आग और FII की बिकवाली से सेंसेक्स-निफ्टी पस्तटोल प्लाजा के चक्कर से मिलेगी मुक्ति! बोले गडकरी: बैरियर फ्री टोलिंग से ₹10,000 करोड़ बढ़ेगा राजमार्ग संग्रहदिल्ली में सजा ‘ब्रिक्स बाजार’, एक छत के नीचे दिखा 18 देशों की कला, हस्तशिल्प और संस्कृति का अनूठा संगम‘राजनीतिक झटकों से बचाएगा स्थानीय मुद्रा में व्यापार’, ब्रिक्स में बोले ईरानी राष्ट्रपति पेजेश्कियानयूपी में 6,566 करोड़ का निवेश करेंगी तीन वैश्विक पैकेजिंग कंपनियां, मेरठ-उन्नाव में लगेंगी यूनिट‘दुनिया में रुकावटें तो भारत बना रहा आर्थिक पुल’, ब्रिक्स बिजनेस फोरम में बोले PM मोदी: व्यापार बाधाएं खत्म करें देश‘AI दोधारी तलवार, सुरक्षा उपायों के बिना बेकाबू होने का खतरा’, निर्मला सीतारमण ने जताई चिंता‘टैरिफ व संरक्षणवाद वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए गंभीर खतरा’, ब्रिक्स देशों ने कहा: ये WTO नियमों के खिलाफनई दिल्ली में ब्रिक्स-भारत इनोवेट्स प्रदर्शनी, 37 स्वदेशी डीप-टेक स्टार्टअप कर रहे निवेशकों से पर चर्चा

लेखक : बीएस संपादकीय

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

ऊर्जावान हो साझेदारी

केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने गत सप्ताह अमेरिका की वाणिज्य मंत्री जीना रायमोंडो से मुलाकात की। यह बातचीत दोबारा शुरू हुए भारत-अमेरिका वाणिज्यिक संवाद के एक हिस्से के रूप में आयोजित की गई। इस बैठक से जहां कुछ ठोस निकलकर नहीं आया, वहीं इस बात को एक सकारात्मक संकेत माना जाना चाहिए कि कम […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

परिवर्तन की अपेक्षा

मुद्रास्फीति के खिलाफ छिड़ी लड़ाई अधिकांश केंद्रीय बैंकों के अनुमान से कहीं अधिक लंबी चलने की संभावना है। फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल ने इस सप्ताह सीनेट की बैंकिंग समिति के सामने सुझाव दिया कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक शायद नीतिगत दरों में 50 आधार अंक का और इजाफा करने की तैयारी कर सकता है। […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

बरकरार रहे निष्पक्षता

सर्वोच्च न्यायालय के पांच न्यायाधीशों के संविधान पीठ ने गत सप्ताह सर्वसम्मति से उस विषय पर फैसला सुनाया जिसे ‘संवैधानिक निर्वात’ माना जाता रहा है। परंतु न्यायालय ने इसे दूर करने के लिए जो तरीका अपनाया वह बुनियादी समस्या को हल नहीं कर सकता और इसे केवल अंतरिम हल के रूप में ही देखा जा […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

न्यूनतम हो इंटरनेट बंद

भारत लगातार पांचवें वर्ष इंटरनेट बंद करने के मामले में वैश्विक सूची में शीर्ष पर बना हुआ है। डिजिटल अधिकार संस्थान एक्सेस नाउ ने कीप इट ऑन के साथ गठजोड़ में जो सालाना रिपोर्ट जारी की है उसके मुताबिक वर्ष 2022 में भारत में आधिकारिक तौर पर 84 बार इंटरनेट बंद किया गया। सन 2016 […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

नियामकीय स्वतंत्रता

सर्वोच्च न्यायालय ने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) को मुश्किल हालात में डाल दिया है। सर्वोच्च न्यायालय ने गत सप्ताह एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया जिसकी अध्यक्षता सर्वोच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश अभय मनोहर सप्रे को सौंपी गई है। इस समिति को ‘हालात का समग्र आकलन करना है जिसमें वे प्रासंगिक कारक शामिल […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

पूर्वोत्तर का जनादेश

नगालैंड, मेघालय और त्रिपुरा में हुए विधानसभा चुनावों का ताल्लुक केवल चुनाव जीतने वालों से नहीं था बल्कि जो इन चुनावों में हारे हैं वे भी अहम राजनीतिक खिलाड़ी बन सकते हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने त्रिपुरा में सत्ता बरकरार रखी लेकिन वह टिपरा मोथा पार्टी (टीएमपी) को पराजित करने में नाकाम रही। टीएमपी […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

कमजोर संभावनाएं

रायपुर में हाल ही में संपन्न कांग्रेस पार्टी के 85वें पूर्ण अधिवेशन से ऐसे संकेत निकले कि 2024 के आम चुनाव में राहुल गांधी ही कांग्रेस पार्टी का चेहरा होंगे। इसके अलावा पार्टी ने एक ऐसा चुनावी मंच तैयार करने पर सहमति जताई जो न्यूनतम आय गारंटी कार्यक्रम (न्याय) तथा उद्योगपति गौतम अदाणी के साथ […]

आज का अखबार, लेख

एनएसओ आंकड़े : वृद्धि की चुनौती

राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) द्वारा मंगलवार को जारी किए गए राष्ट्रीय आय के आंकड़ों की कई वजहों से प्रतीक्षा थी। इन अनुमानों में चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर 2022) के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के अनुमान शामिल हैं। चालू वित्त वर्ष की दो आरंभिक तिमाहियों के सालाना वृद्धि के आंकड़े कमजोर आधार के […]

आज का अखबार, लेख, संपादकीय

रोजगार और भागीदारी

केंद्रीय सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय के अधीन आने वाले राष्ट्रीय नमूना सर्वेक्षण कार्यालय ने अपने सावधिक श्रम शक्ति सर्वेक्षण (पीएलएफएस) का सालाना सार-संक्षेप जारी कर दिया है। रिपोर्ट में जुलाई 2021 से जून 2022 के बीच की अवधि को शामिल किया गया है। इसका अर्थ यह है कि इसमें कोविड-19 की तबाही मचाने वाली […]

संपादकीय

केंद्रीय बजट तथा वृद्धि की प्रक्रिया

आम लोगों की बचत पर सरकार का नियंत्रण कम करने की आवश्यकता है ताकि मांग तथा निजी ऋण को बढ़ावा दिया जा सके। इस विषय में जानकारी दे रहे हैं नितिन देसाई केंद्रीय वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में सात ऐसे कार्य क्षेत्रों की ओर इशारा किया जिनके तहत करीब 100 नई पुरानी परियोजनाएं […]

1 106 107 108 109 110 114
Advertisement
Advertisement